लाइटहाउस जर्नलिज्म (Lighthouse Journalism) को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक वीडियो बड़े पैमाने पर शेयर होता हुआ मिला। दावा किया गया है कि इस वीडियो में बीजेपी की पश्चिम बंगाल चुनाव में जीत के बाद बांग्लादेशी नागरिक वापस लौटते हुए दिखाई दे रहे हैं।
जांच के दौरान हमने पाया कि यह वीडियो चुनावों से पहले का है और इसे जनवरी में शूट किया गया था। इसमें हुगली के पुनियान (Punian) में आयोजित ‘विश्व इज्तिमा’ (World Ijtema) में शामिल होने आए लोग दिखाई दे रहे हैं।
क्या है दावा?
X (ट्विटर) यूजर मेजर सुरेंद्र पूनिया (Major Surendra Poonia) ने अपने प्रोफाइल पर भ्रामक दावे के साथ यह वीडियो शेयर किया।
अन्य यूजर्स भी इसी तरह के दावे के साथ इस वीडियो को शेयर कर रहे हैं।
जांच पड़ताल:
हमने वीडियो से मिले की-फ्रेम्स (keyframes) पर रिवर्स इमेज सर्च चलाकर जांच शुरू की। हमें पता चला कि इंस्टाग्राम यूजर शेख अली (Sekh Ali) ने 5 जनवरी को यही वीडियो शेयर किया था।
वीडियो के कैप्शन में लिखा था: पुनियान इज्तिमा (Punian Istema)। वहीं वीडियो के ऊपर लिखे टेक्स्ट में दर्ज था: हुगली बिस्वा इज्तिमा 2026, हाईवे ब्लॉक 15 किमी।

हुगली इज्तिमा (पश्चिम बंगाल बिस्वा इज्तिमा) 2 जनवरी से 5 January, 2026 तक आयोजित किया गया था। यह कार्यक्रम पश्चिम बंगाल के हुगली जिले के दादपुर के पुईनान (Puinan) गांव में हुआ था।
हमें इस कार्यक्रम के कई अन्य वीडियो भी मिले।
हमें इससे जुड़ी न्यूज रिपोर्ट्स भी मिलीं।
रिपोर्ट में कहा गया: “एक लंबे अरसे यानी 32 साल बाद बंगाल में बिस्वा इज्तिमा, यानी विशेष इस्लामिक सम्मेलन का आयोजन किया गया है। इससे पहले दुनिया का सबसे बड़ा इज्तिमा हावड़ा के बांकरा में आयोजित हुआ था। 32 साल बाद यह बिस्वा इज्तिमा हुगली के धनेखली विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले पुईनान गांव में आयोजित किया गया है। यह इज्तिमा हुगली के लगभग 60 वर्ग किलोमीटर के क्षेत्र में हो रहा है। 2 जनवरी को शुरू हुआ यह विश्व इज्तिमा 4 जनवरी तक चलेगा। इस धार्मिक सम्मेलन में शामिल होने के लिए मुस्लिम समुदाय के लाखों लोग आए हैं। इस इज्तिमा का हिस्सा बनने के लिए मुस्लिम समुदाय के लोग अलग-अलग जिलों, राज्यों और यहाँ तक कि विभिन्न देशों से भी आए हैं।”
शुक्रवार सुबह से ही हजारों की संख्या में मुस्लिम इज्तिमा मैदान में पहुंचने लगे। राज्य के विभिन्न जिलों के साथ-साथ देश के अलग-अलग हिस्सों और विदेश से भी कई जायरीन इस इज्तिमा में शामिल होने आए हैं।
कोलकाता के मेयर फिरहाद हकीम ने कहा, “पश्चिम बंगाल धार्मिक सद्भाव का गढ़ है। यहाँ सभी धर्मों के लोग स्वतंत्र रूप से अपने-अपने धर्म का पालन करते हैं। हमारा मुख्य लक्ष्य शांति और सद्भाव बनाए रखना है।”
निष्कर्ष: ‘बिस्वा इज्तिमा’ (एक विशेष इस्लामिक सम्मेलन) के एक पुराने वीडियो को इस भ्रामक दावे के साथ हालिया बताकर शेयर किया जा रहा है कि बीजेपी की जीत के बाद बांग्लादेशी नागरिक पश्चिम बंगाल छोड़ रहे हैं। इसलिए, वायरल दावा पूरी तरह भ्रामक है।
