शनिवार को नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के पहले चरण का उद्घाटन होगा। इससे वाणिज्य और संपर्क को बढ़ावा मिलेगा। यह दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (आइजीआइ) पर भीड़भाड़ कम करेगा। नोएडा हवाई अड्डा भारत की सबसे बड़ी नई हवाई अड्डा परियोजनाओं में से एक है।

3900 मीटर लंबी हवाई पट्टी

हवाईअड्डे के पहले चरण को सार्वजनिक-निजी भागीदारी माडल के तहत 11,200 करोड़ की लागत से विकसित किया गया है। इस हवाईअड्डे की यात्री संभालने की क्षमता शुरुआत में प्रतिवर्ष 1.2 करोड़ यात्रियों की होगी। पूरी तरह विकसित होने पर इसे बढ़ाकर प्रतिवर्ष सात करोड़ यात्रियों तक बढ़ाया जा सकेगा। हवाई अड्डे की विशेषताओं में 3,900 मीटर लंबा रनवे शामिल है, जो चौड़े आकार के विमानों को संभालने में सक्षम है।

आधुनिक नेविगेशन प्रणाली जैसे इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम और हर मौसम में चौबीसों घंटे संचालन के लिए उन्नत ‘एअरफील्ड लाइटिंग’ भी मौजूद है। हवाई अड्डे में एक मजबूत मालवाहक प्रणाली भी शामिल है। इसमें एक ‘मल्टी-मोडल कार्गो हब’ होगा जिसमें एकीकृत मालवाहन टर्मिनल एवं लाजिस्टिक क्षेत्र शामिल होंगे। माल ढुलाई सुविधा को प्रतिवर्ष 2.5 लाख टन से अधिक माल संभालने के लिए तैयार किया गया है जिसे बढ़ाकर 18 लाख टन तक किया जा सकता है। इसमें 40 एकड़ में फैली रखरखाव, मरम्मत व जीर्णोद्धार (एमआरओ) सुविधा शामिल है।

शुरू में 45 शहरों के लिए 65 उड़ानें

अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा से अप्रैल के अंत तक व्यावसायिक उड़ानों की शुरुआत की तैयारी है। शुरुआत में देश के 45 शहरों के लिए करीब 65 व्यवसायिक उड़ाने शुरू होंगी। जिसके तहत इंडिगो 45, अकासा सात और एयर इंडिया 13 उड़ानें शुरू करेंगी। सितंबर से अंतरराष्ट्रीय उड़ान शुरू करने की तैयारी है। इसके लिए एनआइए की कुछ यूरोप, पश्चिमी और पूर्वी एशिया और अमेरिकी देशों की विमानन कंपनियों से बात की जा रही है। टर्मिनल इमारत क्षेत्र 101590 वर्गमीटर का है। हवाई अड्डे को पूरी क्षमता से संचालित किए जाने पर यहां एक घंटे में करीब तीस विमान उतर और उड़ान भर सकेंगे। उद्घाटन के बाद तकनीकी टीम इसके लिए परीक्षण और आपरेशनल जांच उड़ान शुरू करेगी।

बुलेट ट्रेन व आरआरटीएस से भी जुड़ेगा

हवाई अड्डे को यमुना एक्सप्रेस-वे के करीब बनाया गया है, जो नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेस वे और आगरा को सीधे जोड़ता है। हवाई अड्डे को ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेस-वे से जोड़ा गया है। दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेस-वे से भी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को जोड़ा जा रहा है। हवाई अड्डे को खुर्जा-जेवर के बीच एनएच-91, समर्पित माल वाहक गलियारे के अलावा दिल्ली-वाराणसी के बीच प्रस्तावित हाई-स्पीड रेल गलियारे का एक स्टेशन भी इसके करीब ही प्रस्तावित है। साथ ही यमुना पुस्ता पर प्रस्तावित उपरिगामी मार्ग दिल्ली के एक हिस्से को हवाई अड्डे से सीधा जोड़ेगा। जबकि हवाई अड्डे तक सीधा संपर्क मार्ग स्थापित करने के लिए गाजियाबाद से 71.1 किलोमीटर लंबा आरआरटीएस बनाया जाएगा। जिस पर 11 स्टेशन होंगे। इस महत्वाकांक्षी परियोजना पर 16 हजार करोड़ रुपए खर्च होंगे।

सुरक्षा के कड़े इंतजाम, सात हजार जवान रहेंगे तैनात

उद्घाटन समारोह के दौरान प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री और राज्यपाल की मौजूदगी को देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा में सात हजार पुलिसकर्मी तैनात रहेंगे। जिसके लिए चार चरण का सुरक्षा घेरा होगा। कार्यक्रम स्थल तक जाने वाले रास्तों पर निगरानी रखने के लिए 300 उच्च गुणवत्ता वाले सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। प्रधानमंत्री की जनसभा में विभिन्न जनपदों से आने वाली करीब ढाई हजार से अधिक बस चालकों के पास गौतमबुद्ध नगर कलेक्ट्रेट के नियंत्रण कक्ष से फोन किए जाएंगे। इसके लिए जिला प्रशासन की ओर से छह टीमें बनाई गई हैं।

सुबह सात बजे से रात 11 बजे तक मालवाहक वाहनों पर रोक

हवाई अड्डे के उ्दघाटन के कारण नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेस वे, यमुना एक्सप्रेस वे और कार्यक्रम स्थल के आसपास की सड़कों पर सुबह सात से रात 11 बजे तक आपातकालीन वाहनों को छोड़कर सभी मालवाहक वाहनों का आवागमन प्रतिबंधित रहेगा। यातायात पुलिस ने मार्ग परिवर्तन के साथ पार्किंग की योजना भी जारी की है।

मेरठ और गाजियाबाद की ओर से आने वाले वाहन ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेस वे होकर सिरसा गोलचक्कर से डाढा गोलचक्कर, सुपरटेक गोलचक्कर से दाएं मुड़ेंगे। यहां से नट मढैया गोलचक्कर से होंडा सीएल चौक पुस्ता तिराहा (एटीएस) से बाएं घूमकर रनहेरा पुलिस चौकी के सामने बने अस्थायी गेट से प्रवेश कर निर्धारित सामान्य पार्किंग (मेरठ पी7 और गाजियाबाद पी छह) में वाहन पार्क कर कार्यक्रम स्थल जा सकेंगे।

नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का सफर: विचार से वास्तविकता तक

नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट
2001
जेवर में हवाईअड्डे का विचार तत्कालीन मुख्यमंत्री राजनाथ सिंह ने पहली बार रखा
2010
मुख्यमंत्री मायावती ने जेवर के पास ताज एविएशन हब का प्रस्ताव रखा
2012-16
अखिलेश यादव की सपा सरकार ने जेवर और आगरा में अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे पर चर्चा की
2017
योगी आदित्यनाथ की सरकार ने हवाईअड्डे के लिए स्थल मंजूरी हासिल की
2019
तकनीकी और आर्थिक नीलामी संपन्न, निर्माण कंपनी तय की गई
2021
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की नींव रखी
2026
28 मार्च को पीएम मोदी पहले चरण का उद्घाटन करेंगे
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