डायबिटीज के मरीज इन चीजों से बना लें दूरी, ब्लड शुगर लेवल रहेगा कंट्रोल

बता दें, खून में शुगर की मात्रा तब बढ़ती है, जब पर्याप्त मात्रा में इंसुलिन नहीं बन पाता। हालांकि, मधुमेह के रोगी अपने खानपान और जीवन-शैली में बदलाव कर, शरीर में शुगर की मात्रा को कंट्रोल कर सकते हैं।

Diabetes, High Blood Sugar, Diabetes Food, Diabetes fooods to avoidडायबिटीज रोगियों को सफेद ब्रेड, सफेद चावल, पास्ता, बेकरी आइटम और मैदा से बने अन्य नाश्ते से दूरी बनानी चाहिए

डायबिटीज यानी मधुमेह के मरीजों को अपना ब्लड शुगर लेवल नियंत्रित रखना काफी आवश्यक होता है। क्योंकि, शरीर में शुगर की मात्रा बढ़ने से कई तरह की गंभीर समस्याएं हो सकती हैं। यह हार्ट अटैक, किड़नी से जुड़ी बीमारियां, सिर दर्द, वजन घटना, आंखों की रोशनी धुंधली होना, मल्टीपल ऑर्गन फेलियर, बार-बार पेशाब आना और अधिक प्यास लगने जैसी गंभीर समस्याओं का कारण भी बन सकता है।

बता दें, खून में शुगर की मात्रा तब बढ़ती है, जब पर्याप्त मात्रा में इंसुलिन नहीं बन पाता। हालांकि, मधुमेह के रोगी अपने खानपान और जीवन-शैली में बदलाव कर, शरीर में शुगर की मात्रा को कंट्रोल कर सकते हैं। ऐसे में आज हम आपको उन चीजों के बारे में बताएंगे, जिनसे मधुमेह के रोगियों को खाने से बचना चाहिए। अगर आप इन चीजों को खाने से परहेज करेंगे, तो आपका शुगर लेवल कंट्रोल में रहेगा।

-मैदा: मैदा से बनी चीजों में ग्लाइसेमिक इंडेक्ट बहुत अधिक मात्रा में होता है, जिससे शरीर में शुगर लेवल बढ़ सकता है। ऐसे में मधुमेह के रोगियों को मैदा से बनी चीजें खाने से परहेज करना चाहिए। मैदा से बनी इन चीजों में सफेद ब्रेड, पास्ता और फास्ट फूड्स आदि शामिल हैं।

-ज्यादा तला-भुना खाने से बचें: डीप फ्राइड चीजों में कार्बोहाइड्रेट की मात्रा काफी अधिक होती है। ऐसे में मधुमेह के मरीजों को ज्यादा तली-भुनी चीजों को खाने से बचना चाहिए। इनमें फ्राइड चिप्स और पकौड़े जैसी चीजें शामिल हैं।

-फ्लेवर्ड दही: मधुमेह के रोगियों के लिए यूं तो दही खाना काफी अच्छा होता है, लेकिन फ्लेवर्ड दही आपकी सेहत के लिए नुकसानदेह साबित हो सकता है। क्योंकि, फ्लेवर्ड दही में चीनी की मात्रा काफी अधिक होती है और उसमें आर्टिफिशयल चीजें मौजूद होती हैं, जो शरीर में शुगर की मात्रा को बढ़ा सकती हैं।

-फुल फैट दूध: मधुमेह के रोगियों को फुल फैट दूध का सेवन करने से बचना चाहिए। क्योंकि, इसमें सैच्युरेटेड फैट की अधिक मात्रा होती है। जिसके कारण इंसुलिन की रसिस्टेंस क्षमता अधिक खराब हो सकती है।

बता दें, फास्टिंग के दौरान (व्यक्ति ने पिछले 8 घंटों से कुछ ना खाया हो), एक स्वस्थ व्यक्ति का नॉर्मल ब्लड शुगर लेवल 70 से 99 mg/dl के बीच होता है। वहीं, खाना खाने के बाद इसकी मात्रा बढ़कर 140 mg/dl हो जाती है।

 

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