हाई ब्लड प्रेशर को चिकित्सा की दुनिया में ‘साइलेंट किलर’ कहा जाता है, और इसके पीछे एक गंभीर वजह है। हाई ब्लड प्रेशर (Hypertension) एक ऐसी बीमारी है जो बिना ज्यादा लक्षण दिखाए धीरे-धीरे शरीर को नुकसान पहुंचाती रहती है। खराब खानपान, तनाव, मोटापा और अनहेल्दी लाइफस्टाइल इसके मुख्य कारण हैं। इस बीमारी के लक्षण तब तक सामने नहीं आते जब तक कि ये शरीर के महत्वपूर्ण अंगों को नुकसान पहुंचाना शुरू न कर दे। क्या आप जानते हैं कि अनियंत्रित ब्लड प्रेशर न केवल आपके दिल पर बोझ डालता है, बल्कि यह आपकी आंखों की रोशनी और किडनी की कार्यक्षमता को भी हमेशा के लिए खत्म कर सकता है। लम्बे समय तक बीपी हाई रहने से हार्ट अटैक का खतरा, हार्ट फेल्योर, धमनियों में ब्लॉकेज और ब्रेन के लिए खतरनाक हो सकता है।
ग्लेनीगल्स हॉस्पिटल, परेल के वरिष्ठ सलाहकार-इंटरवेंशनल कार्डियोलॉजिस्ट डॉ. समीर वी पगड ने बताया कि हाई ब्लड प्रेशर होने पर कुछ साइलेंट वार्निंग साइन को समझ लिया जाए तो इस बीमारी से होने वाले जोखिम को टाला जा सकता है। आइए डॉक्टर से विस्तार से समझते हैं कि हाई बीपी शरीर के किन हिस्सों को अपना निशाना बनाता है और वक्त रहते इससे कैसे बचा जा सकता है।
दिल पर पड़ता है सबसे बड़ा असर
लगातार हाई बीपी रहने से दिल को खून पंप करने के लिए ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है। इससे दिल की मांसपेशियां मोटी हो जाती हैं और उसकी कार्यक्षमता घटने लगती है जिसकी वजह से हार्ट अटैक का खतरा, हार्ट फेल्योर, धमनियों में ब्लॉकेज और ब्रेन के लिए खतरनाक हो सकता है।
ब्रेन को पहुंचाता है नुकसान
हाई ब्लड प्रेशर दिमाग की नसों को नुकसान पहुंचाता है। इससे स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है। लगातार लम्बे समय तक बीपी हाई रहने से ब्रेन स्ट्रोक,ब्रेन हेमरेज,याददाश्त पर असर करता है।
हाई बीपी किडनी के लिए खतरा
लंबे समय तक हाई बीपी रहने से किडनी की रक्त वाहिकाएं डैमेज हो जाती हैं, जिससे किडनी ठीक से फिल्टर नहीं कर पाती और इसी वजह से पेशाब में प्रोटीन आना,क्रॉनिक किडनी डिजीज,किडनी फेल होने का खतरा बढ़ सकता है।
आंखों की रोशनी हो सकती है प्रभावित
हाई बीपी आंखों की छोटी रक्त नलिकाओं को नुकसान पहुंचाता है जिसकी वजह से आंखों से धुंधला दिखाई देता है। हाई बीपी आंखों में ब्लड वेसल्स डैमेज होने का भी कारण बनता है। गंभीर स्थिति में नजर कमजोर हो सकती है।
फेफड़ों पर भी पड़ता है असर
हाई ब्लड प्रेशर फेफड़ों की धमनियों में दबाव बढ़ा देता है, जिससे पल्मोनरी हाइपरटेंशन हो सकता है। हाई बीपी की वजह से सांस फूलना, थकान, सीने में दर्द की शिकायत हो सकती है।
हाई ब्लड प्रेशर से बचाव कैसे करें?
अपनी दिनचर्या में छोटे-छोटे बदलाव करके आप इस बीमारी को कंट्रोल कर सकते हैं जैसे
- नियमित रूप से बीपी चेक कराएं।
- नमक का सेवन कम करें।
- रोजाना 30 मिनट वॉक या योग करें।
- धूम्रपान और शराब से दूरी बनाएं।
- तनाव कम करें और पर्याप्त नींद लेंय़
- डाइट में फल, सब्जियां और फाइबर शामिल करें
डिस्क्लेमर
यह लेख केवल सामान्य जानकारी और जागरूकता के उद्देश्य से तैयार किया गया है। इसमें दी गई जानकारी किसी भी प्रकार की मेडिकल सलाह, निदान या उपचार का विकल्प नहीं है। हाई ब्लड प्रेशर या इससे जुड़े किसी भी लक्षण की स्थिति में कृपया योग्य डॉक्टर या हेल्थ एक्सपर्ट से सलाह जरूर लें। बिना चिकित्सकीय परामर्श के किसी भी दवा, डाइट या लाइफस्टाइल में बदलाव न करें।
