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Gandhi Jayanti 2018 Wishes Images, Quotes: गांधी जयंती पर दोस्तों को भेज‍ें ये खास मैसेजेज, स्टेट्स और इमेजेज

Gandhi Jayanti 2018 Quotes, Hindi Status, SMS, Messages in Hindi: गांधी को महात्मा के नाम से सबसे पहले 1915 में राजवैद्य जीवराम कालिदास ने संबोधित किया था। जबकि सुभाष चन्द्र बोस ने 6 जुलाई 1944 को रंगून रेडियो से गांधी जी के नाम से जारी प्रसारण में उन्हें राष्ट्रपिता कहकर सम्बोधित किया था।

2 अक्‍टूबर, 2018 को महात्‍मा गांधी की 150वीं जयंती है।

Gandhi Jayanti 2018 Wishes Images, Quotes, Hindi Status, SMS, Messages in Hindi: 2 अक्टूबर,2018 को राष्ट्रपिता महात्मा मोहनदास करमचंद गांधी जी की 150वीं जयंती मना रहे हैं। इस मौके पर पूरा देशभर में उन्हें सम्मान के साथ याद किया जाता है। दुनिया में उनके जन्मदिन को अंतरराष्ट्रीय अहिंसा दिवस के रूप में भी मनाया जाता है। उनका जन्म 1869 में गुजरात में हुआ था और 30 जनवरी 1948 को एक हिन्दू कट्टरपंथी ने उन्हें गोली मार दी थी। उन तीन गोलियों ने महात्मा के शरीर का तो अंत कर दिया लेकिन उनके विचार आज भी उतने ही समीचीन बने हुए हैं। नेल्सन मंडेला, मार्टिन लूथर किंग , बराक ओबामा और आंग सांग सू ची जैसे नेता महात्मा गांधी को अपना राजनीतिक प्रेरणास्रोत मानते हैं।

मोहनदास करमचन्द गांधी भारत एवं भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन के एक प्रमुख राजनैतिक एवं आध्यात्मिक नेता थे। वे सत्याग्रह (व्यापक सविनय अवज्ञा) के माध्यम से अत्याचार के प्रतिकार के अग्रणी नेता थे, उनकी इस अवधारणा की नींव सम्पूर्ण अहिंसा के सिद्धान्त पर रखी गयी थी। जिसने भारत को आजादी दिलाकर पूरी दुनिया में जनता के नागरिक अधिकारों एवं स्वतन्त्रता के प्रति आंदोलन के लिए प्रेरित किया। गांधी को महात्मा के नाम से सबसे पहले 1915 में राजवैद्य जीवराम कालिदास ने संबोधित किया था। जबकि सुभाष चन्द्र बोस ने 6 जुलाई 1944 को रंगून रेडियो से गांधी जी के नाम से जारी प्रसारण में उन्हें राष्ट्रपिता कहकर सम्बोधित किया था। उन्होंने महात्मा गांधी को आजाद हिंद फौज के सैनिकों के लिए उनका आशीर्वाद और शुभकामनाएं मांगी थीं।

महात्मा गांधी शायद दुनिया के पहले ऐसे राजनेता था जिसने ‘हिंसा’ को राजनीतिक बदलाव के लिए गैर-जरूरी माना। विश्व में बढ़ते असत्य और हिंसा को देखते हुए बापू की सत्य और अहिंसा की नीति पहले से ज्यादा प्रासंगिक हो चुकी है। गांधी जयंती के मौके पर आप भी उनके इन वचनों पर चिंतन-मनन कर सकते हैं। पसंद आने पर अपने मित्र-परिचितों को उनके वचन और तस्वीरें भेज सकते हैं।

– विश्व के सारे महान धर्म मानवजाति की समानता, भाईचारे और सहिष्णुता का संदेश देते हैं।

– अधिकारों की प्राप्ति का मूल स्रोत कर्तव्य है।

– अधभूखे राष्ट्र के पास न कोई धर्म, न कोई कला और न ही कोई संगठन हो सकता है।

– क्रोध को जीतने में मौन सबसे अधिक सहायक है।

– कायरता से कहीं ज्यादा अच्छा है, लड़ते-लड़ते मर जाना।

– काम की अधिकता नहीं, अनियमितता आदमी को मार डालती है।

– अहिंसा एक विज्ञान है। विज्ञान के शब्दकोश में ‘असफलता’ का कोई स्थान नहीं।

– उस आस्था का कोई मूल्य नहीं जिसे आचरण में न लाया जा सके।

– सार्थक कला रचनाकार की प्रसन्नता, समाधान और पवित्रता की गवाह होती है।

– एक सच्चे कलाकार के लिए सिर्फ वही चेहरा सुंदर होता है जो बाहरी दिखावे से परे, आत्मा की सुंदरता से चमकता है।

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