भारतीय क्रिकेट में करीब 18 साल के लंबे सफर के बाद अजिंक्य रहाणे अब एक नई भूमिका में नजर आएंगे। भारत के पूर्व कप्तान ने क्रिकेट के मैदान पर अपनी पारी को विराम देने के बाद कमेंट्री बॉक्स का रुख किया है। अजिंक्य रहाणे 15 से 27 अगस्त तक होने वाले भारत के श्रीलंका दौरे पर पहली बार टेस्ट कमेंट्री करते नजर आएंगे। वह दो मैचों की टेस्ट सीरीज में अपने अनुभव से खेल के अहम पहलुओं और रणनीतियों को समझाएंगे।

अजिंक्य रहाणे को भारत बनाम श्रीलंका सीरीज के लिए सोनी स्पोर्ट्स नेटवर्क के कमेंट्री पैनल में शामिल किया गया है। टेस्ट क्रिकेट की उनकी गहरी समझ और मैदान पर लंबे अनुभव से प्रशंसकों को मैच के अहम पलों, रणनीतियों और खिलाड़ियों के फैसलों को बेहतर तरीके से समझने में मदद मिलेगी।

अजिंक्य रहाणे ने हाल ही अपने शानदार खेल करियर को अलविदा कहा है। 37 वर्षीय अजिंक्य रहाणे ने भारत के लिए 85 टेस्ट मैच में 38.46 के औसत से पांच हजार सत्ततर रन बनाए। इसमें 12 शतक और 26 अर्धशतक भी शामिल हैं। अजिंक्य रहाणे के नेतृत्व में भारत ने 2020-21 में ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट शृंखला जीती (एडिलेड टेस्ट में 36 रन पर ऑलआउट होने के बाद) थी।

अजिंक्य रहाणे की ओर से जारी बयान में कहा गया, ‘‘मैं भारत के श्रीलंका दौरे पर सोनी स्पोर्ट्स नेटवर्क और सोनी लिव के साथ टेस्ट कमेंट्री में अपना पहला कदम रखने को लेकर बेहद उत्साहित हूं। टेस्ट क्रिकेट हमारे खेल का सबसे बड़ा और प्रतिष्ठित प्रारूप है। इस प्रारूप में इतने वर्षों तक भारत का प्रतिनिधित्व करने के बाद अब इस खेल को एक अलग दृष्टिकोण से देखने और समझाने का मौका मिलना मेरे लिए सौभाग्य की बात है।’’

अजिंक्य रहाणे ने कहा, ‘‘मैं अपने अनुभव साझा करने, खेल की बारीकियों को आसान तरीके से समझाने और टेस्ट मैच के अहम फैसलों, रणनीतियों और पलों के बारे में प्रशंसकों को जानकारी देने के लिए उत्साहित हूं। मेरी कोशिश होगी कि प्रशंसकों के लिए मैच देखने का अनुभव और बेहतर हो और वे मैदान पर होने वाली चीजों को और गहराई से समझ सकें।’’

जब पहली बार इस्तेमाल हुआ DRS, भारत का 21 में से केवल 1 रिव्यू हुआ था सफल, सहवाग बने थे पहला शिकार

भारत के दिग्गज स्पिनर हरभजन सिंह डीआरएस का इस्तेमाल करने वाले पहले क्रिकेटर थे। श्रीलंका के स्टार खिलाड़ी तिलकरत्ने दिलशान रिव्यू लेकर आउट होने से बचने वाले पहले बल्लेबाज बने थे। वीरेंद्र सहवाग रिव्यू सिस्टम के तहत आउट दिए जाने वाले पहले बल्लेबाज बने थे। (पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें)