सावन में शिव भक्त भारत में मौजूद कई प्रसिद्ध ज्योतिर्लिंगों के दर्शन करने पहुंचते हैं। भारत की अलग-अलग जगहों पर 12 ज्योतिर्लिंग हैं, जहां भगवान शिव के दर्शन करने लाखों लोगों की कतारें लगती हैं। ओंकारेश्वर मंदिर भी इन्हीं ज्योतिर्लिंगों में शामिल है, जो चौथे नंबर पर आता है। अगर आप यहां दर्शन करने जा रहे हैं, तो आसपास की कुछ प्रसिद्ध जगहों को भी घूमने का प्लान कर सकते हैं।
ओंकारेश्वर मंदिर के दर्शन
ओंकारेश्वर मंदिर मध्य प्रदेश के खांड़वा जिले में नर्मदा नदी के किनारे स्थित है। यह मंदिर नदी के बीच बसे एक पवित्र द्वीप पर स्थित है, जो हिंदू धर्म के पवित्र चिन्ह ओम (ॐ) जैसा दिखता है। यही वजह है कि इसे ओंकारेश्वर कहा जाता है। नर्मदा नदी के घाट पर पहुंचकर आप पुल या नाव की मदद से मंदिर पहुंच सकते हैं। सावन के महीने में यहां काफी भीड़ मिलती है। अगर आप वीआईपी दर्शन करना चाहते हैं, तो ऑनलाइन बुकिंग कर सकते हैं। इसके अलावा ज्योतिर्लिंग के वर्चुअल दर्शन भी किए जा सकते हैं। यहां आप उज्जैन या इंदौर से आसानी से पहुंच सकते हैं। आप उज्जैन या इंदौर रात भर यात्रा करके सुबह ओंकारेश्वर मंदिर के दर्शन करने का प्लान कर सकते हैं।
ममलेश्वर मंदिर
ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग के दर्शन करने के बाद आप नर्मदा नदी के तट पर वापस आ जाएं। यहां पर आप ममलेश्वर मंदिर दर्शन करने जा सकते हैं। मान्यताओं के अनुसार ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग के दर्शन ममलेश्वर मंदिर के दर्शन के बिना अधूरे माने जाते हैं। इस मंदिर की वास्तुकला बहुत ही अद्भुत है। यहां आपको आध्यात्मिक शांति का अनुभव करने का मौका मिलेगा।
ओंकारेश्वर बांध
नर्मदा नदी पर स्थित यह बांध बहुत ही शानदार है। इसका निर्माण 2003 से 2007 के बीच में हुआ था। यहां से आप आसपास हरी-भरी पहाड़ियों के आकर्षक नजारे देख सकते हैं। अगर आपको प्रकृति के करीब रहना पसंद है, तो यह जगह आपको काफी पसंद आएगी।
गौरी सोमनाथ मंदिर
खजुराहो मंदिर जैसी समानता रखने वाला यह मंदिर बहुत ही खूबसूरत है। इस मंदिर में करीब 6 फीट का शिवलिंग है, जो काले पत्थर से बना है। इसके साथ ही इस मंदिर में मां पार्वती और भगवान शिव की मूर्ति एक साथ देखने को मिलती है।
श्री गोविंद भगवत्पात गुफा
ओंकारेश्वर मंदिर के पास स्थित यह जगह काफी पवित्र मानी जाती है। कहा जाता है कि इसी गुफा में शंकराचार्य को उनके गुरु गोविंद भगवत्पात मिले थे। यही वजह है कि यह जगह हिंदू धर्म मानने वाले लोगों के लिए पवित्र दर्शनीय स्थलों में शामिल है।
केदारेश्वर मंदिर
ओंकारेश्वर से करीब 4 किमी की दूरी पर स्थित यह मंदिर नर्मदा नदी के तट पर फैला हुआ है। यह मध्य प्रदेश के प्रसिद्ध मंदिरों में से एक है। इसकी वास्तुकला केदारनाथ मंदिर के समान है। इसका निर्माण 11वीं शताब्दी में परमार वंश के राजाओं द्वारा करवाया गया था।
