सुनील गावस्कर वो नाम जिन्होंने अपने खेल के जरिए भारतीय क्रिकेट को आगे बढ़ाने का काम किया और विश्व स्तर पर टीम इंडिया को नई ऊंचाईयों पर पहुंचाने के काम किया। गावस्कर ने 22 साल की उम्र में भारत के लिए अपना पहला मैच खेला था और 13 साल तक टीम के लिए खेलते रहे। मैदान से रिटायर होने के बाद भी गावस्कर क्रिकेट से जुड़े रहे और वो अब बल्ले नहीं बल्कि अपनी बेहतरीन कमेंट्री के जरिए इस खेल की सेवा कर रहे हैं।

गावस्कर 77 साल के हो चुके हैं और पिछले 54 वर्षों से वो क्रिकेट में एक्टिव हैं जो साफ तौर पर इस खेल के प्रति उनके प्यार, जुनून और दीवानगी को जाहिर करता है। सुनील गावस्कर ने अपने खेल के जरिए ना जाने कितने युवाओं को प्रेरित किया जिन्होंने क्रिकेट को अपनाया और देश के लिए खेला भी। गावस्कर अपने आप में एक संस्थान हैं जिनसे आज भी भारतीय क्रिकेटर्स काफी कुछ सीखते हैं और उनका ये सफर जारी है।

गावस्कर ने बनाए थे 30 हजार रन, 86 शतक भी शामिल

सुनील गावस्कर का क्रिकेट करियर शानदार रहा। वो जिन दिनों खेला करते थे उन दिनों टेस्ट क्रिकेट को काफी तवज्जो दिया जाता था और उन्होंने दिखाया कि अगर जज्बा हो तो किस तरह से सफल हुआ जा सकता है। गावस्कर के आंकड़े भी साफ तौर पर दिखाते हैं कि वो अपने क्रिकेट करियर में खास सफल रहे। सुनील गावस्कर ने अपने करियर में कुल 348 फर्स्ट क्लास क्रिकेट मैच खेले जिसकी 563 पारियों में उन्होंने 25834 रन बनाए और इस दौरान उनके बल्ले से कुल 81 शतक भी निकले।

लिस्ट ए क्रिकेट की बात करें तो उन्होंने 151 मैचों की 144 पारियों में 5 शतक के साथ 4594 रन बनाए थे और फर्स्ट क्लास क्रिकेट में उनका बेस्ट स्कोर 123 रन रहा था तो वहीं फर्स्ट क्लास क्रिकेट में उनका बेस्ट स्कोर नाबाद 234 रन था। गावस्कर ने अपने करियर में फर्स्ट क्लास क्रिकेट और लिस्ट ए क्रिकेट मिलाकर कुल 30,428 रन बनाए थे और उनके नाम पर कुल 86 शतक भी शामिल हैं। गावस्कर का फर्स्ट क्लास क्रिकेट में औसत 51.46 का था।

लगातार 4 मैचों में 4 सेंचुरी लगाने वाले पहले भारतीय थे गावस्कर

सुनील गावस्कर लगातार 4 मैचों में 4 शतक लगाने वाले पहले भारतीय बैटर थे और उन्होंने ये कमाल साल 1977 में किया था। उन्होंने इस साल इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट में पहली पारी में 108 रन बनाए थे जबकि उसके बाद उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ लगातार तीन मैचों में शतक लगाया। उन्होंने इस टीम के खिलाफ तीन लगातार मैचों की दूसरी पारी में 113 रन, 127 रन और 118 रन की पारी खेली थी। गावस्कर के बाद भारत के लिए लगातार 4 मैचों में 4 शतक लगाने वाले खिलाड़ी सचिन तेंदुलकर थे।

सुनील गावस्कर के करियर के कुछ बेहतरीन रिकॉर्ड्स

-सुनील गावस्कर टेस्ट क्रिकेट में 10 हजार से ज्यादा रन बनाने वाले पहले खिलाड़ी थे।

-सुनील गावस्कर के नाम पर टेस्ट क्रिकेट में सबसे ज्यादा शतक (34) लगाने का रिकॉर्ड था, लेकिन साल 2005 में सचिन तेंदुलकर ने उनका यह रिकॉर्ड तोड़ दिया।

  • -सुनील गावस्कर के नाम पर डेब्यू करने वाले खिलाडी के तौर पर एक सीरीज में सबसे ज्यादा रन (774) बनाने का रिकॉर्ड दर्ज है।
  • -वेस्टइंडीज के खिलाफ एक टेस्ट सीरीज में किसी भी खिलाड़ी के द्वारा सबसे ज्यादा रन (774) बनाने का रिकॉर्ड उनके नाम पर दर्ज है।
  • -वेस्टइंडीज के खिलाफ टेस्ट में किसी भी खिलाड़ी द्वारा सबसे ज्यादा रन (2749) और सबसे ज्यादा शतक (13) लगाने का रिकॉर्ड गावस्कर के नाम पर दर्ज है।
  • -गावस्कर एकमात्र ऐसे क्रिकेटर हैं जिन्होंने दो वेन्यू पोर्ट ऑफ स्पेन और वानखेड़े स्टेडियम पर लगातार 4 शतक लगाए हैं।
  • -गावस्कर एकमात्र ऐसे क्रिकेटर हैं जिन्होंने 18 अलग-अलग खिलाड़ियों के साथ टेस्ट शतक साझेदारियां की हैं।
  • -गावस्कर तीन बार टेस्ट मैच की दोनों पारियों में शतक लगाने वाले एकमात्र भारतीय हैं साथ ही ओवरऑल वो इस लिस्ट में रिकी पोंटिंग और डेविड वॉर्नर के साथ संयुक्त रूप से पहले नंबर पर हैं।
  • -सुनील गावस्कर भारत की तरफ से टेस्ट क्रिकेट में 100 कैच लेने वाले पहले फील्डर थे।
  • -गावस्कर टेस्ट क्रिकेट में भारत की तरफ से पूरी पारी में नाबाद रहने वाले पहले क्रिकेटर थे जिन्होंने 1983 में फैसलाबाद टेस्ट में पाकिस्तान के खिलाफ नाबाद 127 रन की पारी खेली थी।
  • -गावस्कर भारत की तरफ से वनडे में पहला शतक लगाने वाले सबसे उम्रदराज खिलाड़ी हैं जिन्होंने ये कमाल 38 साल 117 दिन की उम्र में किया था।
  • -गावस्कर टेस्ट क्रिकेट में भारत की तरफ से सबसे कम पारियों में 5000 रन बनाने वाले बैटर हैं। उन्होंने ये कमाल 95 पारियों में किया था।
  • श्रेयस नंबर 1, अभिषेक नीचे, वैभव टॉप-10 से बाहर; भारत-इंग्लैंड चौथे टी20 के बाद सबसे ज्यादा रन बनाने वाले शीर्ष-15 बैटर

श्रेयस अय्यर ने इंग्लैंड के खिलाफ 80 रन की पारी खेली और वो सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाजों की लिस्ट में पहले नंबर पर आ गए। वहीं तीसरे मैच के बाद पहले नंबर पर रहे अभिषेक नीचे खिसक गए। वैभव अब 12वें से इस नंबर पर आ गए, लेकिन वो टॉप-10 से बाहर ही हैं। (इस खबर को पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें)