KKR के पूर्व गेंदबाजी कोच हीथ स्ट्रीक पर लगा 8 साल का बैन, आईपीएल में सटोरिये को दी थी ‘भीतर’ की जानकारी

आईसीसी ने एक बयान में कहा, ‘उन्होंने जिम्बाब्वे, बांग्लादेश और श्रीलंका के बीच 2018 में त्रिकोणीय श्रृंखला , आईपीएल 2018 और एपीएल 2018 के मैचों की भीतरी सूचना दी थी।’ आईसीसी ने यह भी कहा कि इससे संबंधित मैचों के नतीजों पर कोई असर नहीं पड़ा।

Author Edited By आलोक श्रीवास्तव नई दिल्ली | Updated: April 15, 2021 7:52 AM
Heath Streak Zimbabwe 1993 to 2005 IPL 2021 IPL 2018 KKRहीथ स्ट्रीक साल 1993 से 2005 तक जिम्बाब्वे के लिए खेले थे। (सोर्स- Twitter/ZimCricket)

जिम्बाब्वे क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान हीथ स्ट्रीक को आईसीसी की भ्रष्टाचार निरोधक संहिता के उल्लंघन के पांच आरोपों के तहत क्रिकेट के हर फॉर्मेट से आठ साल के लिए प्रतिबंधित कर दिया गया है। उन्होंने इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) 2018 में कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के गेंदबाजी कोच रहते एक संदिग्ध भारतीय सटोरिये को ‘अंदरुनी जानकारी’ भी दी थी।

आईसीसी ने एक बयान में कहा, ‘उन्होंने जिम्बाब्वे, बांग्लादेश और श्रीलंका के बीच 2018 में त्रिकोणीय श्रृंखला , आईपीएल 2018 और एपीएल 2018 के मैचों की भीतरी सूचना दी थी।’ आईसीसी ने यह भी कहा कि इससे संबंधित मैचों के नतीजों पर कोई असर नहीं पड़ा। जिम्बाब्वे के सर्वश्रेष्ठ तेज गेंदबाजों में से एक 47 वर्ष के स्ट्रीक 2017 से 2018 के बीच कोच के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान कई मैचों के लिए जांच के दायरे में थे। आईसीसी की इंटीग्रिटी यूनिट के महाप्रबंधन एलेक्स मार्शल ने कहा, ‘हीथ स्ट्रीक अनुभवी पूर्व अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर और राष्ट्रीय टीम के कोच हैं जिन्होंने भ्रष्टाचार निरोधक कई शिक्षा सत्रों में भाग लिया और उन्हें अपनी जिम्मेदारी का बखूबी पता था।’

उन्होंने कहा, ‘पूर्व कप्तान और कोच होने के नाते वह भरोसे के पद पर थे और खेल में नैतिकता बनाये रखना उनकी जिम्मेदारी थी। उन्होंने कई मौकों पर संहिता का उल्लंघन किया।’ इन मैचों में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के अलावा आईपीएल, बीपीएल, अफगानिस्तान प्रीमियर लीग के मैच शामिल थे। मिस्टर एक्स के नाम वाले एक भारतीय सटोरिये ने स्ट्रीक से संपर्क किया था। उसने उन्हें महंगे तोहफे भी दिए थे। स्ट्रीक ने इस संपर्क की आईसीसी को जानकारी नहीं दी।

एलेक्स मार्शल ने कहा, ‘उन्होंने इस दौरान जांच में बाधा पहुंचाने और इसके विलंब करने का भी प्रयास किया।’ अन्य आरोपों में आईसीसी संहिता और विभिन्न घरेलू संहिताओं के तहत अंदरुनी जानकारी का खुलासा करना भी शामिल है जहां उन्हें पता था या पता होना चाहिए था कि सूचना का इस्तेमाल सट्टेबाजी के लिए किया जा सकता था।’

आईसीसी संहिता के नियमों के अनुसार स्ट्रीक ने आरोपों को स्वीकार करने का फैसला किया और भ्रष्टाचार रोधी पंचाट की सुनवाई की जगह आईसीसी के साथ सजा स्वीकार करने में सहमति जताई। वह 28 मार्च 2029 से दोबारा क्रिकेट से जुड़ पाएंगे। टेस्ट और एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में जिंबाब्वे के सबसे सफल गेंदबाज स्ट्रीक 2018 की शुरुआत तक राष्ट्रीय टीम के कोच रहे, लेकिन 2019 एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय विश्व कप के लिए टीम के क्वालिफाई करने में नाकाम रहने के बाद उन्होंने इस्तीफा दे दिया था।

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