scorecardresearch

रोजाना 2-3 कप कॉफी पीने से 23 फीसदी कम हो जाता है किडनी खराब होने का खतरा, अंतरराष्ट्रीय रिपोर्ट का दावा

संयुक्त राज्य अमेरिका में सबसे ज्यादा व्यापक रूप से खपत पेय पदार्थों में से कॉफी एक है। वहां अनुमानित 400 मिलियन कप कॉफी दैनिक रूप से सेवन किया जाता है।

Coffee, Use of coffee
ब्लैक कॉफ़ी पीने से शरीर में जमा फैट भी कम होता है और बॉडी ज्यादा एक्टिव रहती है। (Photo: Getty/Thinkstock)

अगर आप भी अपनी किडनी का ख्याल रखना चाहते हैं तो कॉफी का सेवन शुरू कर दें। हाल ही में आई एक अंतरराष्ट्रीय रिपोर्ट (Kidney International Reports) में बताया गया है कि कॉफी पीने से शरीर स्वस्थ रहता और इंटरनल ऑर्गन्स अच्छे से काम करते हैं। ब्लैक कॉफ़ी पीने से शरीर में जमा फैट भी कम होता है और बॉडी ज्यादा एक्टिव रहती है। शोध के मुताबिक कॉफी पीने से किडनी ठीक रहती है और उसके फंक्शन्स में भी सुधार आता है।

शोध में दावा किया गया है कि रोजाना 2 -3 कप कॉफी पीने से किडनी खराब होने का खतरा 23 प्रतिशत कम हो जाता है। शोधकर्ताओं का विषय एक्यूट किडनी डिजीज था। यह एक प्रकार की बीमारी होती है, जिसमे अचानक ही किडनी के सभी फंक्शंस ख़राब हो जाते हैं। सीनियर डॉक्टर सुनील प्रकाश बताते है कि कॉफी में कुछ बायोएक्टिव कम्पाउंडस पाए जाते हैं, जो किडनी में ऑक्सीजन की यूटिलाइजेशन को सही करते हैं।  

डॉक्टर प्रकाश की स्टडी में ब्लड टेस्ट के माध्यम से किडनी के कारगर होने की जानकारी देने वाला जीएफर भी दर्शाया गया है, जो गिरता हुआ नज़र आ रहा है। किडनी में छोटे-छोटे फिल्टर्स होते हैं जिन्हे ग्लोमेरुली कहा जाता है, ये हमारे ब्लड से वेस्ट को साफ़ करते है। 

हालांकि किडनी की सुरक्षा के लिहाज से काफी बेहतर पेय पदार्थ है, लेकिन भारत में अब भी ज्यादातर लोगों की पसंद चाय ही है। दूसरी तरफ काफी के केवल फायदे ही नहीं हैं। इसके कुछ नुकसान भी हैं। जैसे ज्यादा कॉफी पीने से ब्लड प्रेशर बढ़ने का खतरा रहता है। इसमें पाए जाने वाली कैफीन से हार्ट अटैक और स्ट्रोक की दिक्कत भी हो जाती है। 

संयुक्त राज्य अमेरिका में सबसे व्यापक रूप से खपत पेय पदार्थों में से कॉफी एक है। वहां अनुमानित 400 मिलियन कप कॉफी दैनिक रूप से सेवन किया जाता है। रिसर्च में पता चला है कि कॉफी खपत के लिए जिम्मेदार विभिन्न प्रकार के स्वास्थ्य लाभ क्या हैं। नियमित रूप से प्रयोग की जाने वाली कॉफी में कई संभावित किडनी-संशोधित यौगिक होते हैं, जिनमें कैफीन, एक मिथाइलक्सैन्थिन अल्कलॉइड जो एडेनोसाइन रिसेप्टर के प्रतिपक्षी के रूप में कार्य करता है।

पढें हेल्थ (Healthhindi News) खबरें, ताजा हिंदी समाचार (Latest Hindi News)के लिए डाउनलोड करें Hindi News App.

X