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भारत में धार्मिक स्वतंत्रता की समीक्षा करना चाहती थी अमेरिकी टीम, सरकार ने नहीं दिया वीजा

यूएससीआईआरएफ समय-समय पर दुनिया के अलग-अलग देशों का मानवाधिकार, धार्मिक स्वतंत्रता, अंतरराष्ट्रीय कानूनों के आधार पर समीक्षा करती है। उनकी रिपोर्ट की सिफारिसों को ध्यान में रखते हुए अमेरिकी राष्ट्रपति अपनी नीति बनाते हैं।

Author वाशगिंटन | March 4, 2016 16:51 pm
भारत सरकार ने यूएस कमीशन की एक टीम को वीजा देने से मना कर दिया। यह टीम भारत आकर यहां धार्मिक स्वतंत्रा की स्थिति में आई कमी का आकलन करना चाहती थी। (Representative image/PTI)

भारत सरकार ने यूएस कमीशन की एक टीम को वीजा देने से मना कर दिया। यह टीम भारत आकर यहां धार्मिक स्वतंत्रा की स्थिति में आई कमी का आकलन करना चाहती थी। येयरमैन ऑफ यूएस कमीशन ऑन इंटरनेशनल रिलीजियस फ्रीडम (यूएससीआईआरएफ) रोबर्ट पी जार्ज ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि, “हम वीजा देने के लिए भारत सरकार के नकारात्मक रुख से बेहद आहत हैं।”

यूएससीआईआरएफ का तीन सदस्यों का एक दल एक हफ्ते के लिए भारत आकर यहां के अलग-अलग धार्मिक नेताओं, आंदोलनकारियों और सरकारी अधिकारियों से बात करना चाहता था। उन्होंने आगे कहा, ” एक बहुदेववादी, उदार, धर्मनिरपेक्ष, लोकतांत्रिक और अमेरिका का खास सहयोगी होने के नाते भारत को हमारी यात्रा को सहमति दे देनी चाहिए। हालांकि हमारा प्रयास रहेगा की भारत का दौरा करके अलग- अलग धार्मिक समुदाय, एनजीओ, सिविल सोसाएटी ग्रुप से बात करके जान पाएं कि क्या 2014 से देश में धार्मिक स्वतंत्रता के स्तर में गिरावट आई है।

वैसे यह पहली बार नहीं है जब यूएससीआईआरएफ की टीम को वीजा देने से मना किया गया हो। इससे पहली यूपीए के शासन काल में भी जब यूएससीआईआरएफ धार्मिक स्वतंत्रता के ऊपर वार्षिक रिपोर्ट बनाने के लिए भारत आना चाहती थी तब भी उन्हें वीजा देने से मना कर दिया गया था। यूएससीआईआरएफ दुनिया के अलग-अलग देशों का दौरा करती है। उन देशों का भी जो धार्मिक स्वतंत्रता के लिए बेहद खराब माने जाते हैं। जैसे पाकिस्तान, साउदी अरब, वियतनाम, चीन, म्यामार। यूएससीआईआरएफ समय-समय पर दुनिया के अलग-अलग देशों का मानवाधिकार, धार्मिक स्वतंत्रता, अंतरराष्ट्रीय कानूनों के आधार पर समीक्षा करती है। उनकी रिपोर्ट की सिफारिसों को ध्यान में रखते हुए अमेरिकी राष्ट्रपति अपनी नीति बनाते हैं। यूएससीआईआरएफ एक स्वतंत्र ईकाई है जिसके चैयरमैन का चयन अमेरिकी राष्ट्रपति दोनों सदनों के नेताओं के साथ मिलकर करते हैं।

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