ताज़ा खबर
 

कुरआन पढ़ने जाने के बजाय पोर्न देखते पकड़े गए स्टूडेंट, लिया गया यह एक्शन

करीब 900 लोगों की आबादी वाले इस गांव में अभी इस बात पर फैसला नहीं लिया गया है कि कैफे के उन मालिकों को क्या सजा दी जाए जिन्होंने प्रशासन का आदेश मानने से इनकार कर दिया।

प्रतीकात्मक तस्वीर

मुस्लिम बहुल देश इंडोनेशिया के एक गांव में कुरआन पढ़ने जाने के बजाय छात्र पोर्न फिल्म देखते पकड़े गए तो प्रशासन ने यहां वाईफाई की सुविधा ही बंद करवा दी। क्यूरी बारोह गांव के प्रशासन ने अपने एक आदेश में गांव में स्थित करीब आधा दर्जन कैफे मालिकों से कहा है कि वो तत्काल प्रभाव से वाईफाई की सुविधा बंद करें। इस गांव में इस्लामिक कानून लागू है। डेली मेल की खबर के मुताबिक बिरुएन जिले में स्थित यह गांव इस साल पहले भी सुर्खियों में आ चुका है। तब प्रशासन ने एक सख्त आदेश जारी करते हुए विवाह से पहले लड़का और लड़की के साथ में भोजन करने पर रोक लगा दी। आदेश में कहा गया कि जब तक वो दोनों शादी नहीं करते एक साथ खाना नहीं खा सकते।

गौरतलब है कि नए निर्णय में संबंधित अधिकारियों ने अपने फैसले का बचाव किया है। एक अधिकारी ने कहा कि इंटरनेट स्थानीय बच्चों की नैतकिता को खत्म कर रहा था। इसके अलावा पांच घंटे के लिए इंटरनेट के इस्तेमाल के लिए 21 यूएस सेंट भी खर्च करने पड़ते थे। गांव के मुखिया हलमियादी मुख्तरउद्दीन ने एएफपी को बताया, ‘पूर्व में शाम की प्रार्थना के बाद बच्चे कुरआन का अभ्यास करते थे, लेकिन जब से उन्हें वाईफाई की सुविधा मिलना शुरू हुई। वो इस तरह के काम कर रहे हैं।’ मुख्तरउद्दीन के मुताबिक छात्र पोर्न कंटेंट देखने के लिए गंदी साइटों का रुख कर रहे हैं, जो उनकी नैतिकता को बुरी तरह नुकसान पहुंचा रहा है।

हालांकि करीब 900 लोगों की आबादी वाले इस गांव में अभी इस बात पर फैसला नहीं लिया गया है कि कैफे के उन मालिकों को क्या सजा दी जाए जिन्होंने प्रशासन का आदेश मानने से इनकार कर दिया। वाईफाई बंद करने का ऐलान बीते शुक्रवार को किया गया था। गौरतलब है कि सितंबर में घोषित किए भोजन से जुड़े नियमों के तहत बिरुएन जिले में महिलाएं रेस्तरां और कॉफी शॉप में पुरुषों संग टेबल शेयर तब तक नहीं करेंगी जब तक उनके साथ पति या अन्य करीबी पुरुष रिश्तेदार ना हों। आदेश में सहकर्मियों को भी महिला संग भोजन करने से मना किया गया है।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App