china use veto to protect azhar masood as global terrorist - मसूद अजहर को ग्लोबल आतंकी घोषित करने में चीन ने फिर डाला अड़ंगा, लगाया वीटो - Jansatta
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मसूद अजहर को ग्लोबल आतंकी घोषित करने में चीन ने फिर डाला अड़ंगा, लगाया वीटो

अमेरिका, फ्रांस और ब्रिटेन द्वारा अजहर को एक वैश्विवक आतंकवादी के रूप में सूचीबद्ध कराने के प्रस्ताव को चीन की तकनीकी रोक आज निष्प्रभावी कर सकती है । जिसके मद्देनजर यह टिप्पणी आई है।

Author November 2, 2017 7:57 PM
आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद का प्रमुख मौलाना मसूद अजहर। (फाइल फोटो)

चीन ने पाकिस्तान आधारित जैश ए मोहम्मद (जेईएम) प्रमुख और पठानकोट आतंकी हमले के सरगना मसूद अजहर को संयुक्त राष्ट्र द्वारा एक वैश्विक आतंकवादी घोषित कराने की अमेरिका, फ्रांस और ब्रिटेन की एक और कोशिश में आज अड़ंगा डाल दिया। बींिजग ने कहा है कि कोई आमराय नहीं बन पाने के चलते उसने इस कदम को खारिज किया है।
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में वीटो शक्ति रखने वाला और परिषद के स्थायी सदस्य चीन ने जैश ए मोहम्मद प्रमुख को प्रतिबंधित करने के भारत के कदम को बार – बार बाधित किया है।  हालांकि, जेईएम पहले से ही संरा की सूची में प्रतिबंधित है।
दरअसल, अजहर पर सुरक्षा परिषद की अलकायदा प्रतिबंध कमेटी के तहत प्रतिबंध लगाने की ये कोशिशें की जा रही हैं।
चीनी विदेश मंत्रालय में मौजूद सूत्रों ने यहां पीटीआई को बताया , ‘‘चीन ने इस कदम को खारिज कर दिया क्योंकि आमराय नहीं है। ’’ अमेरिका, फ्रांस और ब्रिटेन द्वारा अजहर को एक वैश्विवक आतंकवादी के रूप में सूचीबद्ध कराने के प्रस्ताव को चीन की तकनीकी रोक आज निष्प्रभावी कर सकती है । जिसके मद्देनजर यह टिप्पणी आई है।

आधिकारिक टिप्पणी में संकेत मिलता है कि चीन संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव में अर्जी को वीटो करेगा, ताकि यह निष्प्रभावी हो जाए। यह लगातार दूसरा साल है जब चीन ने प्रस्ताव को बाधित किया है। पिछले साल चीन ने इसी कमेटी के समक्ष भारत की अर्जी रोकने के लिए यही काम किया था।  इससे पहले, चीनी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता हुया चुनंियग ने एक मीडिया ब्रींिफग में कहा, ‘‘हमने एक तकनीकी रोक लगाई ताकि कमेटी को और अधिक वक्त मिल सके और इसके सदस्य इस विषय पर चर्चा कर सकें। लेकिन इस विषय पर अब तक आमराय नहीं है।’’ चीन की निरंतर तकनीकी रोक का बचाव करते हुए हुआ ने कहा, ‘‘हम कमेटी के आदेश और इसकी नियमावली का पालन करना जारी रखेंगे तथा कमेटी के सदस्यों के साथ लगातार संचार एवं समन्वय रखेंगे। ’’ कुछ अन्य सवालों के जवाब देते हुए हुआ ने कहा कि कमेटी के अपने नियम हैं। कमेटी का आमराय पर पहुंचना बाकी है। हुआ ने कहा कि कमेटी का एक सहमति पर पहुंचना बाकी है। यही बात है।

हुआ की टिप्पणी इस ओर इशारा करती है कि चीनी राष्ट्रपति शी चिनंिफग के दूसरे कार्यकाल के दौरान अजहर को प्रतिबंध कराने की किसी कोशिश में अड़ंगा डालने की अपनी नीति को चीन जारी रखेगा। पिछले दो साल में चीन ने अजहर को एक वैश्विक आतंकवादी घोषित कराने की भारत की कोशिशों में अड़ंगा डाल दिया है। पिछले साल मार्च में चीन 15 सदस्यीय सुरक्षा परिषद में एक मात्र ऐसा देश था जिसने भारत की अर्जी को बाधित किया था। वहीं, परिषद के 14 सदस्य देशों ने अजहर को प्रतिबंधित करने के भारत के कदम का समर्थन किया था।

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