ताज़ा खबर
 

बदलते मौसम में साइनोसाइटिस से बचना है तो आजमाएं ये 5 आसान से टिप्स

हमारी नाक के आस-पास मौजूद साइनस में वायरल इन्फेक्शन, प्रदूषण, इम्यूनिटी की कमी की वजह से, ठंडे पानी या कूलर के ज्यादा इस्तेमाल आदि से साइनोसाइटिस की समस्या सामने आती है।

प्रतीकात्मक चित्र

हमारी नाक के आस-पास मौजूद साइनस में वायरल इन्फेक्शन, प्रदूषण, इम्यूनिटी की कमी की वजह से, ठंडे पानी या कूलर के ज्यादा इस्तेमाल आदि से साइनोसाइटिस की समस्या सामने आती है। ऐसे में नाक में ज्यादा म्यूकस (नाक का पानी) बनने लगता है, जिससे बार-बार नाक आना, सिरदर्द, बुखार, नाक बंद होना, सर्दी-खांसी, बदन दर्द, आंखों से आंसू आना, दांतों में दर्द या छींक आना जैसी प्रॉब्लम्स होने लगती हैं। साइनस दरअसल नाक के अंदर खतरनाक धूलकणों को पहुंचने से रोकने के काम आता है। बदलते मौसम में साइनोसाइटिस होने की संभावना बहुत ज्यादा होती है। ऐसे में इससे बचना जरूरी है। आज हम आपको कुछ ऐसे टिप्स के बारे में बताने वाले हैं जिनके इस्तेमाल से आप साइनोसाइटिस को होने से रोक सकते हैं।

1. नाक को हमेशा रखें साफ – साइनोसाइटिस से बचने के लिए नाक को साफ रखना बेहद जरूरी है। इसके लिए सवेरे-सवेरे अपनी नाक में थोड़ा पानी डालकर सफाई करें। यह काम आप सोने से ठीक पहले भी कर सकते हैं।

2. भाप लें – नाक को साफ रखने का सबसे बेहतरीन तरीका होता है भाप लेना। भाप लेने से साइनस में ज्यादा मात्रा में बनने वाला म्यूकस पिघलता है और नाक साफ रहती है। इसके लिए एक लीटर पानी को उबालकर उसमें थोड़ा सा कपूर मिलाएं। अब इससे तकरीबन 10-15 मिनट तक भाप लें। आराम मिलने तक इसे दुहराते रहें।

3. हमेशा हाइड्रेटेड रहें – दिन में ज्यादा से ज्यादा पानी पीने की कोशिश करें। इससे शरीर हाइड्रेटेड तो रहता ही है साथ ही म्यूकस भी पतला होता है, जिससे नाक की ब्लॉकेज खत्म होती है और साइनोसाइटिस को रोकने में मदद मिलती है।

4. रूखे वातावरण से रहें दूर – अगर आपके पास वायु को नम रखने वाला ह्यूमिडिफायर है तो इसका इस्तेमाल कम कर दें। यह आपके नसल पासेज को रूखा बना देता है। इससे साइनस में सूजन को रोकने में मदद मिलती है। शुष्क वातावरण में देर तक बैठने से भी परहेज करें।

5. नाक के प्रति बरतें नरमी – साइनोसाइटिस या नाक की किसी भी समस्या से परेशान होकर नाक के साथ ज्यादती करने से बचें। इसे जोर से मसलना हानिकारक हो सकता है।

Hindi News से जुड़े अपडेट और व्‍यूज लगातार हासिल करने के लिए हमारे साथ फेसबुक पेज और ट्विटर हैंडल के साथ गूगल प्लस पर जुड़ें और डाउनलोड करें Hindi News App