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जारी रहेगी लीक ईमेल मामले की जांच, ICC मैनेजमेंट और सभी क्रिकेट बोर्ड होंगे इन्क्वायरी का हिस्सा; इंदिरा नूई भी करेंगी मदद

आईसीसी ने भारतीय बोर्ड के लिए सरकार से कर छूट हासिल करने की समय सीमा इस साल दिसंबर तक बढ़ा दी। बीसीसीआई को आईसीसी टूर्नामेंट जैसे टी20 वर्ल्ड कप और वनडे वर्ल्ड कप के आयोजन के लिए कर छूट हासिल करना अनिवार्य है।

इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (आईसीसी) बुधवार को इस साल अक्टूबर-नवंबर में होने वाले टी20 वर्ल्ड कप पर कोई फैसला नहीं ले पाई है। वर्ल्ड कप का आयोजन 18 अक्टूबर से 15 नवंबर के बीच ऑस्ट्रेलिया में होना है। आईसीसी बोर्ड की टेलिकॉन्फ्रेंस के जरिए बैठक हुई। इस दौरान आईसीसी बोर्ड ने पुरुष टी20 वर्ल्ड कप 2020 और महिला वर्ल्ड कप 2021 के भविष्य के बारे में एक महीने तक और इंतजार करने का फैसला किया।

यही नहीं, तीन घंटे तक चली बैठक में शशांक मनोहर के बाद दूसरे चेयरमैन की नामांकन प्रक्रिया पर भी कोई बात नहीं हुई। हालांकि, आईसीसी बोर्ड ने भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) के साथ कर छूट को लेकर चल रही रस्साकशी को कम से कम इस साल दिसंबर तक खत्म करने का फैसला किया।

टाइम्स ऑफ इंडिया की खबर के मुताबिक, बैठक में गोपनीय ईमेल के लीक होने के मामले की जांच भी जारी रखने का फैसला किया गया। इस जांच में आईसीसी मैनेजमेंट और सभी सदस्य देशों (अन्य क्रिकेट बोर्डों) को पक्ष बनाया गया है। आईसीसी ने लीक ईमेल मामले की स्वतंत्र जांच को लेकर अपडेट देते हुए कहा कि यह जांच आईसीसी के एथिक्स ऑफिसर की अध्यक्षता में चल रही है। इसमें आईसीसी की डायरेक्टर (इन्डिपेंडंट) इंदिरा नूई और F&CA कमेटी के चेयरमैन एहसान मनी भी उनकी मदद करेंगे।

आईसीसी ने भारतीय बोर्ड के लिए सरकार से कर छूट हासिल करने की समय सीमा इस साल दिसंबर तक बढ़ा दी। बीसीसीआई को आईसीसी टूर्नामेंट जैसे टी20 वर्ल्ड कप और वनडे वर्ल्ड कप के आयोजन के लिए कर छूट हासिल करना अनिवार्य है। बीसीसीआई अध्यक्ष सौरव गांगुली के हिसाब से यह बैठक अच्छी रही, क्योंकि 2016 टी20 विश्व कप से चला आ रहा कर छूट का मामला खत्म होने की ओर बढ़ता दिख रहा है। बोर्ड के एक पदाथिकारी ने बताया, ‘छह महीने और समय मिलने का मतलब है कि बीसीसीआई और आईसीसी के बीच बातचीत सार्थक रही।


आईसीसी बोर्ड की 28 मई को भी बैठक हुई थी, लेकिन उसमें भी टी20 वर्ल्ड कप पर कोई फैसला नहीं हो पाया था। आईसीसी के मुख्य कार्यकारी मनु साहनी ने बोर्ड बैठक के बाद कहा, ‘हमें इस पर फैसला करने के लिए केवल एक मौका मिलेगा और यह सही होना चाहिए। हम अपने सदस्यों, प्रसारकों, साझीदारों, सरकारों और खिलाड़ियों से सलाह लेना जारी रखेंगे ताकि सुनिश्चित हो कि हम एक उचित फैसला करें।

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