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समरेश जंग के पूरे परिवार को हुआ कोरोना, 7 गोल्ड मेडल जीतने वाले स्टार शूटर का घर बन गया था अस्पताल

निशानेबाज समरेश जंग ने कहा, ‘‘वही चीजें बता रहा हूं जो करनी चाहिए और जो नहीं करनी चाहिए, जिनके बारे में मैं जानता हूं और जिनको भी मैं जानता हूं, उन्हें मैं यह संदेश दे रहा हूं। ’’

Author नई दिल्ली | Updated: June 24, 2020 11:35 PM
चैम्पियन निशानेबाज समरेश जंग

चैम्पियन निशानेबाज समरेश जंग अपने परिवार के पांच सदस्यों के साथ कोविड-19 पॉजिटिव पाये गये जिसके बाद उनका घर ‘मिनी-अस्पताल’ बन गया। पिस्टल और निशानेबाजी से संबंधित सभी अन्य उपकरण एक कार्नर में रख दिये गये और इनकी जगह पैरासीटामोल, ऑक्सीजन मॉनिटरिंग मशीन और कांसनट्रेटर (सांस से संबंधित बीमारियों वाले मरीजों को ऑक्सीजन देने वाली मशीन) ने ले ली।

और अब जंग निशानेबाजी के गुर साझा करने के अलावा कोविड-19 के बारे में जागरूकता फैला रहे हैं। उन्होंने उसी सकारात्मक रवैये और दृढ़निश्चय से इस बीमारी को हराया जिसकी बदौलत वह शीर्ष पिस्टल निशानेबाज बने थे जिससे उनका नाम ‘गोल्फिंगर’ पड़ा था। जंग ने साक्षात्कार में कहा, ‘‘वही चीजें बता रहा हूं जो करनी चाहिए और जो नहीं करनी चाहिए, जिनके बारे में मैं जानता हूं और जिनको भी मैं जानता हूं, उन्हें मैं यह संदेश दे रहा हूं। ’’

उनका बड़ा घर है जिसमें काफी कमरे हैं और कई टॉयलेट हैं जिससे उन्हें इस वायरस पर विजय प्राप्त करने में मदद मिली। वह अपने परिवार के पांच सदस्यों के साथ कोविड-19 पॉजिटिव पाये गये थे। जब तक संबंधित अधिकारियों ने उन्हें 22 जून को मंजूरी प्रमाणपत्र नहीं दे दिया तब तक वे घर में पृथकवास में रहे।

मेलबर्न 2006 राष्ट्रमंडल खेलों में दो स्वर्ण सहित सात पदक जीतने वाले 50 साल के पिस्टल निशानेबाज के लिये पिछले कुछ हफ्ते काफी मुश्किल रही। वह चुनौतियां का सामना करने के आदी हैं लेकिन जंग ने कहा, ‘‘लेकिन यह बहुत ही अलग थी। ’’

उन्होंने कहा, ‘‘मैं कहूंगा कि जिन्हें कोविड-19 पॉजिटिव होने का पता चला है, वे घबराये नहीं, लेकिन साथ ही इसे हल्के में नहीं लें। यह नहीं सोचना चाहिए कि हमें संक्रमण नहीं होगा। आपको काफी सतर्क रहना होगा। ’’ जंग अब राष्ट्रीय पिस्टल टीम के कोच हैं, उन्होंने कहा कि जब वह पांच जून को कोविड-19 के पॉजिटिव पाये गये तो उनका लक्ष्य खुद को नकारात्मकता से दूर रखना रहा।

उन्होंने कहा, ‘‘इसलिये मैंने इन सभी वाट्सएप संदेशों और टीवी से दूर रखने का फैसला किया। हालांकि इस दौरान कुछ दिन काफी मुश्किल रहे, लेकिन मैं सकारात्मक बना रहा। ’’ उनके परिवार के चार सदस्यों ने घर में खुद को अलग रखा जबकि दो को विशेष कोविड सुविधाओं में जाना पड़ा। उन्होंने कहा, ‘‘हमारे पास कुछ कमरे और टायलेट हैं जिसे हम अलग अलग इस्तेमाल कर सके। कुछ को उन सदस्यों ने इस्तेमाल किया जो इस वायरस से संक्रमित नहीं थे। ’’

 

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