आजकल की भागदौड़ भरी जिंदगी और खराब खान-पान के कारण बैड कोलेस्ट्रॉल यानी LDL cholesterol का बढ़ना एक आम समस्या बन गई है। लेकिन हेल्थ एक्सपर्ट का मानना है कि सिर्फ बैड कोलेस्ट्रॉल कम करना काफी नहीं है, बल्कि दिल को सुरक्षित रखने के लिए गुड कोलेस्ट्रॉल यानी HDL कोलेस्ट्रॉल का स्तर बढ़ना भी उतना ही जरूरी है। HDL को गुड कोलेस्ट्रॉल कहा जाता है, जो दिल की सेहत के लिए फायदेमंद होता है, जबकि LDL को बैड कोलेस्ट्रॉल माना जाता है, जिसके बढ़ने पर दिल की बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है।
गैस्ट्रो लिवर हॉस्पिटल कानपुर में गैस्ट्रोएंटरोलॉजी और लिवर रोग विभाग के चेयरमैन एवं प्रमुख डॉ. विनोद के. मिश्रा ने बताया गुड कोलेस्ट्रॉल को दिल का बॉडीगार्ड माना जाता है। एक्सपर्ट ने बताया बॉडी में गुड कोलेस्ट्रॉल को बढ़ाने के लिए डाइट और लाइफस्टाइल में बदलाव करना जरूरी है। आइए एक्सपर्ट से जानते हैं कि बॉडी में गुड कोलेस्ट्रॉल कैसे बढ़ाएं।
हार्ट हेल्दी डाइट का करें सेवन
गुड कोलेस्ट्रॉल बढ़ाने के लिए सबसे जरूरी है कि आप अपनी डाइट को हार्ट-फ्रेंडली बनाएं। इसके लिए रोजाना ताजे फल, हरी सब्जियां, साबुत अनाज, नट्स और बीजों को भोजन में शामिल करें। इनमें मौजूद फाइबर, एंटीऑक्सीडेंट और हेल्दी फैट शरीर में बैड कोलेस्ट्रॉल को कम करने और गुड कोलेस्ट्रॉल को बढ़ाने में मदद करते हैं। साथ ही ओमेगा-3 फैटी एसिड वाले फूड्स जैसे अखरोट, अलसी और मछली दिल भी सेहत के लिए फायदेमंद माने जाते हैं। संतुलित और पौष्टिक भोजन लेने से शरीर का मेटाबॉलिज्म बेहतर होता है और कोलेस्ट्रॉल का स्तर भी कंट्रोल रहता है।
ट्रांस फैट और डीप फ्राइड फूड से दूरी बनाएं
अगर आप गुड कोलेस्ट्रॉल बढ़ाना चाहते हैं तो सबसे पहले अपनी डाइट से ट्रांस फैट और ज्यादा तली-भुनी चीजों को कम करें। पैकेज्ड स्नैक्स, फास्ट फूड, बेकरी आइटम और डीप फ्राइड भोजन में ट्रांस फैट अधिक होता है, जो शरीर में बैड कोलेस्ट्रॉल (LDL) बढ़ाता है और दिल की बीमारियों का खतरा बढ़ा सकता है। इसकी जगह हल्का और घर का बना खाना चुनना बेहतर होता है। खाना पकाने के लिए ऑलिव ऑयल, सरसों का तेल या अन्य हेल्दी ऑयल का सीमित मात्रा में इस्तेमाल करें। इस तरह की डाइट दिल की सेहत को बेहतर बनाने और गुड कोलेस्ट्रॉल को बढ़ाने में मदद करती है।
नियमित एक्सरसाइज करें
गुड कोलेस्ट्रॉल बढ़ाने के लिए नियमित शारीरिक गतिविधि बेहद जरूरी है। डॉक्टरों के अनुसार सप्ताह में कम से कम 150 मिनट मध्यम स्तर की एक्सरसाइज करें। तेज चलना, जॉगिंग, साइक्लिंग, स्विमिंग या योग जैसी गतिविधियां डेली रूटीन में शामिल करें। नियमित व्यायाम करने से शरीर में फैट कम होता है, मेटाबॉलिज्म बेहतर होता है और दिल की कार्यक्षमता भी बढ़ती है। इसके अलावा एक्सरसाइज रक्त संचार को बेहतर बनाती है, जिससे शरीर में गुड कोलेस्ट्रॉल का स्तर धीरे-धीरे बढ़ने लगता है। रोजाना 30 मिनट का एक्टिव लाइफस्टाइल अपनाने से दिल के रोगों का खतरा भी कम हो सकता है।
वजन को कंट्रोल रखें
अधिक वजन या मोटापा कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बिगाड़ सकता है। इसलिए गुड कोलेस्ट्रॉल बढ़ाने के लिए शरीर का वजन संतुलित रखना जरूरी है। विशेषज्ञों के अनुसार हेल्दी बॉडी मास इंडेक्स (BMI) लगभग 21 से 24 के बीच होना बेहतर माना जाता है। अगर वजन ज्यादा है तो संतुलित डाइट और नियमित एक्सरसाइज की मदद से धीरे-धीरे वजन कम किया जा सकता है। वजन कम होने से शरीर में फैट का स्तर घटता है और बैड कोलेस्ट्रॉल कम होने लगता है। इससे गुड कोलेस्ट्रॉल बढ़ने में मदद मिलती है और दिल से जुड़ी बीमारियों का खतरा भी कम हो सकता है।
स्मोकिंग और तंबाकू से दूरी बनाएं
स्मोकिंग और तंबाकू का सेवन दिल की सेहत के लिए बेहद हानिकारक माना जाता है। सिगरेट, बीड़ी, पान मसाला, गुटखा और अन्य तंबाकू उत्पाद शरीर की रक्त वाहिकाओं को नुकसान पहुंचाते हैं और गुड कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम कर सकते हैं। जब कोई व्यक्ति स्मोकिंग छोड़ देता है तो कुछ ही समय में उसके शरीर में सकारात्मक बदलाव दिखने लगते हैं और गुड कोलेस्ट्रॉल का स्तर धीरे-धीरे बढ़ने लगता है। इसलिए डॉक्टर हमेशा सलाह देते हैं कि अगर आप दिल को हेल्दी रखना चाहते हैं तो तंबाकू से पूरी तरह दूरी बनाना बेहद जरूरी है।
डायबिटीज और ब्लड प्रेशर को कंट्रोल रखें
अगर किसी व्यक्ति को डायबिटीज या हाई ब्लड प्रेशर की समस्या है तो उसे कंट्रोल रखना बहुत जरूरी है, क्योंकि ये दोनों स्थितियां दिल की सेहत पर सीधा असर डालती हैं। अनियंत्रित ब्लड शुगर और हाई बीपी शरीर में कोलेस्ट्रॉल के संतुलन को बिगाड़ सकते हैं और दिल की बीमारियों का खतरा बढ़ा सकते हैं। इसलिए नियमित रूप से डॉक्टर की सलाह के अनुसार दवाएं लेना, समय-समय पर जांच कराना और हेल्दी लाइफस्टाइल अपनाना जरूरी है। संतुलित आहार, नियमित व्यायाम और तनाव कम करने जैसी आदतें अपनाकर इन बीमारियों को कंट्रोल रखा जा सकता है, जिससे गुड कोलेस्ट्रॉल को बढ़ाने में मदद मिलती है।
डिस्क्लेमर:
यह लेख केवल सामान्य जानकारी और जागरूकता के उद्देश्य से तैयार किया गया है। इसमें दी गई जानकारी किसी भी तरह से डॉक्टर की सलाह या चिकित्सा उपचार का विकल्प नहीं है। यदि आपको कोलेस्ट्रॉल, दिल से जुड़ी बीमारी या कोई अन्य स्वास्थ्य समस्या है तो किसी भी तरह की डाइट, दवा या लाइफस्टाइल में बदलाव करने से पहले अपने डॉक्टर या विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें।
