ताज़ा खबर
 

परवेज मुशर्रफ का सांसद बनने का सपना चूर, नहीं लड़ पाएंगे चुनाव

परवेज मुशर्रफ ने चित्रराल के NA-1 से नामांकन पत्र दाखिल किया था, रिटर्निंग ऑफिसर मोहम्मद खान ने इसे अस्वीकार कर दिया।

Author Published on: June 19, 2018 4:01 PM
पूर्व पाक सैन्य शासक परवेज मुशर्रफ। (File Photo)

पाकिस्तान में आम चुनाव से पहले पूर्व तानाशाह और ऑल पाकिस्तान मुस्लिम लीग (APML) चीफ परवेज मुशर्रफ को करारा झटका लगा है। उनका सांसद बनने का सपना अब लगभग चूर हो चुका है। दरअसल रिटर्निंग ऑफिसर ने उनके नामांकन पत्र को अस्वीकार कर दिया है। इसके अलावा मुत्ताहिदा कौमी मूवमेंट पाकिस्तान (MQM-P) के नेता डॉक्टर फारुक सत्तार के नामांकन पत्र को भी अस्वीकार कर दिया गया है। पीटीआई चीफ इमरान खान, पीपीपी सुप्रीमो बिलावट भुट्टो जरदारी और पीएमएल-नवाज के नेता हमजा शाहबाज और मरियम नवाज के नामांकन पत्र को स्वीकार कर लिया गया है। ये जानकारी डॉन न्यूज टीवी के हवाले से हैं। पाकिस्तान चुनाव आयोग (ECP) द्वारा मामले में पूरी जानकारी का अभी इंतजार है। पाकिस्तान में नामांकन जांच की आखिरी तारीफ आज समाप्त हो गई है।

परवेज मुशर्रफ ने चित्रराल के NA-1 के दाखिल किया था नामांकन पत्र
परवेज मुशर्रफ ने चित्रराल के NA-1 से नामांकन पत्र दाखिल किया था, रिटर्निंग ऑफिसर मोहम्मद खान ने इसे अस्वीकार कर दिया। दरअसल पिछले सप्ताह सुप्रीम कोर्ट ने अपने उस निर्देश को वापस ले लिया, जिसमें पूर्व तानाशाह मुशर्रफ को अदालत की सुनवाई में शामिल होने में नाकाम रहने के बाद भी नामांकन पत्र दाखिल करने की इजाजत दी गई थी। पूर्व में पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि पूर्व आर्मी चीफ का नामांकन पत्र रिटर्निंग ऑफिसर द्वारा स्वीकार किया जाएगा। लेकिन यह तभी माना जा सकता है जब मुशर्रफ व्यक्तिगत रूप से लाहौर सुप्रीम कोर्ट में उपस्थित हो। इस दौरान NA-1 के रिटर्निंग ऑफिसर ने मुशर्रफ को सुप्रीम कोर्ट में उपस्थित होने के लिए शाम चार बजे तक का समय दिया। वह नहीं आए। उनके वकील भी नामांकल पत्र की जांच के लिए उपस्थित होने में विफल रहे।

फारुख सत्तार ने कराची के NA-245 भरा था नामांकन
MQM-P लीडर फारुख सत्तार ने NA-245 क्षेत्र से नामांकन पत्र दाखिल किया था। मगर NA-245 के रिटर्निंग ऑफिसर अहसान खान ने उनके नामांकन पत्र को अस्वीकार कर दिया। रिपोर्ट के मुताबिक दो मामलों में उन्हें भगोड़ा घोषित किया जा चुका है। अपने फैसले में रिटर्निंग ऑफिसर ने बताया कि MQM-P लीडर ने दो मामले से जुड़ी जानकारी को छिपाए रखा। जबकि दो मामलों में उन्हें भगोड़ा घोषित किया गया है। एक धारा-144 के तहत लाउड स्पीकर से जुड़ा से मामला था। एक अन्य मामले में उनके खिलाफ सोलजर बाजार पुलिस स्टेशन में यात्रियों को परेशान करने का केस दर्ज किया गया है।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ लिंक्डइन पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App

Next Stories
1 शादी के दिन ही दुल्‍हन ने किया ब्रेकअप, दोस्‍तों को लेकर हनीमून पर गई
2 ऑडी की लाखों कारों में लगाया गड़बड़ सॉफ्टवेयर, गिरफ्तार हुए कंपनी के चीफ एग्‍जीक्‍यूटिव
3 चीनी राजदूत चाहते हैं भारत-पाक-चीन करें सम्‍मेलन, भड़की कांग्रेस ने कहा- दखल न दे ड्रैगन