हजार किलोमीटर लंबी सुरंग बनाकर ब्रह्मपुत्र नदी की धारा मोड़ने की फिराक में चीन - China is Considering Making a Tunnel for Turning the Water Flow of Brahmaputra River - Jansatta
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हजार किलोमीटर लंबी सुरंग बनाकर ब्रह्मपुत्र नदी की धारा मोड़ने की फिराक में चीन

ब्रह्मपुत्र नदी पर चीन की ओर से कई बांध बनाए जाने को लेकर भारत बीजिंग को अपनी चिंताओं से पहले ही अवगत करा चुका है।

Author बीजिंग | October 30, 2017 9:13 PM
भारत में इस नदी को ब्रह्मपुत्र के नाम से जाना जाता है।

चीन के इंजीनियर ऐसी तकनीकों का परीक्षण कर रहे हैं जिनका इस्तेमाल ब्रह्मपुत्र नदी के जलप्रवाह को अरुणाचल प्रदेश की सीमा से लगे तिब्बत से शिनजियांग की तरफ मोड़ने के लिए 1,000 किलोमीटर लंबी सुरंग बनाने में किया जा सकता है। हांगकांग के अखबार ‘साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट’ ने खबर दी है कि इस कदम से शिनजियांग के कैलीफोर्निया में तब्दील होने की उम्मीद है। इस कदम से पर्यावरणविदों में चिंता पैदा हो गई है, क्योंकि इसका हिमालयी क्षेत्र पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।

यह प्रस्तावित सुरंग चीन के सबसे बड़े प्रशासनिक क्षेत्र को पानी मुहैया कराने का काम करेगी। दक्षिणी तिब्बत की यारलुंग सांगपो नदी के जलप्रवाह को शिनजियांग के ताकालाकान रेगिस्तान की तरफ मोड़ा जाएगा। भारत में इस नदी को ब्रह्मपुत्र के नाम से जाना जाता है। ब्रह्मपुत्र नदी पर चीन की ओर से कई बांध बनाए जाने को लेकर भारत बीजिंग को अपनी चिंताओं से अवगत करा चुका है। तिब्बत-शिनजियांग जल सुरंग के प्रस्ताव का मसौदा तैयार करने में सहायक रहे शोधकर्ता वांग वेई ने कहा कि शोध कार्य में 100 से अधिक वैज्ञानिकों के अलग-अलग दल बनाए गए।

चीन की सरकार ने मध्य युनान प्रांत में इसी साल अगस्त में 600 किलोमीटर से अधिक लंबी सुरंग बनाने का काम आरंभ किया। शोधकर्ताओं का कहना है कि यूनान में बन रही सुरंग नई प्रौद्योगिकी का पूर्वाभ्यास है। इसका इस्तेमाल ब्रह्मपुत्र नदी के जल प्रवाह को मोड़ने में किया जा सकता है। उल्लेखनीय है कि हाल ही में चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग ने अपने एक अन्य फैसले में तिब्बत में रह रहे चरवाहों से अपनी बस्ती भारत-चीन सीमा के पास बसाने और चीनी क्षेत्र की सुरक्षा करने को कहा है। दक्षिण-पश्चिम चीन के तिब्बत में स्थित लुन्झे भारत के अरुणाचल प्रदेश के पास है, जिस पर चीन अपना दावा करता है और इसे दक्षिणी तिब्बत कहता है।

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