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खांसी-सर्दी के साथ डेंगू से बचाव में भी कारगर है ये आयुर्वेदिक काढ़ा, जानिये घर पर बनाने की विधि

Immunity Boosting Tips: गिलोय का जूस खून में व्हाइट ब्लड सेल्स बढ़ाने में काफी मददगार है। डेंगू के दौरान नियमित रूप से इसके सेवन से ब्लड प्लेटलेट्स बढ़ते हैं

coronavirus, immunity, immunity boosting drinks, dengue, cold and coughएक स्वस्थ व्यक्ति के ब्लड में सामान्य तौर पर डेढ़ लाख से लेकर साढ़े 4 लाख तक प्लेटलेट्स प्रति माइक्रोलीटर होते हैं।

Ayurvedic Kadha Recipe: आज के इस कोरोना काल में जहां लोग अपनी इम्युनिटी बढ़ाने की तमाम कोशिशें कर रहे हैं। वहीं, बदलते मौसम की अन्य बीमारियों से बचने का भी प्रयास कर रहे हैं। बरसात के मौसम में मच्छरों की अधिकता हो जाती है। यही कारण है कि इस सीजन में डेंगू बीमारी के ज्यादातर मरीज सामने आते हैं। हालांकि, डेंगू के आम लक्षणों में बी तेज बुखार, बदन में दर्द और खांसी-जुकाम जैसी परेशानियां हो सकती हैं। ऐसे में इस बीमारी को पहचानना वर्तमान समय में उतना आसान नहीं है क्योंकि ये लक्षण बेहद आम हो चुके हैं। डेंगू के कारण शरीर में प्लेटलेट्स की संख्या बेहद कम हो जाती है जो कि घातक साबित हो सकती है। ऐसे में इस आयुर्वेदिक काढ़े का सेवन इस बीमारी के साथ ही सर्दी खांसी दूर करने में भी कारगर है –

अमृत समान काढ़ा: डेंगू बुखार गंभीर स्थिति में जानलेवा तक हो सकता है। एक स्वस्थ व्यक्ति के ब्लड में सामान्य तौर पर डेढ़ लाख से लेकर साढ़े 4 लाख तक प्लेटलेट्स प्रति माइक्रोलीटर होते हैं। लेकिन इस बीमारी में प्लेटलेट्स में बेहद तेजी से गिरावट होती है। इस कारण मरीज का शरीर बहुत कमजोर हो जाता है जिससे जान जाने तक का खतरा होता है। ऐसे में अगर मरीज गिलोय का सेवन करते हैं तो प्‍लेटलेट्स जल्दी बढ़ते हैं।

गिलोय काढ़ा से ये परेशानियां होती हैं दूर: गिलोय का जूस खून में व्हाइट ब्लड सेल्स बढ़ाने में काफी मददगार है। डेंगू के दौरान नियमित रूप से इसके सेवन से ब्लड प्लेटलेट्स बढ़ते हैं। साथ ही, सर्दी-खांसी और फीवर को दूर करने में भी गिलोय कारगर है। इसके अलावा, इस बीमारी के कारण होने वाले बदन दर्द से भी राहत मिलती है। वहीं, रोग प्रतिरोधक क्षमता यानी इम्युनिटी को बढ़ाने में भी गिलोय का काढ़ा सक्षम है।

कैसे घर पर बनाएं काढ़ा: गिलोय काढ़ा बनाने के लिए आप 2 इंच अदरक, 3-4 तुलसी के पत्ते, 1 गिलोय स्टिक, 2 काली मिर्च और 2 कॉर्न लें। अब 2 गिलास पानी में अदरक, तुलसी और गिलोय डालें। अब पानी की मात्रा आधे होने तक उबालें। इसके बाद गैस बंद कर दें और उसमें काली मिर्च और लौंग मिलाकर बर्तन पर ढ़क्कन लगा दें। 5 से 10 मिनट के बाद काढ़ा को छानकर आप इसे गुनगुना पीयें। इस काढ़े का रोजाना आधा गिलास सेवन किया जा सकता है।

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