ताज़ा खबर
 

Rio 2016: चौतरफा संकटों के बीच होगा रियो ओलंपिक का आगाज, भारत से शामिल हुए 118 खिलाड़ी

डोप स्कैंडल से भले ही उत्साह में कुछ कमी आई हो लेकिन खेलों के महासमर में भारत के सबसे बड़े दल की नजरें शुक्रवार से उद्घाटन समारोह के साथ यहां शुरू हो रहे 31वें और दक्षिण अमेरिका के पहले ओलंपिक में पदकों की संख्या में इजाफा करके ऐतिहासिक प्रदर्शन पर होंगी।
Author रियो डे जेनेरियो | August 5, 2016 05:03 am

डोप स्कैंडल से भले ही उत्साह में कुछ कमी आई हो लेकिन खेलों के महासमर में भारत के सबसे बड़े दल की नजरें शुक्रवार से उद्घाटन समारोह के साथ यहां शुरू हो रहे 31वें और दक्षिण अमेरिका के पहले ओलंपिक में पदकों की संख्या में इजाफा करके ऐतिहासिक प्रदर्शन पर होंगी।

भारत का 118 सदस्यीय दल यहां पहुंचा है जो पदकों की संख्या दोहरे अंकों तक पहुंचाने की फिराक में होगा। फर्राटा धावक धरमवीर सिंह और शाटपुट खिलाड़ी इंदरजीत सिंह को डोप टेस्ट में नाकामी के बाद भारत में ही रूकने के लिए कहा गया है। ओलंपिक से पहले तमाम विवादों के बावजूद भारतीय खिलाड़ियों के बेहतर प्रदर्शन से इनकार नहीं किया जा सकता जिन्होंने पदक की उम्मीद बढाई है ।

cats

शनिवार को प्रतिस्पर्धा के पहले दिन भारत को निशानेबाज जीतू राय से पदक की उम्मीद होगी जो जबर्दस्त फार्म में चल रहे हैं। जीतू आईएसएसएफ विश्व कप में 50 मीटर एयर पिस्टल चैम्पियन हैं। अपना पांचवां और आखिरी ओलंपिक खेल रहे अभिनव बिंद्रा उद्घाटन समारोह में भारत के ध्वजवाहक होंगे। उनका इरादा निशानेबाजी से बेहतरीन प्रदर्शन के साथ विदा लेने का होगा। लंदन ओलंपिक के कांस्य पदक विजेता गगन नारंग भी तीन स्पर्धाओं में भाग लेंगे जिनका यह चौथा ओलंपिक है। हीना सिद्धू, अयोनिका पाल और अपूर्वी चंदेला महिला वर्ग में दावेदारी पेश करेंगी।

कुश्ती में भी भारत को पदक की उम्मीदें हैं। देखना यह है कि नरसिंह तमाम विवादों को भुलाकर 74 किलो फ्रीस्टाइल वर्ग में उम्दा प्रदर्शन कर पाते हैं या नहीं। लंदन ओलंपिक के कांस्य पदक विजेता योगेश्वर दत्त (65 किलो फ्रीस्टाइल) भी पदक उम्मीदों में से एक हैं। आठ सदस्यीय दल सभी तीनों प्रारूपों पुरूष फ्रीस्टाइल, महिला कुश्ती और ग्रीको रोमन में भारत का प्रतिनिधित्व करेगा।

लंदन में गीता फोगाट ओलंपिक खेलने वाली पहली भारतीय महिला पहलवान बनी थी। इस बार विनेश (48 किलो) और बबीता कुमारी (53 किलो) के अलावा साक्षी मलिक (58 किलो) भी रिंग में उतरेंगी। विनेश ने ओलंपिक क्वालीफिकेशन हासिल करने की राह में 2014 की विश्व चैम्पियनशिप रजत पदक विजेता इवोना मैत्कोवस्का को हराया था। मुक्केबाजी रिंग में तीन भारतीय नजर आएंगे। इनमें से शिवा थापा (56 किलो) और विकास कृष्णन (75 किलो) से पदक की उम्मीद होगी जो विश्व चैम्पियनशिप में कांस्य पदक जीत चुके हैं और विश्व रैंकिंग में छठे स्थान पर हैं।

मनोज कुमार (64 किलो) भी छिपे रूस्तम साबित हो सकते हैं। चार साल पहले अपेक्षाओं पर खरे नहीं उतर सके भारतीय तीरंदाज 15 दिन पहले यहां पहुंच गए थे और महिलाओं की टीम स्पर्धा में इनसे पदक की उम्मीद है। तीसरी बार ओलंपिक खेल रही एल बोंबायला देवी, दुनिया की पूर्व नंबर एक तीरंदाज दीपिका कुमारी और लक्ष्मीरानी मांझी को पदक जीतने के लिये कोरियाई, मैक्सिको और इटली की टीम से कड़ी चुनौती मिलेगी।

अटलांटा ओलंपिक के कांस्य पदक विजेता लिएंडर पेस रिकार्ड सातवां ओलंपिक खेल रहे हैं और दूसरा पदक लेकर खेलों के महाकुंभ से विदा लेना चाहेंगे। मिश्रित युगल में बोपन्ना और सानिया मिर्जा पदक के दावेदार हैं। बैडमिंटन में लंदन ओलंपिक की कांस्य पदक विजेता साइना नेहवाल और प्रतिभाशाली पीवी सिंधू से पदक की उम्मीद होगी। जिम्नास्टिक में 22 साल की दीपा करमाकर ओलंपिक के लिये क्वालीफाई करने वाली पहली भारतीय महिला बनी हैं। उसे पदक जीतने की पूरी उम्मीद है।

भारतीय महिला हॉकी टीम ने 36 साल बाद ओलंपिक के लिये क्वालीफाई किया है। पीआर श्रीजेश की अगुवाई वाली पुरूष हॉकी टीम के कोच रोलेंट ओल्टमेंस को अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद है और पहला लक्ष्य अंतिम आठ में पहुंचना होगा। भारत को अर्जेंटीना, कनाडा, जर्मनी, आयरलैंड और नीदरलैंड के ग्रुप में रखा गया है और ड्रा में वह एशिया से अकेली टीम है।

cats

गोल्फ 112 साल बाद ओलंपिक में लौटा है और भारत के अनिर्बान लाहिड़ी, एसएसपी चौरसिया तथा 18 साल की अदिति अशोक इसमें भाग ले रही है। एथलेटिक्स में भारत का सबसे बड़ा दल उतरा है लेकिन पदक की उम्मीदें करना बेमानी होगा। पिछले पांच दशक में मिल्खा सिंह, पीटी उषा और अंजू बॉबी जार्ज को छोड़कर कोई भारतीय एथलीट पदक के करीब भी नहीं पहुंचा। इस बार भी देखना यह है कि कौन सेमीफाइनल या फाइनल में पहुंचता है।

फोकस चक्काफेंक खिलाड़ी विकास गौड़ा पर होगा जिनका यह तीसरा ओलंपिक है। केरल के त्रिकूद खिलाड़ी रंजीत महेश्वरी ने भी हाल ही में अच्छा प्रदर्शन किया है जबकि स्टीपलचेस में ललिता बाबर, सुधा सिंह और ओ पी जैशा से उम्मीद होगी। दुती चंद आईएएएफ के खिलाफ ऐतिहासिक लिंगभेद का मामला जीतकर लौटी है और 36 साल में ओलंपिक के लिये क्वालीफाई करने वाली पहली भारतीय महिला फर्राटा धावक है। भारत जूडो, नौकायन, तैराकी, टेबल टेनिस और भारोत्तोलन में भी भाग लेगा। भारत ने बीजिंग ओलंपिक 2008 में तीन और लंदन में छह पदक जीते थे।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App