बुकायो साका के तीन गोल की बदौलत इंग्लैंड ने तीसरे स्थान के रोमांचक प्लेऑफ मुकाबले में शनिवार (18 जुलाई) को 6-4 से जीत दर्ज की जबकि किलियन एम्बाप्पे ने दूसरे हाफ में दो गोल करके फुटबॉल विश्व कप में लियोनल मेसी के सर्वाधिक गोल के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया और ‘गोल्डन बूट’ की दौड़ में सबसे आगे निकल गए। यह 1982 में हंगरी की अल सल्वाडोर पर 10-1 की जीत के बाद विश्व कप में सबसे अधिक गोल वाला मैच था।
तीसरे स्थान के मैच में 10 गोल अब तक के सबसे अधिक गोल हैं। साका ने 37वें मिनट और पहले हाफ के इंजरी टाइम में गोल करने के बाद 87वें मिनट में पेनल्टी से अपना तीसरा गोल करके इंग्लैंड के लिए अपने करियर की दूसरी हैट्रिक पूरी की। इंग्लैंड के लिए डेकलान राइस और एजरी कोंसा ने भी पहले हाफ में गोल किए जिससे मध्यांतर तक इंग्लैंड की टीम 4-0 से आगे हो गई।
इंग्लैंड ने अपना एकमात्र खिताब 1966 में जीता था
रोमांचक दूसरे हाफ में भी इंग्लैंड ने अपनी बढ़त बनाए रखी और विश्व कप में अपना दूसरा सबसे अच्छा नतीजा हासिल किया। इंग्लैंड ने अपना एकमात्र खिताब 1966 में जीता था। इंग्लैंड के लिए छठा गोल जूड बेलिंघम ने दूसरे हाफ के इंजरी टाइम के आठवें मिनट में किया जो टूर्नामेंट में उनका सातवां गोल था। विश्व कप में 27 साल के एम्बाप्पे के गोल की संख्या 22 हो गई जो अर्जेंटीन के कप्तान से एक अधिक है।
एम्बाप्पे ने 10 गोल के साथ टूर्नामेंट का अंत किया
इस स्टार स्ट्राइकर ने मौजूदा विश्व कप में अपने अभियान का अंत 10 गोल के साथ किया। वह गोल्डन बूट की दौड़ में मेसी से दो गोल आगे चल रहे हैं जिनके नाम पर आठ गोल हैं। फ्रांस के लिए दो अन्य गोल ब्रैडली बारकोला और ओस्माने डेम्बेले ने भी गोल किए। मेसी को एमबाप्पे से आगे निकलने का एक आखिरी मौका तब मिलेगा जब वह और मौजूदा चैंपियन अर्जेंटीना रविवार को न्यू जर्सी के ईस्ट रदरफोर्ड में फाइनल में स्पेन का सामना करेंगे।
फ्रांस ने लगातार तीसरी बार फाइनल में पहुंचने का मौका गंवाया
फ्रांस के पास टूर्नामेंट जीतने के लिए काफी आक्रामक क्षमता थी, लेकिन वे सेमीफाइनल में स्पेन से हार गए और लगातार तीसरी बार विश्व कप फाइनल में पहुंचने का मौका गंवा दिया। इंग्लैंड ने अर्जेंटीना के खिलाफ सेमीफाइनल में 1-0 की बढ़त गंवा दी थी और 1-2 से हार गया, जिसमें मेसी ने अंतिम मिनटों में दो गोल करने में मदद की।
फ्रांस के कोच का आखिरी मैच
हार्ड रॉक स्टेडियम में सेमीफाइनल को देखने के लिए 64,478 दर्शकों की भारी भीड़ उमड़ी। बहुत से समर्थक दोनों टीमों का उत्साह बढ़ा रहे थे, लेकिन कई लोग सिर्फ इस मैच के माहौल का आनंद लेने के लिए वहां आए थे। यह फ्रांस के कोच डिडिएर डेसचैम्प्स का भी टीम के साथ आखिरी मैच था। उन्होंने कहा है कि वह 14 साल बाद पद छोड़ देंगे। पिच से बाहर निकलते समय डेसचैम्प्स ने खिलाड़ियों को गले लगाया और भीड़ की ओर हाथ हिलाया।
फीफा वर्ल्ड कप 2026 में ऐतिहासिक इनामी राशि
फीफा वर्ल्ड कप 2026 में ऐतिहासिक इनामी राशि दी जाएगी। इस बार टूर्नामेंट में करीब 8400 करोड़ भारतीय रुपये की कुल इनामी राशि दी जाएगी। इसमें से चैंपियन टीम को रिकॉर्ड करीब 490 करोड़ भारतीय रुपये मिलेंगे। पूरी खबर पढ़ें।
