High BP & Kidney Function Relation: हाई ब्लड प्रेशर (Hypertension) और किडनी का रिश्ता बहुत गहरा और जटिल है। शरीर में किडनी का मुख्य काम खून को फिल्टर करके टॉक्सिन्स को बाहर निकालना होता है, जिसके लिए उसे महीन रक्त वाहिकाओं (Blood Vessels) के नेटवर्क पर निर्भर रहना पड़ता है। जब शरीर में ब्लड प्रेशर लगातार बढ़ा रहता है, तो यह इन नाजुक वाहिकाओं को सख्त और संकरा बना देता है, जिससे किडनी तक पर्याप्त ऑक्सीजन और पोषण नहीं पहुंच पाता और उसकी फिल्टर करने की क्षमता धीरे-धीरे घटने लगती है। वहीं दूसरी तरफ, एलोपैथिक बीपी की दवाओं की खुराक या लंबे समय तक भारी मात्रा में खुद से पेन किलर व दवाएं लेना किडनी के फंक्शन को प्रभावित कर सकता है। ऐसे में यह सवाल बेहद अहम हो जाता है कि बीपी को सुरक्षित तरीके से कैसे कंट्रोल रखा जाए?

आयुर्वेदिक और यूनानी दवाओं के एक्सपर्ट डॉक्टर सलीम जैदी ने बताया एलोपैथिक बीपी की दवाओं का लम्बे समय तक सेवन किडनी की कार्यक्षमता को प्रभावित कर सकता है। बिना जांच के रेगुलर दवाओं का सेवन करना किडनी पर साइड इफेक्ट कर सकता है। रोजाना बीपी की जांच करना और कुछ देसी चीजों को डाइट में शामिल करना बीपी को कंट्रोल करने में असरदार साबित होता है। आइए एक्सपर्ट से जानते हैं कि कौन-कौन से ऐसे सुपरफूड हैं जिनका सेवन करने से बीपी कंट्रोल रहता है।

लहसुन का करें सेवन

लहसुन एक ऐसा हर्ब है जिसका सेवन कई तरह की दवाओं में किया जाता है। अगर हाई बीपी के मरीज रोजाना दो से तीन कली लहसुन का सेवन करें तो उनका बीपी नॉर्मल हो सकता है। लहसुन में मौजूद एलिसिन (Allicin) एक ऐसा सक्रिय यौगिक है जो ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने के साथ-साथ कोलेस्ट्रॉल और ट्राइग्लिसराइड को कम करने में भी मदद कर सकता है। आयुर्वेद में लहसुन को कच्चा खाने की सलाह दी गई है। इसके लिए लहसुन की कलियों को बारीक काटकर पानी के साथ ले सकते हैं या उसका पाउडर बनाकर उसका सेवन कर सकते हैं। आयुर्वेद के मुताबिक सुबह खाली पेट करीब दो कलियां या लगभग एक चौथाई से आधा चम्मच लहसुन पाउडर का सेवन असरदार साबित होता है।

काली मिर्च खाएं

काली मिर्च किचन में मौजूद एक ऐसा मसाला है जिसका सेवन करके हाई बीपी को कंट्रोल रखा जा सकता है। इसमें मौजूद पाइपरिन (Piperine) इसका प्रमुख सक्रिय यौगिक है जो बीपी कंट्रोल करता है और बॉडी को कई तरह से फायदा पहुंचाता है। काली मिर्च का सेवन सूजन कम करने, पाचन बेहतर करने और ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने में भी मददगार साबित होता है। इसे लेने के लिए एक कप गुनगुने पानी में करीब दो चुटकी काली मिर्च पाउडर मिलाकर पी सकते हैं।

अर्जुन की छाल भी है असरदार

आयुर्वेद में अर्जुन की छाल को ब्लड प्रेशर और हृदय स्वास्थ्य के लिए उपयोगी बताया गया है। इसमें मौजूद कुछ सक्रिय यौगिक बीपी कंट्रोल करते हैं और बॉडी को फायदा पहुंचाते हैं। अर्जुन की छाल कोलेस्ट्रॉल कम करने और दिल की मांसपेशियों को मजबूत रखने में मदद कर सकती है। अर्जुन की छाल का सेवन आप उसका पाउडर बनाकर कर सकते हैं। इसके लिए करीब आधा से एक चम्मच पाउडर को एक गिलास पानी में रातभर भिगोकर सुबह छानकर पी लें आपका बीपी कंट्रोल रहेगा और बॉडी को कई तरह से फायदा भी होगा।

आंवला खाएं बीपी नॉर्मल होगा

आंवले विटामिन C और एंटीऑक्सीडेंट का बेहतरीन स्रोत है। इसके सेवन से शरीर और रक्त वाहिकाओं को ऑक्सीडेटिव तनाव से बचाने में मदद मिलती है। आंवले को ब्लड प्रेशर और कोलेस्ट्रॉल प्रोफाइल के लिए भी फायदेमंद बताया गया है।आंवला का सेवन ताजा आंवला, सूखा आंवला, आंवला पाउडर, जूस और मुरब्बे के रूप में रोज किया जा सकता है। अगर आप आंवला का पाउडर बनाकर इस्तेमाल करना चाहते हैं तो एक चम्मच आंवला पाउडर सुबह और रात में खा सकते हैं।

बीपी की दवा लेने वाले लोग इस बात का रखें ध्यान

अगर आप बीपी की दवा का सेवन कर रहे हैं तो इन फूड्स का सेवन डॉक्टर की सलाह के मुताबिक करें। अगर दवा के साथ इन फूड्स का सेवन करेंगे तो बीपी का स्तर बहुत ज्यादा गिर सकता है। इन घरेलू उपायों को दवाओं का विकल्प नहीं बल्कि केवल सहायक उपाय के तौर पर सेवन करें।

डिस्क्लेमर: यह लेख सामान्य जानकारी के लिए है। हाई ब्लड प्रेशर एक गंभीर स्वास्थ्य समस्या हो सकती है। लहसुन, काली मिर्च, अर्जुन की छाल या आंवले जैसे घरेलू उपायों को डॉक्टर द्वारा दी गई दवा का विकल्प न मानें। अगर आप पहले से BP की दवा ले रहे हैं, तो बिना डॉक्टर की सलाह के दवा बंद या उसकी खुराक में बदलाव न करें। किसी भी घरेलू नुस्खे को नियमित रूप से अपनाने से पहले अपनी स्वास्थ्य स्थिति और चल रही दवाओं के अनुसार डॉक्टर से सलाह लें।