पाचन से जुड़ी समस्याएं जैसे गैस, एसिडिटी और ब्लोटिंग की परेशानी ज्यादातर लोगों को प्रभावित कर रही है। पाचन की समस्या का असर इम्यूनिटी और मानसिक सेहत तक पर देखने को मिलता है। एक्सपर्ट्स के मुताबिक डाइट में फर्मेंटेड फूड का सेवन करने से आंतों के गुड बैक्टीरिया बढ़ते हैं और पाचन तंत्र मजबूत होता है। फर्मेंटेड फूड जो गट हेल्थ के लिए बेहद जरूरी माने जाते हैं, इनका चलन आज से नहीं बल्कि प्राचीन काल से ही होता आ रहा है। ये फूड आंतों में गुड बैक्टीरिया को बढ़ाते हैं।
ज्यादातर लोग फर्मेंटेड फूड के नाम पर सिर्फ इडली और डोसा को जानते हैं, लेकिन इनके अलावा भी कई ऐसे फूड हैं जो प्रोबायोटिक्स से भरपूर होते हैं। ये फूड आंतों की सेहत सुधारने के साथ-साथ इम्यूनिटी मजबूत करने में भी मदद करते हैं। फर्मेंटेड फूड जो गट हेल्थ के लिए बेहद जरूरी माने जाते हैं, इनका चलन आज से नहीं बल्कि प्राचीन काल से ही होता आ रहा है। आइए जानते हैं कि प्रोबायोटिक फूड का सेवन कैसे गट हेल्थ में सुधार करता है और कौन-कौन से ऐसे फूड हैं जो गट को बेहतर करते हैं।
गट हेल्थ क्यों है जरूरी?
गट हेल्थ का दुरुस्त होना ओवरऑल सेहत के लिए बेहद जरूरी है। रिसर्च के मुताबिक शरीर की लगभग 70% इम्यूनिटी गट से जुड़ी होती है। गट में मौजूद गुड बैक्टीरिया न सिर्फ पोषक तत्वों के अवशोषण को बेहतर बनाते हैं, बल्कि शरीर को संक्रमण से लड़ने की ताकत भी देते हैं। गुड बैक्टीरिया बढ़ाने के लिए गट-फ्रेंडली और फर्मेंटेड फूड्स का नियमित सेवन जरूरी माना जाता है।
जब गट हेल्थ बिगड़ती है तो सूजन, मोटापा, कब्ज, गैस और एसिडिटी जैसी समस्याएं होने लगती हैं। गट हेल्थ बिगड़ने पर मानसिक सेहत भी बिगड़ने लगती है जिससे एंग्जायटी, मूड स्विंग्स और थकान जैसी दिक्कतें हो सकती हैं।
फर्मेंटेड फूड का सेवन कैसे गट हेल्थ में सुधार करता है?
Stanford School of Medicine (2021) की एक प्रसिद्ध स्टडी के अनुसार, जो लोग 10 हफ्तों तक फर्मेंटेड फूड का अधिक सेवन करते हैं, उनके गट में माइक्रोबायोम डाइवर्सिटी काफी बढ़ जाती है। ये फूड्स सीधे लाइव बैक्टीरिया शरीर में भेजते हैं जो पेट के खराब बैक्टीरिया को मार कर अच्छे बैक्टीरिया की संख्या बढ़ाते हैं। फूड के फर्मेंटेशन से सख्त रेशे टूट जाते हैं, पोषक तत्वों का अवशोषण बढ़ता है और पेट में मौजूद गुड बैक्टीरिया को पोषण मिलता है, जिससे भोजन हल्का और अधिक स्वादिष्ट लगता है। ऐसे समय में जब पाचन संबंधी समस्याएं बहुत आम हैं और अल्ट्रा प्रोसेस फूड्स का सेवन करना लोगों की आदत बन चुका है, ऐसे में इन पारंपरिक फर्मेंटेड फूड की ओर लौटना सेहत के लिए जरूरी है। पेट की देखभाल के लिए सप्लीमेंट या सख्त आहार की जरुरत नहीं होती, बल्कि कुछ खास फूड्स की जरूरत होती है।
कौन से है गट फ्रेंडली फर्मेंटेड फूड
कांजी
कांजी सर्दियों में गट हेल्थ के लिए बेहद फायदेमंद मानी जाती है। इसे काली गाजर या चुकंदर को सरसों और पानी के साथ फर्मेंट करके तैयार किया जाता है। कांजी पाचन को दुरुस्त करने में मदद करती है और पेट की सूजन व ब्लोटिंग को कम करती है। पैकेज्ड प्रोबायोटिक ड्रिंक्स के मुकाबले ये ज्यादा नेचुरल और हल्की होती है। कांजी शरीर को हाइड्रेट रखती है और खासतौर पर उन लोगों के लिए फायदेमंद है जिन्हें खाने के बाद भारीपन महसूस होता है। दोपहर के खाने के साथ या खाने के बीच में इसका सेवन करने से पाचन बेहतर होता है और पेट पर बोझ नहीं पड़ता।
दही का करें सेवन
घर में जमाया गया ताजा दही गट हेल्थ के लिए सबसे बेहतर फर्मेंटेड फूड माना जाता है। इसमें मौजूद गुड बैक्टीरिया पाचन को आसान बनाते हैं और एसिडिटी को कंट्रोल करने में मदद करते हैं। कई रिसर्च में ये बात साबित हो चुकी है कि पैकेट वाले दही के मुकाबले घर का दही ज्यादा एक्टिव प्रोबायोटिक से भरपूर होता है, जो आंतों की अंदरूनी परत को मजबूत करता है। सादा दही, हल्का नमक डालकर या छाछ के रूप में इसका सेवन करने से पेट को राहत मिलती है। जो लोग नियमित रूप से दही खाते हैं उनका पाचन दुरुस्त रहता है, खाने के बाद भारीपन कम महसूस होता है और दिनभर एनर्जी लेवल बना रहता है।
पंटा भात
पंटा भात जो दक्षिण भारत और पूर्वी राज्यों में बहुत लोकप्रिय नाश्ता है। इसे बनाने के लिए रात के बचे हुए चावल को पानी में भिगोकर छोड़ दिया जाता है, जिससे ये नेचुरल तरीके से फॉर्मेट हो जाता है। ये फूड ठंडा, हल्का और प्रोबायोटिक्स से भरपूर होता है। पंटा भात का सेवन करने से पाचन दुरुस्त रहता है और शरीर में पोषक तत्वों का अवशोषण बढ़ता है। इसे दही, प्याज या हरी मिर्च के साथ खाएं तो ये हल्का होने के बावजूद पेट भरने वाला और संतोषजनक नाश्ता बन जाता है।
टेपाचे
टेपाचे मैक्सिको का हल्का फर्मेंटेड ड्रिंक है, जो अनानास के छिलकों, पानी और गुड़ से तैयार किया जाता है। जब इसे फर्मेंट किया जाता है तो ये हल्का फिज़ी,खट्टा-मीठा और ताजगी देने वाला बन जाता है। नेचुरल फर्मेंट ये ड्रिंक पाचन को बेहतर बनाता है और गट लाइनिंग को संतुलित रखता है। हल्का और हाइड्रेटिंग ये ड्रिंक पेट पर बोझ नहीं डालता और पाचन को दुरुस्त करता है।
डिस्क्लेमर
यह स्टोरी सामान्य जानकारी के उद्देश्य से तैयार की गई है। किसी भी तरह के स्वास्थ्य संबंधी बदलाव या डाइट में परिवर्तन करने से पहले अपने डॉक्टर की सलाह जरूर लें।
