Israel-Iran War News: इजरायल-ईरान के बीच चल रहे युद्ध का एक महीना पूरा हो गया है। इसी बीच, ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने बुधवार को दोहराया कि ब्रिटेन पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष में शामिल नहीं होगा। इतना ही नहीं उन्होंने जोर देकर कहा कि यह हमारा युद्ध नहीं है और इसमें शामिल होना हमारे राष्ट्रीय हित में नहीं है।
ब्रिटिश पीएम स्टार्मर ने घोषणा की कि ब्रिटेन इस हफ्ते के अंत में लगभग 35 देशों की एक बैठक की मेजबानी करेगा। इसमें होर्मुज स्ट्रेट को फिर से खोलने पर चर्चा की जाएगी। उन्होंने डाउनिंग स्ट्रीट में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कहा कि बैठक में फंसे हुए जहाजों और नाविकों की सुरक्षा की गारंटी देने और जरूरी चीजों की आवाजाही फिर से शुरू करने के लिए हम जो भी राजनीतिक उपाय कर सकते हैं, उसका आकलन किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि ब्रिटेन की विदेश सचिव यवेट कूपर चर्चा की मेजबानी करेंगी। ब्रिटिश पीएम ने आगे कहा कि इस पहल का उद्देश्य खाड़ी क्षेत्र में समुद्री सुरक्षा के लिए एकजुट होकर प्रयास करने हेतु देशों को एक साथ लाना है। स्टार्मर ने कहा कि वार्ता के बाद सैना के योजनाकार यह देखने के लिए इकट्ठा होंगे कि हम अपनी क्षमताओं को कैसे जुटा सकते हैं और लड़ाई खत्म होने के बाद होर्मुज स्ट्रेट को सुलभ और सुरक्षित कैसे बना सकते हैं।
यह भी पढ़ें: भारत-ईरान के बीच फिर शुरू हुआ तेल का व्यापार
यह हमारा युद्ध नहीं है- कीर स्टार्मर
ब्रिटेन की स्थिति को दोहराते हुए स्टार्मर ने कहा, “यह हमारा युद्ध नहीं है।” उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की टिप्पणियों का स्पष्ट संदर्भ देते हुए कहा, “मुझ पर और दूसरों पर चाहे कितना भी दबाव हो, चाहे कितना भी शोर हो, मैं अपने सभी निर्णयों में ब्रिटिश राष्ट्रीय हित को ध्यान में रखते हुए काम करूंगा और इसीलिए मैंने यह बिल्कुल स्पष्ट कर दिया है कि यह हमारा युद्ध नहीं है या हम इसमें घसीटे नहीं जाएंगे।”
कीर स्टार्मर ने कहा कि यह संघर्ष हमारे देश के भविष्य को प्रभावित करेगा, लेकिन उन्होंने जोर देकर कहा कि ब्रिटेन आर्थिक नतीजों से निपटने के लिए पूरी तरह से तैयार है। उन्होंने कहा, “यह तूफान कितना भी भयंकर क्यों न हो, हम इसका सामना करने के लिए अच्छी स्थिति में हैं।”
नाटो को लेकर क्या बोले ब्रिटिश पीएम
नाटो को लेकर ब्रिटिश पीएम ने कहा कि यह गठबंधन महत्वपूर्ण बना हुआ है। उन्होंने कहा, “नाटो दुनिया का अब तक का सबसे प्रभावी सैन्य गठबंधन है और इसने हमें कई दशकों तक सुरक्षित रखा है।” उन्होंने आगे कहा कि ट्रंप द्वारा टेलीग्राफ को दिए गए बयान में नाटो को कागजी शेर कहे जाने के बावजूद ब्रिटेन नाटो के प्रति पूरी तरह से प्रतिबद्ध है।
