डायबिटीज के मरीजों के लिए ब्लड शुगर को नियंत्रित रखना रोज़ की सबसे बड़ी चुनौती बन जाता है। बदलती जीवनशैली, फास्ट फूड की बढ़ती आदत, शारीरिक गतिविधि की कमी और मानसिक तनाव जैसे कारण शुगर लेवल को अनकंट्रोल कर देते हैं। कभी शुगर अचानक बढ़ जाती है तो कभी दवा के बावजूद नियंत्रण में नहीं आती। लंबे समय तक अनियंत्रित ब्लड शुगर दिल, किडनी, आंखों और नसों पर गंभीर असर डाल सकती है, इसलिए इसे संतुलित रखना बेहद जरूरी है।

इसी वजह से कई लोग दवाइयों के साथ-साथ घरेलू उपायों की भी तलाश करते हैं, जो नेचुरल हों और रोज़मर्रा की दिनचर्या में आसानी से शामिल किए जा सकें। ऐसे ही लोकप्रिय उपायों में से एक है सुबह खाली पेट मेथी के पानी का सेवन। यूनानी दवाओं के एक्सपर्ट डॉक्टर सलीम जो पिछले 15 सालों से यूनानी दवाओं से लोगों का इलाज कर रहे हैं, ने बताया मेथी दाना को रात भर भिगोकर सुबह उसका पानी पीने से ब्लड में शुगर का स्तर नॉर्मल रहता है। मेथी में मौजूद पोषक तत्व ब्लड शुगर के स्तर को कंट्रोल रखने में मददगार हो सकते हैं। आइए एक्सपर्ट से जानते हैं कि मेथी दाना का सेवन कैसे ब्लड शुगर के स्तर को कंट्रोल करने में मदद करता है।

मेथी दाना कैसे ब्लड शुगर करता है कंट्रोल

एक्सपर्ट्स के मुताबिक मेथी के बीज (Fenugreek Seeds) में घुलनशील फाइबर (Soluble Fiber) पाया जाता है, जो शरीर में शुगर के अवशोषण (Absorption) की प्रक्रिया को धीमा करने में मदद कर सकता है। इससे ब्लड शुगर के अचानक बढ़ने (Spike) का खतरा कम हो सकता है। मेथी दाने में एक दुर्लभ अमीनो एसिड पाया जाता है जिसे 4- hydroxyisoleucine कहते हैं, ये इंसुलिन को बूस्ट करता है।  PubMed और MDPI की रिसर्च के मुताबिक ये तत्व पैंक्रियाज की बीटा-कोशिकाओं को उत्तेजित करता है। ये सीधे इंसुलिन के स्राव (Secretion) को बढ़ाता है, जिससे खून में मौजूद ग्लूकोज कोशिकाओं तक पहुंच जाती है और शुगर लेवल कम होता है।

मेथी दाना में 50% घुलनशील फाइबर शुगर के अवशोषण में देरी करता है। ये फाइबर पेट में एक गाढ़ा जेल बनाता है। ये कार्बोहाइड्रेट के पाचन और शुगर के अवशोषण की प्रक्रिया को धीमा कर देता है। इसके परिणामस्वरूप, खाना खाने के बाद होने वाला शुगर स्पाइक रुक जाता है। Journal of Diabetes and Metabolic Disorders की एक रिसर्च बताती है कि मेथी दाना कोशिकाओं की इंसुलिन के प्रति संवेदनशीलता (Insulin Sensitivity) को बढ़ाता है। इससे शरीर का इंसुलिन अधिक प्रभावी ढंग से काम करता है, जो टाइप-2 डायबिटीज के मरीजों के लिए बेहद जरूरी है। कई क्लीनिकल ट्रायल्स में देखा गया है कि 2-3 महीने तक मेथी के सेवन से HbA1c लेवल में 0.8% से 1% तक की गिरावट आ सकती है।

रिसर्च के मुताबिक नियमित सेवन से फास्टिंग ब्लड शुगर में औसतन 20-25% तक की कमी दर्ज की गई है। कुछ स्टडी में पाया गया है कि नियमित रूप से मेथी का सीमित मात्रा में सेवन करने से डायबिटीज मैनेजमेंट में मदद मिल सकती है। हालांकि यह कोई जादुई इलाज नहीं है।

कैसे करें सेवन?

रात में एक गिलास पानी में एक टेबलस्पून मेथी दाना भिगो दें। सुबह उठकर खाली पेट इस पानी को पी लें। चाहें तो भीगे हुए दानों को भी चबा सकते हैं।

जरूरी सावधानी

विशेषज्ञों का कहना है कि सिर्फ मेथी पानी पर निर्भर रहना सही नहीं है। संतुलित आहार, नियमित व्यायाम और डॉक्टर द्वारा दी गई दवाएं ही डायबिटीज कंट्रोल का मुख्य आधार हैं। यदि आप पहले से शुगर की दवा ले रहे हैं, तो मेथी का नियमित सेवन शुरू करने से पहले डॉक्टर से सलाह जरूर लें, क्योंकि इससे शुगर लेवल ज्यादा कम भी हो सकता है। एक्सपर्ट ने बताया कि यदि आप ब्लड शुगर नियंत्रित करने की दवाएं ले रहे हैं और साथ में मेथी का पानी भी पी रहे हैं, तो हाइपोग्लाइसीमिया (ब्लड शुगर का जरूरत से ज्यादा कम हो जाना) का खतरा बढ़ सकता है। इसलिए मेथी का नियमित सेवन शुरू करने से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श अवश्य लें।

डिस्क्लेमर:

इस लेख में साझा की गई जानकारी केवल सामान्य जागरूकता और शैक्षिक उद्देश्यों के लिए है। इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह, निदान या उपचार के विकल्प के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। अपनी डाइट, एक्सरसाइज या दवाओं में कोई भी बदलाव करने से पहले हमेशा अपने डॉक्टर या योग्य स्वास्थ्य विशेषज्ञ से परामर्श लें। किसी भी स्वास्थ्य आपात स्थिति के मामले में तुरंत नजदीकी अस्पताल से संपर्क करें।