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पुलिस की लापरवाही का नतीजा था जर्मनी में गुरद्वारे पर हमला

जर्मनी के एसन स्थित गुरद्वारे पर हुए आतंकी बम हमले की जांच कर रहे अधिकारियों ने माना है कि हमले के दो मुख्य संदिग्धों में से एक के स्कूल से जनवरी में मिली चेतावनी को नजरअंदाज कर उन्होंने गलती की थी।

Author बर्लिन | May 24, 2016 10:50 PM
पुलिस के अनुसार यह जानकारी मिलने के बावजूद उसने न्यायिक प्राधिकारियों को सतर्क नहीं किया था।

जर्मनी के एसन स्थित गुरद्वारे पर हुए आतंकी बम हमले की जांच कर रहे अधिकारियों ने माना है कि हमले के दो मुख्य संदिग्धों में से एक के स्कूल से जनवरी में मिली चेतावनी को नजरअंदाज कर उन्होंने गलती की थी। अब इस चूक की आतंरिक जांच की जा रही है। नानकसर सत्संग सभा गुरद्वारे पर करीब महीने भर पहले हमला किया गया था। जेलसेंकिरचेन शहर की पुलिस ने कहा कि एक माध्यमिक स्कूल के प्रमुख ने उन्हें बताया था कि जनवरी में 16 वर्षीय छात्र यूसुफ टी ने स्वनिर्मित विस्फोटक उपकरण से विस्फोट का एक वीडियो अपने मोबाइल फोन पर अपने सहपाठियों को दिखाया था।

पुलिस के अनुसार यह जानकारी मिलने के बावजूद उसने न्यायिक प्राधिकारियों को सतर्क नहीं किया था। क्षेत्रीय अखबार वेस्टड्यूश एल्गेमाइन जीटुंग (डब्ल्यूएजेड) ने एक पुलिस अधिकारी के हवाले से बताया कि युवक के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाय पुलिस स्कूल प्रबंधन के सहयोग से छात्रों पर आचार संहिता लागू करने के लिए सहमत हो गई और यह गलत फैसला था। टीवी चैनल डब्ल्यूडीआर की एक खबर में कहा गया है कि जांचकर्ताओं ने पिछले साल क्रिसमस से कुछ ही पहले यूसुफ के घर पर छापा मार कर उसके कमरे की तलाशी ली थी और उसका कंप्यूटर तथा मोबाइल फोन जब्त कर लिया था।

यूसुफ के शिक्षक ने चैनल को बताया कि यूसुफ को क्रिसमस की छुट्टियों के बाद वापस आने पर छापे का पता चला और उसके पास वह मोबाइल फोन रह गया जो छापे के दौरान जब्त नहीं किया गया था। शिक्षक के मुताबिक उन्होंने यूसुफ के सहपाठियों से सुना कि उसने अपने मोबाइल फोन पर उन्हें विस्फोट का वीडियो दिखाया था। स्कूल के प्रमुख ने स्थानीय पुलिस अधिकारियों को यह सूचना दी लेकिन उन्होंने दूसरे मोबाइल की जब्ती के लिए कोई प्रयास नहीं किए। इसके बाद 16 अप्रैल को गुरद्वारे में बम विस्फोट हुआ जिसमें एक सिख ग्र्रंथी सहित तीन व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गए थे। हमले के कई दिनों बाद जांचकर्ताओं को यूसुफ के साथी मोहम्मद बीके ऐसेन स्थित मकान से यूएसबी ड्राइव पर स्वनिर्मित बम के प्रायोगिक विस्फोट का वीडियो मिला था। वीडियो में दिखाया गया था कि दो व्यक्ति खुले इलाके में एक बम विस्फोट करते हैं। इसी तरह के बम में गुरद्वारे के प्रवेश द्वार पर विस्फोट किया गया था।

नॉर्थ राइन वेस्टफालिया के गृह मंत्रालय ने पिछले महीने के आखिर में पुष्टि की थी कि गुरद्वारे में एक सिख जोड़े का विवाह हो रहा था और दोनों किशोर गुरद्वारे में बम विस्फोट करना चाहते थे। लेकिन दोनों किशोर प्रवेश द्वार से अंदर नहीं जा सके थे। हमले के बाद दोनों किशोरों को गिरफ्तार कर लिया गया। तीसरा संदिग्ध वेसल का 17 वर्षीय तोल्गा था जिसे इस महाने के शुरू में नॉर्थ राइने वेस्टफालिया से गिरफ्तार किया गया था। इन सभी को ऐहतियात के तौर पर हिरासत में रखा गया है।

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