ताज़ा खबर
 

अमेरिका का हाल: 800 अप्रवासियों को गलती से दे दी नागरिकता

होमलैंड सिक्योरिटी डिपार्टमेंट के इंस्पेक्टर जनरल जॉन रॉथ ने पाया कि अप्रवासियों ने नागरिकता हासिल करने के लिए दूसरे नाम और जन्म तिथि का प्रयोग किया।

Author वॉशिंगटन | September 20, 2016 1:03 PM
वॉशिंगटन स्थित डिपार्टमेंड ऑफ होमलैंड सिक्योरिटी का मुख्यालय (AP Photo)

अमेरिकी सरकार द्वारा दूसरे देशों से आए 800 से ज्यादा अप्रवासियों को गलती से नागरिकता देने की बात सामने आई है। इंटरनल होमलैंड सिक्योरिटी ऑडिट के मुताबिक अमेरिकी सरकार ने करीब 858 अप्रवासियों को गलती से यूएस की नागरिकता दे दी है जो राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए चिंता का विषय होने के साथ आव्रजन धोखाधड़ी की उच्च दर है।

होमलैंड सिक्योरिटी डिपार्टमेंट के इंस्पेक्टर जनरल जॉन रॉथ ने पाया कि अप्रवासियों ने नागरिकता हासिल करने के लिए दूसरे नाम और जन्म तिथि का प्रयोग किया। इस तरह की विसंगतियों को इसलिए नहीं पकड़ा जा सका क्योंकि उनके फिंगर प्रिंटस सरकारी डेटाबेस में मौजूद नहीं थे। रिपोर्ट में किसी भी अप्रवासी के नाम का जिक्र नहीं है, लेकिन इंस्पेक्टर जनरल जॉन रॉथ ने कहा कि ये सभी “स्पेशल इंट्रस्ट कंट्रीज” से है, जो कि संयुक्त राज्य अमेरिका की राष्ट्रीय सुरक्षा को लेकर चिंता का विषय है और पड़ोसी देशों से आव्रजन धोखाधड़ी की उच्च दर है। रिपोर्ट में उन देशों की पहचान नहीं हो सकी है।

डिपार्टमेंड ऑफ होमलैंड सिक्योरिटी ने कहा कि निष्कर्षों से पता चला है कि आव्रजन अधिकारियों के सामने लंबे समय से क्या दिक्कत आ रही है। जिन पुराने रिकॉर्ड्स में फिंगरप्रिंट्स के बारे में जानकारी मौजूद है उनको इलेक्ट्रॉनिकली सर्च करना मुश्किल है। उन्होंने कहा कि आव्रजन अधिकारी इन फाइलों को अपलोड करने की प्रक्रिया में है और उसके बाद अधिकारी हर एक फाइल देख सकेंगे, जिससे धोखाधड़ी के संभवित मामले की पहचान की जा सकेगी।

रॉथ्स की रिपोर्ट में कहा गया कि 3,15,000 अप्रवासियों में कई के फिंगर प्रिंट्स और अंतिम निर्वासन के आदेश फेडरल डेटाबेस से गायब हैं, जो कि भगोड़े अपराधी हो सकते हैं। आव्रजन और कस्टम विभाग ने करीब 1,48,000 अप्रवासियों के फिंगर प्रिंट्स को डिजीटल रिकॉर्ड से जोड़ने के बारे में समीक्षा नहीं की है। साल 2008 में कस्टम एंड बॉर्डर प्रोटेक्शन के अधिकारी ने ऐसे 206 अप्रवासियों की पहचान की थी जिन्होंने दूसरे नाम और बायोलॉजिकल जानकारियों के जरिए अमेरिका की नागरिकता और अन्य अप्रवासी सुविधाएं ग्रहण की थी। जिनमें से कुछ मामलों की जांच चल रही है।

 

 

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App