भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधाशुं त्रिवेदी ने गुरुवार को एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि कांग्रेस पार्टी रायबरेली और अमेठी की सीटें भी समाजवादी पार्टी के दम पर जीतती है।

त्रिवेदी ने राहुल गांधी और कांग्रेस पर तीखा हमला करते हुए कल यह टिप्पणी की। राहुल गांधी वर्तमान में रायबरेली लोकसभा सीट से सांसद हैं। इससे पहले उनकी माँ सोनिया गांधी उस सीट से पाँच बार सांसद रही हैं। यहाँ से कांग्रेस अब तक केवल तीन बार चुनाव हारी है और 1999 से लेकर अब तक एक भी चुनाव नहीं हारी है।

सपा ने आखिरी बार 2004 में सोनिया गांधी के खिलाफ अशोक सिंह को मैदान में उतारा था। उस चुनाव में सोनिया गांधी को कुल वोट शेयर का 58.75 % मत मिले थे, जबकि दूसरे स्थान पर रहे सपा के उम्मीदवार को 19.94 % मत मिले थे। संप्रग गठबंधन में शामिल होने के बाद 2006 से सपा ने कोई उम्मीदवार नहीं उतारा है।

एक रोचक आंकड़ा यह भी है कि 1999 के बाद से यहाँ के कुल वोट शेयर में कांग्रेस की हिस्सेदारी आधे से अधिक रही है। 2022 में राहुल गांधी को कुल मतों में से 66.67 मत मिले थे, जबकि भाजपा उम्मीदवार दिनेश प्रताप सिंह को 28.86 % मत मिले थे।

लोकसभा में इस सीट से कांग्रेस के आंकड़ें बहुत मजबूत दिखते हैं। अब सवाल यह है कि इस जिले की पांच विधानसभा सीटों पर कांग्रेस की स्थिति क्या है?

विधानसभा में क्या स्थिति है?

रायबरेली लोकसभा क्षेत्र में कुल पाँच विधानसभा सीट हैं- बछरावां, हरचंदपुर, रायबरेली (सदर), सरेनी और ऊंचाहार। 2022 में सपा और कांग्रेस ने अलग-अलग चुनाव लड़ा था, जबकि 2017 में दोनों साथ लड़े थे। समझौते के तहत सपा 298 सीटों पर लड़ी थी, जबकि कांग्रेस 105 सीटों पर। सपा ने 47 सीटों पर जीत हासिल किया था, जबकि कांग्रेस ने सात सीटों पर।

2022 के विधानसभा में कांग्रेस और सपा ने अलग-अलग चुनाव लड़े थे। इन पांच सीटों में से चार सीटों पर सपा ने जीत हासिल की थी, जबकि एक सीट (रायबरेली) से भाजपा की उम्मीदवार अदिति सिंह ने जीती थीं।

2002 में बछरवन विधानसभा सीट से सपा के उम्मीदवार श्याम सुंदर ने अपना दल (सोनेलाल) के उम्मीदवार लक्ष्मीकांत को हराकर जीत हासिल की थी। कांग्रेस तीसरे स्थान पर रही थी। कुल वोट शेयर में सपा को लगभग 31 % मत मिले थे, अपना दल (सोनेलाल) को 30.36 %, जबकि कांग्रेस को 27% मत मिले थे।

हरचंदपुर सीट से सपा ने ही जीत हासिल की थी। यहाँ सपा के राहुल राजपुत ने भाजपा के राकेश सिंह को हराया था। सपा को कुल वोट शेयर में 46.43 % मत मिले थे, दूसरे स्थान पर रहे भाजपा को 39.1%, जबकि कांग्रेस को 8.15 % मिले थे।

रायबरेली विधानसभा सीट से भाजपा की अदिति सिंह ने सपा के राम प्रताप को हराकर जीत हासिल की थी। कुल वोट शेयर में भाजपा को 44 % मत मिले थे, सपा को 41 % और कांग्रेस को 6.56 %।

सरेनी से सपा के देवेंद्र प्रताप सिंह ने भाजपा के धीरेंद्र बहादुर सिंह को हराकर जीत हासिल की थी। कुल वोट शेयर में सपा को 30 % मत मिले थे, भाजपा को 28.96 % और कांग्रेस को 19.83 %।

ऊंचाहार में सपा के मनोज कुमार पांडे ने भाजपा के अमरपाल मौर्य को हराया था। यहाँ बहुजन समाज पार्टी तीसरे नंबर पर रही थी। यहाँ कुल वोट शेयर में सपा को 39 % मत मिले थे, भाजपा को 36 % और बसपा को 16.46 %। कांग्रेस चौथे स्थान पर रही थी और उसे 4.74 % मत मिले थे।

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