पाकिस्तान के कराची में गुरुवार शाम को जुबैर बलोच को गोली मार दी गई। जुबैर बलोच पाकिस्तानी गैंगस्टर उजैर बलोच का भाई है। उजैर ‘पीपल्स अमन कमेटी’ का प्रमुख था, जिसपर अब बैन लग चुका है। जुबैर बलोच की हालत गंभीर है। पाकिस्तानी अखबार ‘डॉन’ के मुताबिक जुबैर के सीने और पेट में गोली लगी और उसे शहर के सिविल अस्पताल ले जाया गया। गोलीबारी में दो राहगीर भी घायल हो गए।

घर के बाहर खड़ा था बलोच

‘डॉन’ की रिपोर्ट में कहा गया है कि मोटरसाइकिल पर सवार हमलावरों ने अपने चेहरे ढके हुए थे और एक दुकानदार के जवाबी हमले के बाद वे भाग गए। सीनियर पुलिस अधिकारी सैयद असद रजा ने बताया कि घटना के समय जुबैर बलोच अपने घर के बाहर था।

2026 में रिलीज़ हुई भारतीय स्पाई-थ्रिलर फ़िल्म ‘धुरंधर’ में भारतीय एक्टर दानिश पंडोर ने उज़ैर बलोच का किरदार निभाया था। खबरों के मुताबिक जुबैर बलोच को 2012 में गिरफ़्तार किया गया था और पिछले साल जनवरी में उसे रिहा कर दिया गया था। रिपोर्ट्स के अनुसार पुलिस इस घटना की कई पहलुओं से जांच कर रही है, जिसमें गैंग की आपसी रंजिश और निजी दुश्मनी शामिल है।

फिर से शुरू हो सकता गैंगवार

ल्यारी के एक सोशल एक्टिविस्ट ने ‘डॉन’ को बताया कि ज़ुबैर बलोच कुछ महीने पहले एक ‘पॉलिटिकल पार्टी’ में शामिल हुआ था और उसने इलाके में पार्टी के झंडे भी लगाए थे। एक्टिविस्ट ने यह भी कहा कि ऐसी अफवाहें हैं कि ‘कराची ऑपरेशन’ के बाद दुबई और ईरान भाग गए कुछ गैंगस्टर अमेरिका-ईरान युद्ध के बाद वापस आ गए हैं। खबरों के मुताबिक इलाके के लोग गैंग वॉर के फिर से शुरू होने की आशंका से परेशान हैं।

उजैर बलोच की सात मामलों में जमानत याचिकाएं खारिज

पाकिस्तान की एक एंटी-टेररिज्म कोर्ट (ATC) ने मार्च में हत्या, पुलिस मुठभेड़ और विस्फोटक रखने से जुड़े सात मामलों में उजैर बलोच की ज़मानत याचिकाएं खारिज कर दीं। उजैर बलोच और अन्य लोगों पर 2012 में कालाकोट पुलिस स्टेशन के इलाके में कानून लागू करने वाले अधिकारियों पर बंदूक और विस्फोटकों से हमला करने का आरोप था। एक अदालत ने अप्रैल 2020 में उजैर बलोच को जासूसी का दोषी ठहराया और उसे 12 साल की जेल की सजा सुनाई।

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