इस्लामाबाद वार्ता में ईरान का प्रतिनिधित्व करने वाले ईरानी की संंसद के स्पीकर ने रविवार दोपहर कहा कि हमने आगे बढ़ने वाली पहलें सामने रखीं, लेकिन बातचीत के इस दौर में विरोधी पक्ष हमारा विश्वास जीतने में विफल रहा। उन्होंने कहा कि अमेरिका ने ईरान के तर्क और सिद्धांतों को समझ लिया है। अब उन्हें यह तय करना है कि वे हमारा विश्वास जीत पाते हैं या नहीं।
इससे पहले सुबह के समय अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने वार्ता विफल होने की जानकारी दी थी। वाशिंगटन वापस लौटने से पहले अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने कहा कि बुरी खबर यह है कि वार्ता विफल हो गई है। यह अमेरिका से ज्यादा ईरान के लिए बुरी खबर है। बातचीत विफल होने के बाद ईरानी मीडिया की रिपोर्ट्स में कहा गया कि शांति वार्ता इसलिए खत्म हो गई क्योंकि अमेरिका की अत्यधिक मांगों के कारण किसी रूपरेखा पर सहमति नहीं बन पाई। होर्मुज जलमार्ग, परमाणु अधिकार और अन्य मुद्दे विवाद के मुख्य बिंदुओं में शामिल रहे हैं।
‘दो महत्वपूर्ण मुद्दों पर हमारे विचार अलग-अलग थे’
ईरानी मीडिया के अनुसार, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि बातचीत अविश्वास के माहौल में हुई, इसलिए यह स्वाभाविक है कि हमें केवल एक ही सत्र में किसी समझौते पर पहुंचने की उम्मीद नहीं करनी चाहिए थी। उन्होंने कहा कि बातचीत के दौरान कई मुद्दों पर हमारी सहमति बनी, लेकिन दो महत्वपूर्ण मुद्दों पर हमारे विचार अलग-अलग थे और इस वजह से कोई समझौता नहीं हो पाया।
Iran America Negotiations News LIVE: ईरान-अमेरिका शांति वार्ता से जुड़ी खबरों के अपडेट के लिए जुड़े रहिए जनसत्ता के साथ...
Iran America LIVE News: ईरान बना चुका होता परमाणु हथियार - नेतन्याहू
बेंजामिन नेतन्याहू ने दावा किया कि अगर इजरायल ने समय रहते कार्रवाई न की होती तो ईरान अब तक परमाणु हथियार बना चुका होता। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि ईरान के खिलाफ इजरायल का सैन्य अभियान अभी खत्म नहीं हुआ है. इजरायली प्रधानमंत्री ने कहा कि हमें अभी और भी बहुत कुछ करना है. लेकिन अभी भी यह स्पष्ट रूप से कहा जा सकता है कि हमने ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल की हैं।
Iran America LIVE News: इस्लामाबाद में नहीं हिला ट्रंप की मर्जी के बिना एक भी पत्ता
डोनाल्ड ट्रंप इस्लामाबाद में ईरान के साथ शांति वार्ता में खुद मौजूद नहीं थे, लेकिन उनके कहे बिना एक पत्ता भी नहीं हिल रहा था। डोनाल्ड ट्रंप लगातार अपनी टीम के संपर्क में थे। अमेरिका की टीम जिसका नेतृत्व उपराष्ट्रपति जेडी वेंस कर रहे थे, बातचीत के दौरान कई बार ट्रंप से बात करती रही। पाकिस्तान की मध्यस्थता में शनिवार को करीब 21 घंटे तक चली ये बातचीत किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सकी।
Iran America LIVE News: ईरान का होर्मुज पर बड़ा बयान
ऑस्ट्रिया में मौजूद ईरान की एम्बेसी की ओर से कहा गया है कि नाकाबंदी रास्ता खोलती नहीं, बल्कि उसे बंद करती है> यह स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को खोल नहीं सकती, सिर्फ उसकी आवाजाही को सीमित कर सकती है। इस खुद पैदा की गई समस्या से निकलने का एक ही रास्ता है कि बातचीत में खुलापन और लचीलापन दिखाना। तर्क और समझदारी के आगे झुकना ही समाधान है। ये बात उसने ट्रंप के उस पोस्ट के जवाब में लिखी है, जिसमें उन्होंने सिर्फ दो विकल्प बचने की बात कही थी।
Iran America LIVE News: ईरानी प्रतिनिधि मंडल इस्लामाबाद से रवाना
अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल के वॉशिंगटन लौटने के बाद अब ईरानी प्रतिनिधिमंडल भी इस्लामाबाद से तेहरान के लिए रवाना हो गया है। इस पूरे घटनाक्रम के बाद इस्लामाबाद शांति वार्ता मझधार में फंसती हुए नजर आ रही है।
Iran America News: हमने अपनी शर्ते अमेरिका के सामने रखीं, वो हमारा विश्वास जीतने में विफल रहे- अमेरिका
इस्लामाबाद वार्ता में ईरान का प्रतिनिधित्व करने वाले ईरानी की संंसद के स्पीकर ने कहा- हमने आगे बढ़ने वाली पहलें सामने रखीं, लेकिन बातचीत के इस दौर में विरोधी पक्ष अंततः ईरानी प्रतिनिधिमंडल का विश्वास जीतने में विफल रहा।
उन्होंने कहा कि अमेरिका ने ईरान के तर्क और सिद्धांतों को समझ लिया है और अब यह तय करने का समय उनका है कि वे हमारा विश्वास जीत पाते हैं या नहीं। उन्होंने कहा, "इन वार्ताओं की प्रक्रिया को सुगम बनाने में पाकिस्तान के प्रयासों के लिए मैं आभारी हूं।"
Iran America News LIVE: ओमान की इंटरनेशनल तेल कंपनियों को पेशकश
ओमान की सरकारी न्यूज एजेंसी ने बताया कि ओमान ने स्थानीय और अंतर्राष्ट्रीय तेल कंपनियों के लिए पांच तेल और गैस रियायती क्षेत्र ऑफर किए हैं।
Iran America News LIVE: ऑस्ट्रेलिया ने भी जताई निराशा
शांति वार्ता विफल होने पर ऑस्ट्रेलिया ने भी निराशा जताई है। ऑस्ट्रेलिया के विदेश मंत्री पेनी वॉन्ग ने कहा - अब प्राथमिकता यह होनी चाहिए कि संघर्ष-विराम जारी रहे और बातचीत फिर से शुरू हो।
Iran America News LIVE: बातचीत सफल न होने पर यूके ने जताई निराशा
ईरान और अमेरिका के शांति वार्ता विफल होने पर यूके ने निराशा जताई है। यूके के स्वास्थ्य मामलों के ब्रिटिश सेक्रेटरी वेस स्ट्रीटइंग ने कहा कि यह "निराशाजनक" है कि इस्लामाबाद में बातचीत रुक गई है। स्ट्रीटइंग ने कहा, "यह ज़ाहिर तौर पर निराशाजनक है कि हमें बातचीत में अभी तक कोई सफलता नहीं मिली है और ईरान में इस युद्ध का कोई ऐसा अंत नहीं हुआ है जो टिकाऊ हो।"
Iran America News LIVE: दो महीने में अपनी रिफाइनिंग क्षमता बहाल करने का प्रयास करेगा ईरान
ईरान को उम्मीद है कि वह अपनी ज़्यादातर क्षतिग्रस्त रिफाइनिंग और वितरण सुविधाओं को एक से दो महीने के भीतर, हमले से पहले की क्षमता के 70-80% तक बहाल कर लेगा। ईरान के तेल उप मंत्री मोहम्मद सादेक अज़ीमीफ़र ने बताया कि मरम्मत का काम शुरू हो चुका है और उम्मीद है कि लावान रिफाइनरी का एक हिस्सा लगभग 10 दिनों के भीतर फिर से काम करना शुरू कर देगा, जबकि अन्य इकाइयाँ धीरे-धीरे फिर से चालू हो जाएगी।
Iran America News LIVE: हम अमन के पक्ष में लेकिन पाकिस्तान में जो होगा फेल होगा- शहनवाज हुसैन
इस्लामाबाद वार्ता फेल होने पर बीजेपी के नेता सैय्यद शहनवाज हुसैन ने कहा कि पाकिस्तान एक फेल स्टेट है, वहां जो होगा फेल होगा। हम अमन के पक्ष में हैं।
Iran America News LIVE: सऊदी अरब ने ईस्ट-वेस्ट तेल पाइपलाइन की पूरी क्षमता तक बहाल की
सऊदी अरब ने ईस्ट-वेस्ट पाइपलाइन के जरिए तेल पंप करने की पूरी क्षमता बहाल कर दी है। इस पाइपलाइन की क्षमता लगभग सात मिलियन बैरल प्रति दिन है। मंत्रालय ने बताया कि ईरान संघर्ष के दौरान हुए हमलों से प्रभावित ऊर्जा सुविधाएं और पाइपलाइन ठीक हो गई हैं और उनकी परिचालन क्षमता बहाल हो गई है।
Iran America News LIVE: शांति वार्ता विफल होने पर क्या बोले के.पी. फैबियन?
पूर्व भारतीय राजनयिक के.पी. फैबियन ने शांति वार्ता विफल होने पर कहा - जेडी वेंस ने जो कहा कि उन्होंने ईरान को एक अंतिम प्रस्ताव दिया है, जिसे उन्होंने स्वीकार नहीं किया है। दूसरे शब्दों में, उनका प्रस्ताव अंतिम है। अब बातचीत के लिए कुछ भी बाकी नहीं है। इसलिए बातचीत खत्म हो चुकी है। उन्होंने यही कहा था।
उन्होंने आगे कहा- मेरी दो बात हैं। पहली बात यह महत्वपूर्ण है कि बातचीत हुई... इस बात की संभावना है कि राष्ट्रपति ट्रंप तथाकथित दो हफ़्ते के विराम के बाद, युद्ध फिर से शुरू करने का आदेश न दें। तब क्या होगा? प्रधानमंत्री नेतन्याहू, हिज़्बुल्लाह से लड़ने के बहाने, लेबनान पर बमबारी जारी रखेंगे। उनका मकसद ईरान को उकसाकर इज़रायल पर हमला करने के लिए मजबूर करना है। क्यों? क्योंकि जब युद्धविराम लागू हुआ, तो नेतन्याहू के खिलाफ भ्रष्टाचार की कार्यवाही फिर से शुरू हो गई थी।
शांति वार्ता में फिलिस्तानी और लेबनान के मसले को भी शामिल किया जाना चाहिए- सैयद मोहसिन तकवी
ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के उपाध्यक्ष मौलाना सैयद मोहसिन तकवी ने कहा - अगर ईरान इस बात पर जोर दे रहा है कि इसमें लेबनान को भी शामिल किया जाए, और फ़िलिस्तीन को भी शामिल किया जाए तो यह होना चाहिए। ऐसा इसलिए है क्योंकि ईरान का इजरायल के साथ कोई सीमा विवाद नहीं है। ईरान का इजरायल के साथ जो मौजूदा टकराव है, वह सिर्फ फिलिस्तीन और लेबनान को लेकर है। इजरायल जब चाहता है, उन पर बमबारी करता है। इसलिए, ईरान इस मुद्दे से पीछे नहीं हट सकता... बातचीत होनी चाहिए, और बातचीत के ज़रिए ही समाधान तलाशे जाने चाहिए।
Iran America News LIVE: शांतिवार्ता के दौरान तीन टैंकर होर्मुज से निकले
इस्लामाबाद में जिस टाइम ईरान और पाकिस्तान के बीच शांतिवार्ता चल रही थी, उस समय होर्मजु जलमार्ग से तीन टैंकर गुजरे। रॉयटर्स की खबर के अनुसार, होर्मुज से गुजरने वाले टैंकर्स पर लाइबेरिया और चीन के झंडे लगे थे।
Iran America News LIVE: विफल शांति वार्ता पर पाकिस्तान का बयान
इस्लामाबाद में आयोजित शांति वार्ता के विफल होने पर पाकिस्तान के विदेश मंत्री ने कहा- पाकिस्तान ने आसिम मुनीर के साथ मिलकर कई दौर की गहन बातचीत कराई गई, जो 24 घंटे तक चली और सकारात्मक परिणाम के साथ समाप्त हुई। पाकिस्तान ने दोनों देशों के प्रयासों की सराहना करते हुए उम्मीद जताई कि वे इसी सकारात्मक भावना के साथ आगे बढ़ते हुए स्थायी शांति और क्षेत्रीय स्थिरता सुनिश्चित करेंगे। साथ ही यह भी कहा गया कि सभी पक्षों के लिए युद्धविराम के प्रति अपनी प्रतिबद्धता बनाए रखना बेहद जरूरी है और पाकिस्तान भविष्य में भी दोनों देशों के बीच संवाद को बढ़ावा देने में अपनी भूमिका निभाता रहेगा।
Iran America News LIVE: पाकिस्तान और दोस्तों से संपर्क जारी रहेगा- ईरान
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा - ईरान, पाकिस्तान और इस क्षेत्र में 'हमारे अन्य मित्रों' के बीच संपर्क और परामर्श जारी रहेंगे।
विदेश मामलों के विशेषज्ञ रोबिंदर सचदेव ने कहा- इस्लामाबाद में बातचीत से कोई सकारात्मक नतीजा नहीं निकला यह दुर्भाग्यपूर्ण है। यह इसमें शामिल सभी पक्षों के लिए दुर्भाग्यपूर्ण है... मुझे लगता है कि अब कड़े रुख अपना लिए गए हैं। मुझे उम्मीद है कि संघर्ष-विराम के बचे हुए दिनों में शायद कुछ और बातचीत हो और शायद दोनों पक्ष युद्ध के कगार से पीछे हट जाएं।
Iran America News LIVE: दो महत्वपूर्ण मुद्दों पर हमारे विचार अलग-अलग थे- ईरान
ईरानी मीडिया के अनुसार- ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि बातचीत अविश्वास के माहौल में हुई, इसलिए यह स्वाभाविक है कि हमें केवल एक ही सत्र में किसी समझौते पर पहुंचने की उम्मीद नहीं करनी चाहिए थी। उन्होंने कहा कि बातचीत के दौरान कई मुद्दों पर हमारी सहमति बनी,लेकिन दो महत्वपूर्ण मुद्दों पर हमारे विचार अलग-अलग थे और इस वजह से कोई समझौता नहीं हो पाया।
Iran America News LIVE: अमेरिका की वजह से विफल हुई बातचीत- मौलाना यासूब
लखनऊ में शिया धर्मगुरु मौलाना यासूब अब्बास ने कहा- पूरी बातचीत पूरी तरह से विफल हो गई है क्योंकि अमेरिका अपनी शर्तों पर आधारित समझौता चाहता था, जबकि ईरान ने यह स्पष्ट कर दिया कि कोई भी समझौता केवल उसकी अपनी शर्तों पर ही आधारित होगा। अमेरिका की शर्तें स्वीकार नहीं की जाएंगी।
Iran America Peace Talks LIVE: सीजफायर विफल होने पर पाकिस्तान ने क्या कहा?
पाकिस्तान के विदेश मंत्री ने कहा - सीजफायर हासिल करने में पाकिस्तान के प्रयासों की सराहना करने के लिए मैं अमेरिका और ईरान के प्रति आभार व्यक्त करना चाहूंगा। यह अत्यंत आवश्यक है कि संबंधित पक्ष सीजफायर के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को बनाए रखें।
जेडी वेंस ने इस बारे में कहा, ''मैं अधिक विस्तार से नहीं बताऊंगा क्योंकि 21 घंटे तक बंद कमरे में बातचीत करने के बाद मैं सार्वजनिक रूप से बात नहीं करना चाहता लेकिन सीधी सी बात यह है कि हमें उनकी ओर से इस बात की स्पष्ट प्रतिबद्धता दिखनी चाहिए कि वे परमाणु हथियार हासिल करने की कोशिश नहीं करेंगे और न ही ऐसे साधन हासिल करने की कोशिश करेंगे, जिनसे वे बहुत जल्दी परमाणु हथियार हासिल कर सकें।'' उन्होंने कहा कि अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का ''मुख्य लक्ष्य'' ईरान को ''परमाणु हथियार'' हासिल करने से रोकना है और ''हमने इन वार्ताओं के जरिये यही हासिल करने की कोशिश की है।'
शांति वार्ता को लेकर जेडी वेंस ने मीडिया को लेकर क्या- क्या बताया?
जेडी वेंस ने कहा - हम 21 घंटे से इस पर काम कर रहे हैं और अच्छी खबर यह है कि हमारे बीच कई सार्थक चर्चाएं हुई हैं। 'बुरी खबर यह है कि हम किसी समझौते पर नहीं पहुंच सके।'
उन्होंने कहा - हमने अपनी सीमाएं स्पष्ट कर दी हैं कि हम किन बातों पर समझौता करने को तैयार हैं और किन पर नहीं।
उन्होंने कहा कि ईरानी प्रतिनिधिमंडल ने ''हमारी शर्तों को स्वीकार न करने का विकल्प चुना है।''
जब उनसे यह बताने को कहा गया कि मुख्य अड़चनें क्या थीं और ईरानियों ने किन बातों को ठुकराया तो उन्होंने इस बारे में विस्तार से बताने से इनकार कर दिया।
Iran America Peace Talks LIVE: ईरान ने अमेरिकी पोतों के होर्मुज में दाखिल होने का दावा खारिज किया
ईरान की संयुक्त सैन्य कमान के एक प्रवक्ता ने अमेरिका के उस दावे का खंडन किया है जिसमें कहा गया था कि अमेरिकी नौसेना के दो विध्वंसक पोत होर्मुज जलडमरूमध्य से होकर गुजरे थे। ईरानी मीडिया के अनुसार, प्रवक्ता ने कहा कि ''किसी भी पोत के गुजरने पर निर्णय लेने का अधिकार ईरान के सशस्त्र बलों के पास है।''
Iran America Peace Talks LIVE: अमेरिका ने बातचीत में गलत अंदाजा लगाया- ईरानी मीडिया
ईरान की न्यूज एजेंसी तस्नीम को सूत्र ने बताया कि अमेरिका पर बातचीत में गलत अंदाजा लगाया। उन्होंने कहा कि अमेरिका ने ठीक वैसा ही अंदाजा लगाया जैसा उसने युद्ध को लेकर लगाया था। उन्होंने चेतावनी दी कि होर्मुज जलमार्ग में तब तक कुछ भी नहीं बदलेगा 'जब तक अमेरिका किसी वाजिब समझौते पर राजी नहीं हो जाता।'
Iran America Peace Talks LIVE: ईरान को कोई जल्दबाजी नहीं- तस्नीम न्यूज एजेंसी
ईरान की न्यूज एजेंसी तस्नीम ने अनुसार, ईरान की तरफ से बातचीत विफल होने के बाद कहा हया है कि ईरान को बातचीत की कोई जल्दी नहीं और अब गेंद अमेरिका के पाले में हैं। एजेंसी ने एक जानकार सूत्र के हवाले से कहा है कि ईरान ने बातचीत में कई वाजिब पहल और प्रस्ताव पेश किए। अब गेंद अमेरिका के पाले में है कि वह इन मुद्दों को असलियत की नजर से देखे।
Iran America Negotiations News LIVE: क्या होर्मुज पर बिगड़ी बात?
अल जजीरा के अनुसार, इस्लामाबाद में हुई बातचीत में होर्मुज जलमार्ग एक बड़ी अड़चन था। इस मुद्दे पर अमेरिका का असल रुख क्या है, यह अब भी पूरी तरह से स्पष्ट नहीं है; और यही अनिश्चितता इन वार्ताओं की कठिनाई का मूल कारण है।
Iran America News LIVE: अमेरिका की अत्यधिक मांगों के कारण नहीं बन पाई सहमति- ईरान मीडिया
ईरान की मीडिया रिपोर्ट्स में कहा गया है - इस्लामाबाद में ईरान और अमेरिका के बीच बातचीत समाप्त हो गई क्योंकि अमेरिका की अत्यधिक मांगों के कारण किसी रूपरेखा पर सहमति नहीं बन पाई। होर्मुज जलमार्ग, परमाणु अधिकार और अन्य मुद्दे विवाद के मुख्य बिंदुओं में शामिल रहे हैं।
अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी वेंस अपने वतन वापस लौटने के लिए अपने विमान में सवार हो गए हैं।
जेडी वेंस ने कहा- हमें एक पक्का वादा चाहिए कि ईरान परमाणु हथियार बनाने की कोशिश नहीं करेगा और न ही वे ऐसे साधन जुटाएंगे जिनसे वे तेजी से परमाणु हथियार हासिल कर सकें। यही अमेरिकी राष्ट्रपति का मुख्य लक्ष्य है। इन बातचीत के जरिए हमने यही हासिल करने की कोशिश की है। उनका परमाणु कार्यक्रम जैसा भी था और उनके पास पहले जो एनरिचमेंट सुविधाएं थीं, वे नष्ट कर दी गई हैं।
उन्होंने आगे कहा - सीधा सा सवाल यह है कि क्या हमें ईरानियों की तरफ से परमाणु हथियार न बनाने की एक बुनियादी और पक्की इच्छाशक्ति दिखाई देती है ? .... न सिर्फ अभी, न सिर्फ दो साल बाद, बल्कि लंबे समय के लिए? अभी तक हमें ऐसा कुछ नहीं दिखा है, लेकिन हमें उम्मीद है कि आगे दिखेगा।
Iran America News LIVE: बातचीत में कई कमियां रहीं- जेडी वेंस
जेडी वेंस ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा - ...बातचीत में जो भी कमियां रहीं, वे पाकिस्तानियों की वजह से नहीं थीं। उन्होंने बहुत ही शानदार काम किया और सचमुच हमारी और ईरानियों की मदद करने की कोशिश की, ताकि हमारे बीच की खाई भर सके और कोई समझौता हो सके।
उन्होंने कहा- हम पिछले 21 घंटों से लगातार इस काम में लगे हुए हैं और हमने ईरानियों के साथ कई अहम चर्चाएं की हैं। यह तो अच्छी खबर है। बुरी खबर यह है कि हम किसी समझौते पर नहीं पहुंच पाए हैं। मुझे लगता है कि यह ईरान के लिए ज़्यादा बुरी खबर है, न कि USA के लिए। इसलिए हम बिना किसी समझौते पर पहुंचे ही USA वापस जा रहे हैं... उन्होंने हमारी शर्तें मानने से इनकार कर दिया है।
