अमेरिका और ईरान के बीच चल रही युद्धविराम वार्ता के बीच एक खबर को लेकर काफी चर्चा रही। ईरान इंटरनेशनल ने सूत्रों के हवाले से दावा किया था कि ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने रविवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। बताया गया कि इस्तीफा ईरान के सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई को भेजा गया है लेकिन ईरान सरकार ने इस खबर का खंडन किया है।

इस मामले में राष्ट्रपति कार्यालय के संचार उप प्रमुख मेहदी तबातबाई ने X पर एक पोस्ट की। पोस्ट में लिखा है कि इस तरह की रिपोर्ट झूठी है।

तबातबाई ने कहा कि राष्ट्रपति पेजेशकियन जनता की सेवा से पीछे नहीं हटेंगे और ईरानी जनता की एकता को तोड़ने की इच्छा कभी पूरी नहीं होगी।

इसके अलावा सरकारी सूत्रों के हवाले से ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) से जुड़ी समाचार एजेंसी Tasnim ने बताया है कि राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने इस्तीफा नहीं दिया है और वे लगातार अपने पद की जिम्मेदारियां निभा रहे हैं।

क्या दावा किया गया था?

ईरान इंटरनेशनल ने सूत्रों के हवाले से दावा किया था कि अपने इस्तीफे के पत्र में पेजेशकियन ने कहा था कि फैसला लेने में IRGC के दखल के कारण वे सरकार नहीं चला पा रहे हैं और इस वजह से अपनी कानूनी जिम्मेदारियों को भी नहीं निभा पा रहे हैं और इस वजह से उन्होंने तत्काल प्रभाव से अपना पद छोड़ने की इच्छा जताई है।

इससे पहले इस तरह की खबरें सामने आई थी कि पिछले कई महीनों से ईरान की सरकार और देश के सैन्य-सुरक्षा संस्थानों के बीच तनाव चल रहा है। न्यूयॉर्क टाइम्स की एक रिपोर्ट में दावा किया गया था कि ईरान में फैसले लेने की जो प्रक्रिया है, उसमें कुछ चुनिंदा और प्रभावशाली लोगों का असर है। ये लोग IRGC में बड़े पदों पर रहे थे।

क्या है ईरान का अराश-ए-कमंगीर सिस्टम?

ईरान ने होमुर्ज जलमार्ग के पास अमेरिका के एडवांस ड्रोन एमक्यू-9 रीपर को मार गिराया। अल जजीरा के रिपोर्ट के मुताबिक, ईरान ने इस रीपर ड्रोन को मार गिराने के लिए अपने नए एयर डिफेंस सिस्टम का इस्तेमाल किया था, जिसका नाम अराश-ए-कमंगीर है। यहां क्लिक कर पढ़ें पूरी खबर।