अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ बातचीत के दावे को दोहराते हुए कहा कि ईरान समझौता करने के लिए बेचैन है, बस कहने से डर रहा है। ट्रंप ने आशंका जताई कि ईरानी नेताओं को डर है कि अगर वे अमेरिका के साथ समझौते की बात करते हैं तो ईरानी जनता उन्हें मार डालेगी।

वाशिंगटन में रिपब्लिकन पार्टी के चुनावी अभियान के लिए एक कार्यक्रम में ट्रंप ने कहा, “हमने 8 युद्ध खत्म किए, हम एक और जीतने जा रहे हैं। मध्य पूर्व में ईरान के साथ हम जो कर रहे हैं, वैसा पहले कभी किसी ने नहीं देखा। वे बातचीत कर रहे हैं और समझौता करना चाहते हैं, लेकिन कहने से डरते हैं क्योंकि उन्हें लगता है कि उनके अपने ही लोग उन्हें मार डालेंगे। उन्हें यह भी डर है कि हम उन्हें मार डालेंगे। ईरानी नेताओं को यह भी डर है कि अगर वे सार्वजनिक रूप से दिखाई दिए तो अमेरिका उन्हें मार डालेगा।”

पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष पर अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा, “हम पर हमला हुआ। ईरान ने हमारी एक बेहद महत्वपूर्ण वस्तु पर 100 मिसाइलें दागीं। 2,000 मील प्रति घंटे की रफ्तार से आती हुई 100 मिसाइलें एक अत्यंत शक्तिशाली और महत्वपूर्ण तत्व की ओर बढ़ रही थीं। हम पर आ रही 100 मिसाइलों में से 100 मिसाइलों को तुरंत मार गिराया गया, हवा में ही नष्ट कर दिया गया और वे समुद्र में गिर गईं।”

ट्रंप बोले- हमारे नेतृत्व में अमेरिका को फिर से बहुत सम्मान मिला

अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा, “हमने कई काम किए। सुलेमानी को मार गिराना बहुत महत्वपूर्ण था। वह एक दुष्ट व्यक्ति था। यह मेरे पहले कार्यकाल में हमारे द्वारा की गई एक बड़ी उपलब्धि थी। हमने सुलेमानी को मार गिराया और उसके बाद कभी भी ऐसा नेतृत्व नहीं हुआ जो उसका मुकाबला कर सके। वह एक दुष्ट व्यक्ति था लेकिन वह एक सच्चा नेता था और वह एक बहुत ही सख्त जनरल था। हमारे नेतृत्व में, अमेरिका को एक बार फिर से बहुत सम्मान मिला है। शायद अब हमें पहले से कहीं अधिक सम्मान प्राप्त है। मुझे नहीं लगता कि हमें पहले कभी इतना सम्मान मिला है।”

पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्ष पर डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, “मैंने कहा था कि हमें ईरान के बारे में कुछ करना होगा क्योंकि वे बहुत जल्द परमाणु हथियार हासिल करने वाले हैं और वे पागल हैं, हमें उन्हें रोकना होगा। मैंने कहा, ठीक है, हमें भारी नुकसान उठाना पड़ेगा। हम इस खास रास्ते से जाएंगे और फिर वापस यहीं आ जाएंगे लेकिन हमें जाकर उन्हें रोकना होगा। हर राष्ट्रपति को ऐसा करना चाहिए था।”

ओबामा ने ईरान को पूर्ण अधिकार दे दिए- डोनाल्ड ट्रंप

ट्रंप ने आगे कहा, “ओबामा को भी ऐसा करना चाहिए था। ओबामा ने ईरान को पूर्ण अधिकार दे दिए, सब कुछ ईरान को सौंप दिया। जब नेतन्याहू आए और उनसे ऐसा न करने की विनती की, तब भी उन्होंने ईरान को बहुत कम समय में हाई लेवल का परमाणु हथियार रखने का अधिकार दे दिया। मैंने पदभार संभालते ही उस समझौते को रद्द कर दिया। मैंने इसे रद्द नहीं किया होता तो उस हथियार का इस्तेमाल बहुत पहले ही हो चुका होता। हमने इसे दूसरी बार रोका, हमने हमला किया और उस ठिकाने को पूरी तरह नष्ट कर दिया।”

ट्रंप के दावों को ईरान किया खारिज

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा किए जा रहे दावे को ईरान के वरिष्ठ सैन्य अधिकारी ने खारिज कर दिया। सैन्य अधिकारी ने वाशिंगटन के हालिया राजनयिक कोशिशों को दिखावा बताया और कहा कि संयुक्त राज्य अमेरिका द्वारा कभी इस्तेमाल किया जाने वाला वैश्विक प्रभाव अब प्रभावी रूप से समाप्त हो गया है। पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें