ताज़ा खबर
 

ट्रंप के साथ ईमेल लीक विवाद में अमेरिका में ब्रिटिश राजदूत ने दिया इस्तीफा

अमेरिकी राष्ट्रपति ने सोमवार को कहा था कि व्हाइट हाउस डैरेक के साथ कोई सरोकार नहीं रखेगा। इसके बाद ब्रिटिश विदेश कार्यालय ने उनके इस्तीफे की घोषणा की।

Author लंदन | July 10, 2019 11:18 PM
अमेरिका में ब्रिटिश राजदूत सर किम डैरेक

अमेरिका में ब्रिटिश राजदूत सर किम डैरेक ने लीक हुए उन ई-मेल को लेकर चल रहे कूटनीतिक विवाद के बीच बुधवार को इस्तीफा दे दिया जिनमें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के प्रशासन को ‘‘अकुशल और अनाड़ी’’ बताया गया था। अमेरिकी राष्ट्रपति ने सोमवार को कहा था कि व्हाइट हाउस डैरेक के साथ कोई सरोकार नहीं रखेगा। इसके बाद ब्रिटिश विदेश कार्यालय ने उनके इस्तीफे की घोषणा की। डैरेक ने ब्रिटिश विदेश कार्यालय में वरिष्ठम अधिकारी और राजनयिक सेवा के प्रमुख सर सिमोन मैकडोनाल्ड को संबोधित अपने इस्तीफा पत्र में कहा, ‘‘इस दूतावास से आधिकारिक दस्तावेजों के लीक होने के बाद से मेरी स्थिति और राजदूत के रूप में मेरे शेष कार्यकाल की अवधि को लेकर काफी अटकलें लगाई जा रही हैं। मैं इन अटकलों पर विराम लगाना चाहता हूं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘मौजूदा स्थिति मेरे लिए अपनी वैसी भूमिका निभाना असंभव बना रही है जैसी मैं चाहता हूं।’’ ब्रिटेन के विदेश कार्यालय ने डैरेक के इस्तीफे की पुष्टि की है।

गौरतलब है कि ब्रिटिश राजदूत के उन कूटनीतिक ई-मेल के लीक होने के बाद विवाद खड़ा हो गया है जिनमें ट्रंप प्रशासन को ‘‘अकुशल और अनाड़ी’’ बताया गया है। मैकडोनाल्ड ने पत्र के जवाब में कहा, ‘‘डैरेक ने ‘‘लंबे और प्रतिष्ठित कैरियर को पूरी गरिमा और पेशेवर ढ़ंग से निभाया।’’ सिमोन ने कहा, ‘‘आप हम में से सबसे अच्छे हैं।’’ प्रधानमंत्री टेरेसा मे ने कहा कि यह ‘‘बड़े खेद का विषय’’ है कि डैरेक को इस्तीफा देने की आवश्यकता महसूस हुई। ब्रिटिश विदेश मंत्री जेरेमी हंट का भी डैरेक को साथ मिला। हंट ने कहा कि ‘‘अत्यंत समर्पण और सम्मान’’ के साथ ब्रिटेन की सेवा के बाद इस्तीफा देने संबंधी डैरेक के फैसले से वह ‘‘बहुत दुखी’’ है।

संबंधित घटनाक्रम सप्ताहांत में तब हुआ था जब डैरेक की ओर से ब्रिटेन सरकार के कुछ अधिकारियों को भेजे गए गोपनीय ई-मेल मीडिया में आ गए थे।
ट्रंप ने सिलसिलेवार ट्वीट में कहा था कि डैरेक बहुत ही मूर्ख व्यक्ति हैं। उन्होंने कहा था, ‘‘उन्हें (राजदूत) ब्रेक्जिट समझौते की विफलता को लेकर अपने देश और प्रधानमंत्री टेरेसा मे से बात करनी चाहिए थी, न कि मेरे बारे में परेशान होना चाहिए था।’’

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ लिंक्डइन पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App