Riniki Bhuyan Sarma Passport Controversy: असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा की पत्नी के खिलाफ लगाए गए आरोपों से जुड़े एक मामले में गुवाहाटी हाईकोर्ट द्वारा अग्रिम जमानत याचिका खारिज किए जाने के बाद कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है। खेड़ा ने रविवार को सुप्रीम कोर्ट में एक विशेष अनुमति याचिका दायर कर हाईकोर्ट के आदेश को चुनौती दी और इस मामले में गिरफ्तारी से सुरक्षा की मांग की।
इस याचिका में मुख्यमंत्री की पत्नी को निशाना बनाकर की गई पवन खेड़ा की टिप्पणियों के संबंध में दर्ज एफआईआर के सिलसिले में राहत की मांग की गई है।
हाईकोर्ट ने खारिज कर दी थी याचिका
24 अप्रैल को हाईकोर्ट ने उनकी याचिका खारिज कर दी। हाईकोर्ट ने कहा कि खेड़ा से हिरासत में पूछताछ करना जरूरी था ताकि उन व्यक्तियों का पता लगाया जा सके जिन्होंने उसे वे दस्तावेज उपलब्ध कराए थे जिनका उपयोग उसने यह दावा करने के लिए किया था कि असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा की पत्नी के पास तीन विदेशी पासपोर्ट और अमेरिका में एक कंपनी है।
अदालत ने टिप्पणी की कि अगर खेड़ा ने केवल मुख्यमंत्री के खिलाफ आरोप लगाए होते, तो इसे राजनीतिक बयानबाजी कहा जाता, लेकिन उन्होंने एक निर्दोष महिला को विवाद में घसीट लिया। अदालत ने कहा कि यह मानहानि का एक साधारण मामला नहीं है और यह भी कहा कि खेड़ा को अभी अपने दावों को साबित करना बाकी है।
पवन खेड़ा ने क्या आरोप लगाए थे?
कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने पांच अप्रैल को प्रेस कॉन्फ्रेंस में आरोप लगाया था कि असम के मुख्यमंत्री की पत्नी रिनिकी भुइयां सरमा के पास कई पासपोर्ट और विदेशी संपत्ति है, जिसे राज्य में नौ अप्रैल को होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए मुख्यमंत्री के चुनावी हलफनामे में घोषित नहीं किया गया है। सरमा दंपति ने इन आरोपों को खारिज किया था और इसे झूठा एवं मनगढंत बताया था। इन आरोपों को लेकर कांग्रेस नेता के खिलाफ गुवाहाटी क्राइम ब्रांच ने थाने में बीएनएस की धारा 175 (चुनाव के संबंध में झूठा बयान), 35 (निजी सुरक्षा के अधिकार) और 318 (धोखाधड़ी) के तहत मामला दर्ज किया गया।
रिनिकी भुइयां कितनी अमीर हैं?
रिनिकी के नाम पर गुवाहाटी में 22 हजार वर्ग फ़ीट से ज्यादा की जमीन है। उनके नाम पर एका एस्टेट्स एलएलपी का जिक्र भी इस हलफनामे में हैं। एका एस्टेट्स एलएलपी एक लिमिटेड लायबिलिटी पार्टनरशिप कंपनी है जिसे 25 दिसंबर 2020 को इनकॉरपोरेट किया गया था। पढ़ें पूरी खबर…
