Bangladesh News: बांग्लादेश में एक हिंदू मंदिर के रख रखाव का काम करने वाले व्यक्ति का शव घर से लापता होने के तीन दिन बाद पेड़ से लटका हुआ मिला। एक अल्पसंख्यक समूह ने इस बात की जानकारी दी है। समूह ने मामले के दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

बांग्लादेश हिंदू बौद्ध ईसाई एकता परिषद ने शनिवार देर रात बताया कि चटगांव जिले के रहने वाले नयन साधु खुरुशकुल यूनियन में मौजूद शिवकाली मंदिर की देखभाल करने के साथ पुजारी का काम भी करते थे। पुलिस और कॉक्स बाजार इलाके के लोगों के मुताबिक 19 अप्रैल की देर शाम दो अज्ञात व्यक्ति नयन को अपने साथ ले गए और तीन दिन बाद, उनका शव गांव के बाहरी इलाके में एक पहाड़ी क्षेत्र में पेड़ से लटका हुआ मिला।

पुलिस तय नहीं कर पाई मामला हत्या का है या आत्महत्या का

कालेद कांथा नामक दैनिक ने एक पुलिस अधिकारी के हवाले से बताया, ”जब हमने शव बरामद किया, तब तक वह सड़ना शुरू हो चुका था।” अखबार के मुताबिक, पुलिस अब तक तय नहीं कर सकी है कि यह मामला हत्या का है या आत्महत्या का। परिषद ने एक बयान जारी कर नयन की हत्या के दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।

बयान में कहा गया, ”एकता परिषद इस घटना की कड़ी निंदा करती है और दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी और कड़ी सजा की मांग करती है।” बीएचबीसीयूसी की वरिष्ठ सदस्य काजल देबनाथ ने ‘पीटीआई-भाषा’से कहा, ”हम यह बिल्कुल नहीं समझ पा रहे हैं कि एक दूरदराज के इलाके में स्थित छोटे मंदिर के एक साधारण संरक्षक की हत्या के पीछे क्या मकसद हो सकता है।” बांग्लादेश पूजा उत्सव परिषद की कॉक्स बाजार यूनिट के महासचिव जॉनी धर ने कहा कि नयन के लापता होने के तीन दिन बाद शव बरामद किया गया, जिससे संकेत मिलता है कि उसकी हत्या की गई है।

पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा

पुलिस ने बताया कि मौत के सही कारणों का पता लगाने के लिए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस ने बताया कि नयन की पत्नी ने 19 अप्रैल को पति के गुमशुदा होने की एफआईआर दर्ज कराई थी। इसके बाद मामले की जांच शुरू की गई थी। इससे पहले नौ अप्रैल को परिषद ने कहा था कि बांग्लादेश में इस साल एक जनवरी से 31 मार्च के बीच सांप्रदायिक हिंसा की 133 घटनाएं हुई हैं।

बंगाल चुनाव के बीच मोदी सरकार का नया दांव

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के बीच केंद्र की मोदी सरकार ने एक बड़ा फैसला किया है और बांग्लादेश में भारत के अगले हाई कमिश्नर के तौर पर दिनेश त्रिवेदी की नियुक्ति की है। दिनेश त्रिवेदी के बंगाल चुनाव से संबंध की बात करें तो वे पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के बेहद करीबी नेता था, जिन्होंने 2021 के विधानसभा चुनाव में उनका साथ छोड़ बीजेपी जॉइन की थी। पढ़ें पूरी खबर…