इजरायल और अमेरिका के संयुक्त हमले में ईरान के टॉप लीडर रहे अयातुल्ला खामेनेई की मौत के बाद चर्चा है कि उनके बेटे मोजतबा को ईरान का सर्वोच्च नेता बनाया जा रहा है। मीडिया में आ रही इन खबरों पर भारत में ईरान के दिवंगत सर्वोच्च नेता के प्रतिनिधि अब्दुल मजीद हकीम इलाही ने कहा कि अभी तक किसी का भी इस पद के लिए चुनाव नहीं किया गया है।
ईरान के प्रतिनिधि ने न्यूज एजेंसी पीटीआई से कहा, “यह खबर सच नहीं है क्योंकि अभी तक किसी को चुना या नॉमिनेट नहीं किया गया है और प्रक्रिया अभी जारी है। वह इस पद के उम्मीदवारों में से एक हैं। इस पद के लिए कई उम्मीदवार हैं और मोजतबा खामेनेई उनमें से एक हैं। उन्हें चुनने के पीछे कारण यह नहीं है कि वह अयातुल्ला खामेनेई के बेटे हैं बल्कि उनकी योग्यताओं के कारण उन्हें चुनने पर विचार किया जा सकता है। यह अभी अंतिम निर्णय नहीं है और इस पद के लिए योग्य व्यक्ति का चयन करने के लिए अभी भी मूल्यांकन किया जा रहा है।”
86 वर्षीय खामेनेई की 28 फरवरी 2026 को इजरायल और अमेरिका के संयुक्त सैन्य हमले में मृत्यु हो गयी। खामेनेई प्रमुख पदाधिकारियों के संग जिस इमारत में बैठक कर रहे थे, उस पर हमले में उनके समेत 44 अन्य लोगों की मौत हो गयी। मरने वालों में ईरान के रक्षा मंत्री और आईआरजीसी के प्रमुख भी शामिल थे। खामेनेई के साथ ही उनकी बहू, बेटी, नाती भी हमले में मारे गये। हमले में घायल खामेनेई की बीवी की इलाज के दौरान मौत हो गयी।
ईरान के अयातुल्ला का संदेश
वहीं, ईरान के सरकारी टेलीविजन ने गुरुवार को ईरान के एक अयातुल्ला का संदेश प्रसारित किया, जिसमें इजराइलियों और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का खून बहाए जाने का आह्वान किया गया। यह संदेश अयातुल्ला अब्दुल्ला जवादी अमोली ने दिया। अमोली ने बयान में कहा, ”हम अब एक बड़ी परीक्षा के कगार पर हैं, हमें इस एकता और इस गठजोड़ को पूरी तरह से बरकरार रखने के लिए सतर्क रहना होगा।” उन्होंने यहूदीवादियों का खून बहाने, ट्रंप का खून बहाने का आह्वान किया। अयातुल्ला ने कहा, ”इस दौर के इमाम कहते हैं, दमनकारी अमेरिका से लड़ो, उसके खून का जिम्मा मेरे कंधों पर है।”
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भारत ने ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर खामेनेई की मौत पर शोक जताया है। गुरुवार दोपहर भारत के विदेश सचिव विक्रम मिस्री नई दिल्ली स्थित ईरान के दूतावास पहुंचे और वहां रखी गई शोक पुस्तिका में भारत की तरफ से हस्ताक्षर किए और संवेदना व्यक्त की। पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें
