किचन के मसालों और सब्जियों के बीच छिपे छोटे-छोटे बीज अक्सर सेहत का खजाना माने जाते हैं। इन्हीं में से एक हैं कद्दू के बीज (Pumpkin Seeds)। इन छोटे-छोटे बीज में गुणों का खज़ाना छुपा है। इसमें मौजूद पोषक तत्वों की बात करें तो इसमें मैग्नीशियम, जिंक और ओमेगा-3 जैसे पोषक तत्व भरपूर मौजूद होते हैं जो दिल को हेल्दी रखते हैं और नींद में सुधार करते हैं। पुरुषों और महिलाओं की कई शारीरिक समस्याओं में भी ये सीड्स वरदान साबित होते हैं। कई रिसर्च में ये बात साबित हो चुकी है रोजाना एक मुट्ठी कद्दू के बीज का सेवन करने से कोलेस्ट्रॉल कंट्रोल रहता है और दिल की सेहत में सुधार होता है। भारतीय योग गुरु, लेखक, शोधकर्ता और टीवी पर्सनालिटी डॉक्टर हंसा योगेंद्र (Hansa Yogendra) के मुताबिक कद्दू के बीज का सेवन करने से इम्यूनिटी मजबूत होती है और बॉडी का बीमारियों से बचाव होता है।

पिछले कुछ सालों में कद्दू के बीज के फायदों की खूब चर्चा होती है, क्योंकि इनमें प्रोटीन, मैग्नीशियम, जिंक, एंटीऑक्सीडेंट्स और दिल के लिए फायदेमंद हेल्दी फैट्स भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं। ये छोटे बीज कम मात्रा में भी सेहत को बड़े फायदे पहुंचाते हैं। ये बीज पुरुषों की हेल्थ के लिए खासतौर पर फायदेमंद साबित होते हैं। इसमें मौजूद जिंक पुरुषों में इनफर्टिलिटी का इलाज करता है। ये बीज प्रोस्टेटिक हाइपरप्लासिया के लक्षणों को कंट्रोल करने में भी असरदार साबित होते हैं। आइए जानते हैं कद्दू के बीज का पोषण मूल्य, उन्हें सही तरीके से कैसे खाएं, रोजाना कितनी मात्रा में इसका सेवन करना चाहिए और किन जरूरी सावधानियों का ध्यान रखना चाहिए।

कद्दू के बीज का पोषण मूल्य (Pumpkin Seeds Nutritional Value)

कद्दू के बीज अपने पोषक तत्वों से भरपूर होने के कारण सुपरफूड माने जाते हैं। 28 ग्राम यानी 1 औंस या एक छोटी मुट्ठी कद्दू के बीज का अनुमानित पोषण मूल्य

पोषक तत्वमात्रा (लगभग)मुख्य लाभ
कैलोरी150–160 kcalऊर्जा का स्रोत
प्रोटीन7–9 ग्राममांसपेशियों की मरम्मत और पेट भरा रखने में मदद
हेल्दी फैट्स12–14 ग्रामदिल की सेहत के लिए फायदेमंद
मैग्नीशियम35–40% RDIनसों और मांसपेशियों के कार्य में सहायक
जिंक15–20% RDIइम्यूनिटी और त्वचा की सेहत में सुधार
आयरन10–15% RDIशरीर में ऑक्सीजन पहुंचाने में मदद
फाइबर1–2 ग्रामपाचन तंत्र को स्वस्थ रखता है

कद्दू के बीज के फायदे

दिल की सेहत को सपोर्ट करते हैं ये सीड्स

कद्दू के बीज मैग्नीशियम और हेल्दी फैट्स से भरपूर होते हैं, जो ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने में मदद कर सकते हैं। Archives of Internal Medicine में प्रकाशित शोध के अनुसार, मैग्नीशियम का ज्यादा सेवन BP को कम करने और स्ट्रोक के जोखिम को 15% तक कम करने में मदद करता है। कद्दू के बीज मैग्नीशियम के सबसे अच्छे प्राकृतिक स्रोतों में से एक हैं। यह धमनियों को आराम देते है,जिससे रक्त संचार सुचारू होता है।

इम्यूनिटी बढ़ाते हैं ये बीज

इसमें मौजूद जिंक इम्यून सेल्स के काम को बेहतर बनाते हैं। रोजाना एक मुट्ठी कद्दू के बीज का सेवन करने से बॉडी का बीमारियों से बचाव होता है।

नींद की गुणवत्ता में सुधार करते हैं

कद्दू के बीज में ट्रिप्टोफैन होता है, जो मेलाटोनिन के उत्पादन में मदद कर सकता है। कद्दू के बीज L-Tryptophan का एक प्राकृतिक स्रोत हैं। शरीर इस अमीनो एसिड को सेरोटोनिन और फिर मेलाटोनिन (नींद का हार्मोन) में बदल देता है। सोने से पहले मुट्ठी भर बीज खाने से अनिद्रा (Insomnia) की समस्या में सुधार हो सकता है।

प्रोस्टेट हेल्थ को सपोर्ट करते हैं ये बीज

पारंपरिक रूप से इसे पुरुषों के प्रजनन स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद माना जाता हैं। Journal of Medicinal Food के एक अध्ययन के अनुसार, कद्दू के बीज का तेल और इसके बीज BPH (Benign Prostatic Hyperplasia) यानी प्रोस्टेट ग्रंथि के बढ़ने की समस्या के लक्षणों को कम करने में प्रभावी पाए गए हैं। इसमें मौजूद फाइटोस्टेरॉल्स प्रोस्टेट के स्वास्थ्य को बनाए रखने और टेस्टोस्टेरोन के स्तर को संतुलित करने में मदद करते हैं।

बालों की ग्रोथ को बढ़ावा देते हैं ये सीड्स

जिंक और प्रोटीन बालों की जड़ों को मजबूत बनाए रखने में मदद करते हैं।

पाचन में मदद करता है

इसमें मौजूद फाइबर आंतों (गट हेल्थ) को स्वस्थ रखने में सहायक होता है। रोजाना एक मुट्ठी कद्दू के बीज का सेवन करने से आंतों में गुड बैक्टीरिया बढ़ते हैं और पाचन तंत्र दुरुस्त रहता है। 

ब्लड शुगर को कंट्रोल करते हैं ये सीड्स

मैग्नीशियम ग्लूकोज मेटाबॉलिज्म में मदद कर सकता है। कई प्रयोगशाला अध्ययनों से पता चला है कि कद्दू के बीज के पाउडर या बीजों का सेवन टाइप 2 डायबिटीज के मरीजों में ब्लड शुगर लेवल को कंट्रोल करने में मददगार है। इसमें मौजूद उच्च मैग्नीशियम शरीर में इंसुलिन की संवेदनशीलता को बढ़ाता है।

सूजन को कम करते हैं ये सीड्स

एंटीऑक्सीडेंट्स ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस से लड़ने में ये सीड्स मदद करते हैं। इनमें विटामिन E और कैरोटीनॉयड जैसे शक्तिशाली एंटीऑक्सीडेंट होते हैं। रिसर्च बताती हैं कि कद्दू के बीज का तेल अर्थराइटिस (गठिया) से पीड़ित लोगों में सूजन को कम करने में उतना ही प्रभावी हो सकता है जितना कि कुछ सूजन-रोधी दवाएं, लेकिन बिना किसी दुष्प्रभाव के।

कद्दू के बीज कैसे खाएं (How to Eat Pumpkin Seeds)

  • कच्चे बीज खाएं, इनमें अधिकतम पोषक तत्व सुरक्षित रहते हैं, लेकिन इनका स्वाद हल्का होता है।
  • इन सीड्स का सेवन भुने हुए बीज के रूप में करें। ये ज्यादा स्वादिष्ट और कुरकुरे होते हैं। हल्की आंच पर भूनने से इनके पोषक तत्व भी काफी हद तक सुरक्षित रहते हैं।
  • स्मूदी में मिलाकर इसका सेवन करें। 
  • सलाद के ऊपर छिड़ककर इन सीड्स को खाएं।
  • कद्दू के बीज का पाउडर बनाकर दही के साथ मिलाकर खा सकते हैं।
  • ओटमील में डालकर ये सीड्स खा सकते हैं।
  • ग्रेनोला या ट्रेल मिक्स में मिलाकर खा सकते हैं।
  • ब्रेड या एनर्जी बार में बेक करके भी खा सकते हैं।

किन लोगों को इन सीड्स से परहेज करना चाहिए?

  • जिन लोगों को Seeds से एलर्जी होती है उन्हें इनसे परहेज करना चाहिए।
  • जिन्हें किडनी स्टोन की समस्या रहती है उन्हें भी इन सीड्स से परहेज करना चाहिए।
  • जो लोग कम कैलोरी वाली डाइट पर हैं वो इनसे परहेज करें वरना वजन बढ़ सकता है।
  • जिनका पाचन तंत्र बहुत संवेदनशील है उन्हें इन सीड्स से परहेज करना चाहिए।
  • जो लोग मिनरल्स को नियंत्रित करने वाली दवाइयां ले रहे हैं वो भी इन सीड्स से परहेज करें।
  • अगर आपको कोई मेडिकल समस्या है, तो कद्दू के बीज का सेवन बढ़ाने से पहले डॉक्टर या हेल्थ एक्सपर्ट से सलाह जरूर लें।

डिस्क्लेमर:

यह जानकारी सामान्य जानकारी के लिए है, किसी भी गंभीर समस्या के लिए डॉक्टर से सलाह लें।