मानसून (Monsoon) के मौसम में हवा में नमी और उमस बढ़ने के कारण बैक्टीरिया, वायरस और फंगस का प्रकोप तेजी से बढ़ जाता है। यही कारण है कि इस मौसम में लोग जल्दी-जल्दी सर्दी, जुकाम, फ्लू और पेट के इन्फेक्शन की चपेट में आ जाते हैं। जिन लोगों की इम्यूनिटी कमजोर होती है उनके बीमार पड़ने के चांस ज्यादा होते हैं। डॉक्टर इम्यूनिटी को मजबूत करने के लिए डाइट और लाइफस्टाइल में सुधार करने की सलाह देते हैं। हालांकि कोई भी अकेला फूड इम्यूनिटी को जादुई तरीके से नहीं बढ़ा सकता, लेकिन व्यक्ति के खानपान और उसकी इम्यूनिटी के बीच गहरा संबंध होता है।
हेल्थलाइन के मुताबिक इम्यून सिस्टम के बेहतर तरीके से काम करने के लिए संतुलित आहार जरूरी है, जिसमें विभिन्न प्रकार के पौष्टिक खाद्य पदार्थ शामिल हों। 2022 में प्रकाशित एक वैज्ञानिक अध्ययन के अनुसार कुछ विटामिन जैसे विटामिन A, बी विटामिन खासतौर पर विटामिन B1, B2, B3 और B12, विटामिन C, विटामिन D, विटामिन E, जिंक,और सेलेनियम (Selenium) जैसे खनिज से भरपूर डाइट का सेवन करने से इम्यूनिटी बूस्ट होती है। कुछ फूड संक्रमण से लड़ने की क्षमता को प्रभावित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। आइए रिसर्च के साथ जानते हैं कि कौन कौन से फूड्स का सेवन करने से इम्यूनिटी मजबूत होती है।
खट्टे फल (Citrus Fruits) खाएं
अगर आप इम्यूनिटी को मजबूत करना चाहते हैं तो खट्टे फलों का सेवन करें। संतरा, नींबू, मौसंबी, किन्नू और ग्रेपफ्रूट जैसे खट्टे फल विटामिन C से भरपूर होते हैं। विटामिन C संक्रमण से लड़ने वाली सफेद ब्लड कोशिकाओं (White Blood Cells) के निर्माण में मदद करता है और इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाए रखने में अहम भूमिका निभाता है। शरीर विटामिन C का भंडारण नहीं करता, इसलिए इस विटामिन से भरपूर फूड्स का रोजाना सेवन जरूरी है।
Nutrients Journal और Cochrane Database of Systematic Reviews के मुताबिक हमारी बॉडी खुद से विटामिन सी का निर्माण नहीं कर सकती इसे सिर्फ डाइट से ही हासिल किया जा सकता है। क्लिनिकल ट्रायल्स के अनुसार, रोजाना सिट्रस फ्रूट्स खाने से रेस्पिरेटरी ट्रैक्ट इंफेक्शन (सर्दी-जुकाम) की गंभीरता और उसकी अवधि 14% तक कम हो जाती है।
लाल शिमला मिर्च (Red Bell Pepper) भी है असरदार
वेबएमडी की खबर के मुताबिक लाल शिमला मिर्च विटामिन C का बेहतरीन स्रोत है और इसमें संतरे से भी अधिक विटामिन C पाया जाता है। इसमें मौजूद बीटा-कैरोटीन शरीर में विटामिन A में बदल जाता है, जो स्किन और आंखों को हेल्दी रखने के साथ इम्यून सिस्टम को भी बेहतर तरीके से काम करने में मदद करता है।
ब्रोकली (Broccoli)
ब्रोकली में विटामिन A, C और E, फाइबर तथा कई शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं। ये पोषक तत्व शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत बनाने में मदद करते हैं। ब्रोकली को हल्का भाप में पकाकर या कम समय तक पकाकर खाने से इसके अधिकतर पोषक तत्व सुरक्षित रहते हैं। Journal of Allergy and Clinical Immunology और Harvard T.H. Chan School of Public Health के मुताबिक ब्रोकली में ‘सल्फोराफेन’ (Sulforaphane) नामक एक शक्तिशाली फाइटोकेमिकल पाया जाता है जो उम्र बढ़ने पर भी इम्यूनिटी को कमजोर नहीं होने देता। ब्रोकली को स्टीम देकर खाने से यह तत्व सबसे ज्यादा सक्रिय रहता है।
लहसुन (Garlic) खाएं
Journal of Immunology Research और Advanced Biomedical Research के मुताबिक लहसुन को जब कुचला या काटा जाता है, तो उसमें एलिसिन’ (Allicin) नामक सल्फर यौगिक बनता है। क्लिनिकल अध्ययनों में पाया गया है कि एलिसिन सीधे तौर पर वायरस और बैक्टीरिया को बढ़ने से रोकता है। यह नेचुरल किलर सेल्स को बूस्ट करता है, जो कैंसर कोशिकाओं और वायरस से संक्रमित सेल्स से लड़ती हैं। यह इम्यून सिस्टम को सक्रिय रखने के साथ दिल की सेहत के लिए भी फायदेमंद माना जाता है। लहसुन का सेवन हाई ब्लड प्रेशर और धमनियों में जमे फैट के जोखिम को कम करने में भी मददगार हो सकता है।
अदरक (Ginger) करेगी असर
International Journal of Preventive Medicine और Phytotherapy Research के मुताबिक अदरक का तीखापन और उसके औषधीय गुण ‘जिंजरोल’के कारण होते हैं। मेडिकल साइंस के अनुसार जब शरीर किसी संक्रमण से लड़ता है, तो वहां अत्यधिक सूजन (Inflammation) होती है। अदरक क्रोनिक इन्फ्लेमेशन को कम करता है और दर्द और सूजन बढ़ाने वाले केमिकल्स के स्राव को ब्लॉक कर देता है, जिससे गले की खराश और मांसपेशियों के दर्द में तुरंत राहत मिलती है।
पालक (Spinach) खाएं
पालक विटामिन C, बीटा-कैरोटीन और कई एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर हरी पत्तेदार सब्जी है। ये पोषक तत्व संक्रमण से लड़ने की क्षमता को मजबूत बनाते हैं। पालक को हल्का पकाकर खाने से विटामिन A का अवशोषण बेहतर होता है और इसमें मौजूद ऑक्सालिक एसिड का प्रभाव भी कम हो जाता है।
दही (Yogurt) भी है असरदार
दही, विशेषकर ‘लाइव एंड एक्टिव कल्चर’ या ग्रीक योगर्ट, प्रोबायोटिक्स का अच्छा स्रोत है। ये लाभकारी बैक्टीरिया आंतों के माइक्रोबायोम को हेल्दी रखते हैं, जिससे इम्यून सिस्टम बेहतर तरीके से काम करता है। बिना चीनी वाला दही खाने से फायदा होता है।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सामान्य जानकारी और उपलब्ध वैज्ञानिक अध्ययनों पर आधारित है। इसका उद्देश्य किसी भी बीमारी का निदान, उपचार या रोकथाम का विकल्प प्रदान करना नहीं है। कोई भी खाद्य पदार्थ अकेले इम्यूनिटी को तुरंत या पूरी तरह नहीं बढ़ा सकता। मजबूत इम्यूनिटी के लिए संतुलित आहार, पर्याप्त नींद, नियमित व्यायाम, तनाव नियंत्रण और स्वस्थ जीवनशैली जरूरी है। यदि आपको बार-बार संक्रमण होता है, बुखार लंबे समय तक रहता है तो उचित जांच और उपचार के लिए डॉक्टर से परामर्श अवश्य लें।
