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सेहतः आंखों के नीचे धब्बे

आज हमारी लापरवाही की वजह से आंखों के नीचे काले धब्बे पड़ रहे हैं। कहते हैं न सावधानी हटी दुर्घटना घटी। यह चेतावनी केवल वाहनों के लिए नहीं, बल्कि हमारे शरीर के लिए भी सटीक बैठती है।

Author September 30, 2018 5:18 AM
बढ़ती उम्र भी आंखों के नीचे काले धब्बे का एक बड़ा कारण है। उम्र बढ़ने पर हमारी त्वचा पतली होती चली जाती है।

सुंदर आंखें स्वस्थ शरीर और खूबसूरती की निशानी होती हैं। आंखों की खूबसूरती को लेकर न जाने कितने गाने गाए और फिल्माए गए। मगर आज की पीढ़ी को आंखों की सुंदरता बनाए रखने के लिए बहुत जतन करने पड़ रहे हैं। क्योंकि आज हमारी लापरवाही की वजह से आंखों के नीचे काले धब्बे पड़ रहे हैं। कहते हैं न सावधानी हटी दुर्घटना घटी। यह चेतावनी केवल वाहनों के लिए नहीं, बल्कि हमारे शरीर के लिए भी सटीक बैठती है। आजकल चाहे युवा हों या बुजुर्ग अधिकतर की आंखों के नीचे काले धब्बे होते हैं। आंखों के नीचे कालापन बढ़ने के निम्न कारण हो सकते हैं।

खून की कमी

संतुलित आहार न लेने से शरीर में पोषक तत्त्वों की कमी हो जाती है। जिस वजह से आंखों के नीचे कालापन आ जाता है। आंखों के नीचे की त्वचा सबसे पतली होती है। अगर शरीर के ऊतकों को आॅक्सीजन न मिले, तो आंखों के नीचे काले धब्बे होने लगते हैं।

नियमित नींद

स्वस्थ शरीर के लिए पर्याप्त और नियमित नींद जरूरी है। नींद पूरी न होने से भी आंखों के नीचे काले धब्बे आ जाते हैं। आजकल यह बीमारी युवाओं में अधिक दिखाई देती है। बहुत ज्यादा सो लेना या बहुत कम सोना दोनों ही परेशानी का सबब बन सकते हैं। देर रात तक मोबाइल फोन चलाना और सुबह जल्दी उठने से नींद पूरी नहीं होती। इस वजह से भी आंखों के नीचे धब्बे पड़ते हैं।

बढ़ती उम्र

बढ़ती उम्र भी आंखों के नीचे काले धब्बे का एक बड़ा कारण है। उम्र बढ़ने पर हमारी त्वचा पतली होती चली जाती है। जिस वजह से चेहरे का खिंचाव कम हो जाता है। खिंचाव कम होने से रक्त वाहिकाएं काली दिखने लगती हैं और आंखों के नीचे का हिस्सा काला होने लगता है।

आंखों पर जोर

हाईटेक होती दुनिया में लोगों का अधिकतर समय कंप्यूटर, टेलीविजन और मोबाइल के साथ बीतता है। जितना अधिक समय संचार माध्यमों के इन उपकरणों पर बिताते हैं उतना ही अधिक आंखों पर जोर पड़ता है। इससे रक्त वाहिकाओं पर तनाव बढ़ता है। फिर काले धब्बे पड़ने शुरू हो जाते हैं।

निर्जलीकरण

जब शरीर को ठीक से पानी नहीं मिलता, तो आंखों के नीचे काले धब्बे पड़ने लगते हैं। निर्जलीकरण की वजह से आंखें थकान भरी और धंसी हुई दिखने लगती हैं। आंखों के नीचे काले धब्बे होने का एक कारण निर्जलीकरण भी है।

उपचार

यों तो आंखों के नीचे काले धब्बे हटाने का कोई उपचार नहीं है। लेकिन कुछ सावधानियां और खानपान का ध्यान रखने से समस्या से निपटा जा सकता है। आंखों के नीचे काले धब्बे खत्म करने के कुछ घरेलू उपाय निम्न हैं।

नारियल का तेल

नारियल का तेल एक आयुर्वेदिक औषधि है। यह कई बीमारियों में फायदा पहुंचाता है। अगर आपको आंखों के नीचे काले धब्बे खत्म करने हैं तो नारियल के तेल का प्रयोग करें। रात को काले घेरों पर नारियल के तेल की मालिश करें। इससे काले धब्बे खत्म होंगे।

नियमित नींद

कहते हैं, हर काम का समय तय है और उन्हें उसी समय पर करना चाहिए। जैसे खाने के समय पर खाना, पढ़ाई के समय पढ़ाई और सोने के समय सोना चाहिए। न कि पूरी रात फोन देख कर बितानी चाहिए। सात से आठ घंटे की नींद काले धब्बे खत्म करने में मदद करती है। साथ ही तनाव कम होता है और चेहरे पर चमक बढ़ती है।

टीबैग

टीबैग आंखों से घेरे हटाने में बहुत मदद करते हैं। चाय में कैफीन और एंटीआॅक्सीडेंट होते हैं, जो खून का बहाव बढ़ाने और रक्त वाहिकाओं को सिकोड़ती है। इससे आंखों के नीचे धब्बे नहीं पड़ते हैं। टीबैग को पंद्रह से बीस मिनट के लिए फ्रिज में रख दें उसके बाद दस से बीस मिनट के लिए आंखों पर टीबैग को रख लें। और ठंडे पानी से आंखों को धो लें। इससे भी आंखों पर फायदा होता है।

टमाटर

एक टमाटर, एक नींबू, बेसन और हल्दी का पेस्ट बना कर आंखों के चारों तरफ लगाएं। ऐसा हफ्ते में तीन बार करें। इससे काले घेरे खत्म होंगे।

चंदन का तेल

चंदन और जैतून का तेल काले घेरों पर लगाने से यह धीरे-धीरे खत्म हो जाते हैं।

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