former chief selector of the Board of Control for Cricket Dilip Vengsarkar said about indian captain virat kohli- तब विराट कोहली को टीम में नहीं चाहते थे महेंद्र सिंह धोनी - Jansatta
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तब विराट कोहली को टीम में नहीं चाहते थे महेंद्र सिंह धोनी

वेंगसरकर के मुताबिक, श्रीलंका दौरे से पहले टीम में सचिन तेंदुलकर के नहीं होने से एक बल्लेबाज की जरूरत थी और सभी की पसंद तमिलनाडु के बल्लेबाज एस बद्रीनाथ थे। उस दौरान भारतीय टीम के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी और कोच गैरी कर्स्टन बद्रीनाथ से काफी प्रभावित थे।

महेंद्र सिंह धोनी और विराट कोहली। (फोटो सोर्स- AP)

भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान विराट कोहली को लेकर पूर्व कप्तान दिलीप वेंगसरकर ने एक बड़ा खुलासा किया है। दरअसल, साल 2008 के दौरान वेंगसरकर बीसीसीआई में नेशनल सिलेक्शन कमेटी के चीफ सिलेक्टर थे। उन्होंने ही विराट कोहली को टीम में शामिल करने पर जोर दिया था। वेंगसरकर के मुताबिक, श्रीलंका दौरे से पहले टीम में सचिन तेंदुलकर के नहीं होने से एक बल्लेबाज की जरूरत थी और सभी की पसंद तमिलनाडु के बल्लेबाज एस बद्रीनाथ थे। उस दौरान भारतीय टीम के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी और कोच गैरी कर्स्टन बद्रीनाथ से काफी प्रभावित थे। वेंगसरकर ने कहा, ”मेरी कोशिश विराट कोहली को टीम इंडिया में मौका देना था, क्योंकि 2008 में कोहली की कप्तानी में ही भारत ने अंडर-19 वर्ल्ड कप जीता था। कोहली को खेलते हुए मैंने बेहद करीब से देखा था और मुझे यकीन था कि वो एक दिन कामयाब क्रिकेटर साबित होंगे। कोहली को टीम में शामिल करने का वो बिल्कुल सही समय था। मेरे इस फैसले में अन्य चार चयनकर्ता भी साथ थे, लेकिन गैरी कर्स्टन और महेंद्र सिंह धोनी इस बात के लिए तैयार नहीं दिख रहे थे।”

भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान विराट कोहली। (PTI Photo)

वेंगसरकर ने कहा, ”धोनी और कर्स्टन ने तब तक विराट को ज्यादा समय खेलते हुए नहीं देखा था, इसलिए उनका विराट पर यकीन करना मुश्किल लग रहा था। वहीं, बद्रीनाथ को धोनी काफी सालों से जानते थे। इसके अलावा, धोनी बद्रीनाथ के साथ आईपीएल में चेन्नई के लिए खेला करते थे। साल 2008 में बद्रीनाथ की उम्र 29 साल थी और कुछ चयनकर्ता उनकी बढ़ती उम्र को देखते हुए उन्हें टीम में मौका देना चाहते थे।”

कोहली को टीम में शामिल करने के बाद श्रीनिवासन ने वेंगसकर के मुख्य चयनकर्ता का कार्यकाल जल्द समाप्त कर दिया। वेंगसरकर के मुताबिक, निवासन उनके इस फैसले से बेहद नाराज थे और कोहली को टीम में लाने की कीमत उन्हें अपना पद गंवा कर चुकानी पड़ी। हालांकि, उन्हें आज इस बात का बिल्कुल भी अफसोस नहीं है। बता दें कि विराट कोहली भी कई बार सार्वजनिक मंच पर पूर्व मुख्य चयनकर्ता दिलीप वेंगसरकर को उन्हें टीम में लाने का क्रेडिट दे चुके हैं।

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