अमेरिका ने हिंद महासागर में ईरानी सेना के जहाज (IRIS Dena) को सबमरीन से निशाना बनाने की वीडियो फुटेज जारी की है। अमेरिका के युद्ध सचिव पीट हेगसेथ ने बुधवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि हिंद महासागर में एक अमेरिकी सबमरीन ने एक ईरानी वॉरशिप को डुबो दिया।
उन्होंने कहा कि ईरानी वॉरशिप को एक टॉरपीडो के जरिए डुबो दिया गया। हम जीतने के लिए लड़ रहे हैं। न्यूज एजेंसी रॉयटर्स ने drill’s वेबसाइट के हवाले से बताया कि ईरान का यह युद्धपोत बंगाल की खाड़ी में 18 फरवरी से 25 फरवरी तक एक नौसैनिक अभ्यास में हिस्सा लेने के बाद लौट रहा था।
ईरान के जहाज पर सवार 87 की मौत
अमेरिका ने ईरान के जिस वॉरशिप को निशाना बनाया, उसपर सवार 87 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है। श्रीलंका के विदेश मंत्री विजिथा हेरथ ने बताया कि ईरान के जहाज पर 180 लोग सवार थे।
श्रीलंका ने कहा है कि और लोगों का पता लगाने के लिए उसका सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। 32 लोगों को जहाज से रेस्क्यू किया गया है और गाले के एक अस्पताल में उनका इलाज चल रहा है। श्रीलंका के उप विदेश मंत्री ने बताया कि यह वॉरशिप पूर्वी भारत के एक पोर्ट से लौट रहा था।
श्रीलंका नेवी के प्रवक्ता कमांडर ने कहा कि यह घटना श्रीलंकाई की समुद्री सीमा के बाहर हुई, लेकिन वे फिर भी मदद देने के लिए तैयार है। उन्होंने कहा, “हमें उम्मीद है कि हम और लोगों को बचा पाएंगे और जब तक हमें यकीन नहीं हो जाता, हम (ऑपरेशन) जारी रखेंगे।”
IRIS Dena का डूबना ईरान के लिए क्यों बड़ा झटका?
IRIS Dena की गिनती ईरान के नए और मॉर्डन जहाजों में होती थी। यह एक मध्यम आकार का युद्धपोत था, जिसका इस्तेमाल ईरानी नेवी गहरे समुद्र में गश्त करने के लिए करती थी। इस युद्धपोत में बड़ी तोपों, हवा से किए जाने वाले हमलों को रोकने के लिए मिसाइलें, एंटी शिप मिसाइलें और टॉरपीडो लगे थे। इस जहाज पर एक हेलीकॉप्टर भी रखा जा सकता था।
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मोजतबा खामेनेई, अयातुल्ला खामेनेई के दूसरे बेटे हैं। कहा जाता है कि वे अपने पिता के निधन के बाद उनका दफ्तर का काम देख रहे थे। उनके ईरान की आर्मी के टॉप अधिकारियों से अच्छे संबंध हैं। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
