मूंगफली और बादाम दो ऐसे नट्स हैं जिनका सेवन अक्सर लोग सर्दी में बॉडी को गर्म और हेल्दी रखने के लिए करते हैं। लेकिन आप जानते हैं कि इन दोनों नट्स का सेवन उनकी तासीर को ध्यान में रखते हुए नहीं बल्कि इनके पोषक तत्वों को ध्यान में रखते हुए करना चाहिए। बात करें मूंगफली की तो इसे गरीबों का मेवा कहा जाता है जिसे न्यूट्रिशन साइंस भी मानता है। इसमें पोषण तो भरपूर होता है लेकिन कीमत बादाम के मुकाबले इसकी काफी कम होती है। मूंगफली को भिगोकर खाने से यह और भी सेहतमंद बन जाती है। हर दिन मुट्ठी भर नट्स का सेवन करने से एनर्जी का स्तर बढ़ता है और बॉडी को भरपूर फाइबर भी मिलता है। आइए रिसर्च से जानते हैं कि दोनों में से किसका सेवन करने से सेहत को फायदा होता है।
मूंगफली का सेहत पर असर?
webmd के मुताबिक मूंगफली पोषक तत्वों का बेहतरीन स्रोत है। इसमें भरपूर मात्रा में फाइबर, बी विटामिन, विटामिन E, आयरन, जिंक, पोटैशियम तथा मैग्नीशियम जैसे महत्वपूर्ण खनिज पाए जाते हैं। इसके अलावा मूंगफली एंटीऑक्सीडेंट्स से भी भरपूर होती है। ये एंटीऑक्सीडेंट शरीर की कोशिकाओं को नुकसान से बचाने में मदद करते हैं और कई तरह की बीमारियों के खतरे को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। न्यूट्रिशन साइंस के अनुसार मूंगफली का सेवन महंगे नट्स जैसे अखरोट और बादाम के बराबर ही पोषण देता है, वो भी बहुत कम बजट में।
मूंगफली मोनोअनसेचुरेटेड (Monounsaturated) और पॉलीअनसैचुरेटेड (Polyunsaturated) फैटी एसिड, फाइबर तथा प्लांट स्टेरोल्स का अच्छा स्रोत है। ये सभी पोषक तत्व दिल को हेल्दी रखने में अहम किरदार निभाते हैं। ये नट खराब कोलेस्ट्रॉल और हाई ब्लड प्रेशर को कम करने में मदद कर सकते हैं, जिससे हृदय रोग का खतरा घट सकता है। इसके अलावा, ये खून के थक्के (Blood Clots) बनने की संभावना को कम करने में भी मददगार होते हैं, जो हार्ट अटैक और स्ट्रोक का कारण बन सकते हैं। मूंगफली में मौजूद पोषक तत्व शरीर में सूजन (Inflammation) को कम करने में भी मदद करते हैं, जो दिल के रोग से जुड़ा एक प्रमुख जोखिम कारक माना जाता है।
बादाम कैसे सेहत के लिए उपयोगी है?
हेल्थलाइन के मुताबिक बादाम पोषक तत्वों से भरपूर ड्राई फ्रूट है। इसकी 28 ग्राम मात्रा यानी लगभग 23 बादाम की एक सर्विंग में लगभग 164 कैलोरी, 6 ग्राम प्रोटीन, 14 ग्राम हेल्दी फैट और 3.5 ग्राम फाइबर मौजूद होता है। इसके अलावा बादाम विटामिन E, मैग्नीशियम, मैंगनीज और कैल्शियम का बेहतरीन स्रोत है जो बॉडी को हेल्दी रखता है। बादाम में मौजूद मोनोअनसैचुरेटेड फैट और अमीनो एसिड आर्जिनिन (Arginine) रक्त वाहिकाओं को हेल्दी रखने और कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बेहतर बनाए रखने में मदद करता हैं, इसका सेवन करने से दिल के रोगों का खतरा कम होता है।
बादाम में मौजूद प्रोटीन, फाइबर और हेल्दी फैट भोजन के पाचन की गति को धीमा करते हैं। इसे खाने के बाद ब्लड शुगर तेजी से नहीं बढ़ता और ब्लड शुगर का स्तर कंट्रोल रहता है। बादाम में कैलोरी अधिक होती है, लेकिन इसमें मौजूद प्रोटीन, फाइबर और हेल्दी फैट लंबे समय तक पेट भरा होने का एहसास कराते हैं। कई रिसर्च के मुताबिक साबुत और बिना भुने बादाम से शरीर लेवल पर लिखी कैलोरी की तुलना में लगभग 25% कम कैलोरी अवशोषित करता है, जिससे वजन कंट्रोल में रखने में मदद मिल सकती है।
मूंगफली और बादाम में किसे खाने से मिलता है ज्यादा फायदा
continentalhospitals की वेबसाइट पर छपी डॉक्टर एम अनुराधा रेड्डी की रिपोर्ट के मुताबिक बादाम और मूंगफली दोनों ही पोषक तत्वों से भरपूर हैं, दोनों का संतुलित मात्रा में सेवन करने से शरीर को अलग-अलग पोषक तत्व और फायदे मिलते है। कुल मिलाकर, बादाम और मूंगफली दोनों ही सेहत के लिए फायदेमंद हैं। अगर आपका लक्ष्य अधिक प्रोटीन लेना है तो मूंगफली बेहतर विकल्प हो सकती है, जबकि अधिक फाइबर, विटामिन E, कैल्शियम और हेल्दी फैट लेना चाहते हैं तो आप बादाम का सेवन कर सकते हैं। संतुलित मात्रा में दोनों का सेवन शरीर को कई जरूरी पोषक तत्व देता है।
डिस्क्लेमर: यह जानकारी वेबएमडी, हेल्थलाइन जैसे अंतरराष्ट्रीय स्वास्थ्य शोधों और चिकित्सा विशेषज्ञों की सामान्य गाइड लाइन पर आधारित है। मूंगफली और बादाम दोनों ही सेहत के लिए बेहतरीन प्राकृतिक सुपरफूड्स हैं। हालांकि, ध्यान रखें कि कई लोगों को मूंगफली से गंभीर एलर्जी (Peanut Allergy) होती है, इसलिए किसी भी प्रकार की एलर्जी होने पर इसका सेवन तुरंत बंद कर दें। यदि आप किसी गंभीर बीमारी, मोटापे, या पाचन संबंधी समस्या से जूझ रहे हैं, तो अपनी डाइट में किसी भी बड़े बदलाव से पहले किसी प्रमाणित क्लीनिकल डायटीशियन या डॉक्टर से परामर्श जरूर लें। जनसत्ता इसकी जिम्मेदारी नहीं लेता है।
