इंग्लैंड में एक महीने से ज्यादा समय बिताने के बाद भी भारतीय महिला टी20 टीम अपनी सर्वश्रेष्ठ प्लेइंग XI की तलाश में है। आईसीसी महिला टी20 विश्व कप में आधे से ज्यादा सफर खत्म हो चुका है। अब एक और हार भारत के अभियान को मुश्किल में डाल सकती है। मध्यक्रम में लगतारा बदलाव, श्रेयंका पाटिल की चोट से कमजोर हुआ स्पिन विभाग और पेस अटैक को लेकर असमंजस के बीच हरमनप्रीत कौर की टीम के सामने बांग्लादेश के खिलाफ मुकाबला ‘करो या मरो’ की स्थिति में पहुंच चुका है।
भारतीय टीम के लिए यह स्थिति नई नहीं है। पिछले साल 50 ओवर के वर्ल्ड कप में भी शुरुआती मुकाबलों के बाद टीम मुश्किल दौर में फंस गई थी। तीन लगातार हार के बाद भारत ने जिस तरह वापसी करते हुए खिताब के दावेदारों को पीछे छोड़ा था, अब उसी जज्बे को दोहराने की जरूरत है। फर्क सिर्फ इतना है कि इस बार चुनौती इंग्लैंड की परिस्थितियों में है, जहां हर छोटी गलती भी भारी पड़ सकती है।
कुछ दिन पहले भारतीय गेंदबाजी कोच आविष्कार साल्वी ने टीम में हो रहे बदलावों को ‘हॉर्सेज फॉर कोर्सेज’ रणनीति बताया था। मतलब टीम मैनेजमेंट हर मैच की परिस्थितियों (पिच, मौसम, विपक्षी टीम, रणनीति) को देखकर प्लेइंग XI में बदलाव कर रहा है। हालांकि, शेफाली वर्मा ने टीम की मौजूदा स्थिति को ज्यादा सीधे शब्दों में बताया, ‘जो अच्छा खेलेगा, वही टीम में रहेगा।’
यह बयान उस अनिश्चितता को दिखाता है, जिससे भारतीय टीम फिलहाल गुजर रही है। एक तरफ बैटिंग ऑर्डर में स्थिरता की तलाश है। दूसरी ओर गेंदबाजी संयोजन भी पूरी तरह तय नहीं हो पाया है। श्रेयंका पाटिल की चोट ने टीम की योजनाओं को प्रभावित किया है।
शेफाली वर्मा के छठे गेंदबाजी विकल्प के रूप में उपयोग ने टीम मैनेजमेंट को कुछ राहत जरूर दी है। अब सवाल यह है कि क्या भारत बांग्लादेश के खिलाफ राधा यादव को मौका देकर स्पिन विभाग को मजबूत करेगा या मौजूदा संयोजन पर भरोसा बनाए रखेगा।
भारत के लिए यह मुकाबला सिर्फ दो अंक हासिल करने का मौका नहीं है, बल्कि टूर्नामेंट में अपनी उम्मीदें जिंदा रखने की आखिरी बड़ी कोशिशों में से एक है। दूसरी ओर, बांग्लादेश भी इस मुकाबले में आत्मविश्वास के साथ उतरेगा। तीन मैचों में दो जीत के साथ उसने खुद को क्वालिफिकेशन की दौड़ में बनाए रखा है। पाकिस्तान के खिलाफ जीत ने उसके हौसले को और बढ़ाया है।
मैनचेस्टर का मैदान भारत के लिए अच्छी यादें लेकर नहीं आया है। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ इसी मैदान पर तीनों विभागों में टीम अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन नहीं कर पाई थी। अब उसी पिच पर वापसी करते हुए भारत को बल्लेबाजी, गेंदबाजी और फील्डिंग तीनों क्षेत्रों में सुधार दिखाना होगा।
ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ होने वाला मुकाबला आगे बड़ी चुनौती हो सकता है, लेकिन उससे पहले बांग्लादेश के खिलाफ कोई भी चूक भारत को भारी पड़ सकती है। टीम चाहेगी कि वह अपनी उम्मीदों का सफर लंदन तक लेकर जाए, न कि मैनचेस्टर में ही उसका अभियान खत्म हो।
मैच डिटेल्स
- मुकाबला: आईसीसी महिला टी20 वर्ल्ड कप 2026 में भारत बनाम बांग्लादेश
- स्थान: ओल्ड ट्रैफर्ड, मैनचेस्टर
- समय: 25 जून को भारतीय समयानुसार शाम 7 बजे से शुरू
भारत और बांग्लादेश की संभावित प्लेइंग XI
भारत: शेफाली वर्मा, स्मृति मंधाना, जेमिमा रोड्रिग्स, हरमनप्रीत कौर, यास्तिका भाटिया/भारती फुलमाली, ऋचा घोष, दीप्ति शर्मा, राधा यादव, अरुंधति रेड्डी, श्री चरणी, नंदनी शर्मा।
बांग्लादेश: दिलारा अख्तर, जुआरिया फिरदौस, शर्मिन अख्तर, निगार सुल्ताना, शोभना मोस्तरी, रितु मोनी, शोर्ना अख्तर, राबिया खान, नाहिदा अख्तर, संजीदा अख्तर, मरूफा अख्तर।
दीप्ति, राधा और हरमनप्रीत पर रहेंगी नजरें
- दीप्ति शर्मा अंतरराष्ट्रीय महिला क्रिकेट में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाली गेंदबाज बनने से सिर्फ एक विकेट दूर हैं।
- राधा यादव ने निगार सुल्ताना को पांच टी20 पारियों में चार बार आउट किया है।
- हरमनप्रीत कौर बांग्लादेश के खिलाफ टी20 में 500 रन पूरे करने वाली पहली भारतीय बल्लेबाज बनने से 17 रन दूर हैं।
Women’s T20 World Cup: 6 कैच छोड़कर भी इंग्लैंड सेमीफाइनल में; हेनरी की तूफानी पारी पर भारी डैनी का पचासा
लॉर्ड्स में खेले गए मुकाबले में इंग्लैंड ने वेस्टइंडीज को 38 रन से हराकर महिला टी20 विश्व कप 2026 के सेमीफाइनल में जगह बनाई। डैनी व्याट-हॉज की 65 रन की पारी और चिनेल हेनरी के अर्धशतक के बीच इंग्लैंड की जीत खास रही। (पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें)
