पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार ने मंगलवार को कहा कि युद्ध शुरू होने के समय वह सऊदी अरब और ईरान के नेताओं के साथ लगातार संपर्क में थे। डार ने इस्लामाबाद में मीडिया को बताया कि जब संघर्ष शुरू हुआ, उस वक्त वह इस्लामी सहयोग संगठन (ओआईसी) की बैठक में भाग लेने के लिए सऊदी अरब में थे। जिसके बाद उन्होंने सऊदी अरब और ईरान के विदेश मंत्रियों से संपर्क किया।

पाकिस्तानी विदेश मंत्री ने कहा, ”मैंने अपने ईरानी समकक्ष को बताया कि सऊदी अरब के साथ हमारा पारस्परिक रक्षा समझौता है। उन्होंने मुझसे यह सुनिश्चित करने को कहा कि सऊदी अरब की धरती का इस्तेमाल हमारे खिलाफ न किया जाए।” डार ने कहा कि इस बातचीत के बाद सऊदी अरब पर युद्ध का प्रभाव न के बराबर रहा है। डार ने यह भी कहा कि पाकिस्तान युद्ध को समाप्त करने में सक्रिय भूमिका निभा रहा है।

युद्ध शुरू होने के समय सऊदी अरब और ईरान के नेताओं के साथ संपर्क में थे- इशाक डार

इशाक डार ने बताया कि युद्ध शुरू होने के बाद से उन्होंने तुर्की, बांग्लादेश, फलस्तीन, ईरान, उज्बेकिस्तान, सऊदी अरब, कतर, ओमान, इराक, बहरीन और अजरबैजान के विदेश मंत्रियों, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के उपप्रधानमंत्री और यूरोपीय संघ (ईयू) के उपाध्यक्ष से फोन पर बातचीत की है। डार ने यूएई में मिसाइल हमले में एक पाकिस्तानी नागरिक की मौत होने की भी पुष्टि की। उन्होंने बताया कि अब तक ईरान से 792 लोग लौट चुके हैं।

लाहौर में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास के बाहर विरोध प्रदर्शन

पाकिस्तानी छात्रों और मानवाधिकार कार्यकर्ताओं ने लाहौर में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास के बाहर प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन इजरायल-अमेरिका के हमले में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत और कराची में अमेरिकी सेना द्वारा एक दर्जन प्रदर्शनकारियों की हत्या के विरोध में मंगलवार को किया गया। प्रदर्शनकारियों से निपटने के लिए अमेरिकी वाणिज्य दूतावास के बाहर महिलाकर्मियों सहित भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था। पुलिस ने वाणिज्य दूतावास की ओर जाने वाले सभी रास्तों पर बैरिकेडिंग लगा दी है। प्रदर्शनकारियों ने पाकिस्तान से अमेरिकी राजदूत को तत्काल निष्कासित करने की मांग की। उन्होंने कहा कि सर्वोच्च नेता की हत्या पूरे मुस्लिम समुदाय के लिए एक क्षति है।

US-Israel Iran War LIVE Updates

(भाषा के इनपुट के साथ)