scorecardresearch

Diabetes Control: ब्लड शुगर लेवल को कंट्रोल कर सकता है चिरायता, जानिए कब और कितना करें सेवन

WHO के मुताबिक चिरायता में एंटी डायबिटिक गुण मौजूद है जिसका सेवन शुगर के मरीज कर सकते हैं।

Diabetes Control: ब्लड शुगर लेवल को कंट्रोल कर सकता है चिरायता, जानिए कब और कितना करें सेवन
चिरायता का सेवन करने से इंसुलिन का नेचुरल तरीके से उत्पादन होता है। PHOTO-FREEPIK

डायबिटीज एक क्रॉनिक बीमारी है जिसे जड़ से खतम नहीं किया जा सकता सिर्फ इसे कंट्रोल किया जा सकता है। डायबिटीज को कंट्रोल करने के लिए दवाईयों का सेवन करना, लाइफस्टाइल में बदलाव करना, खान-पान पर कंट्रोल करना, तनाव से दूर रहना और बॉडी को एक्टिव रखना जरूरी है। डायबिटीज को अगर कंट्रोल नहीं किया जाए तो इस बीमारी के जोखिम बढ़ने का खतरा अधिक रहता है। लगातार डायबिटीज बढ़ने से किडनी, लंग्स, दिल और आंखों को नुकसान पहुंच सकता है।

डायबिटीज को कंट्रोल करने के लिए कुछ आयुर्वेदिक जड़ी-बुटियां बेहद असरदार साबित होती है। आयुर्वेदिक जड़ी बूटियों का महत्व समझते हुए वर्ल्ड हेल्थ आर्गेनाईजेशन (WHO) ने दुनिया भर में 21000 पौधों को औषधीय के रूप में इस्तेमाल करने के लिए उपयुक्त माना है। इन्हीं औषधियों में से एक है चिरायता जो ब्लड शुगर को कंट्रोल करने में बेहद असरदार साबित होती है। भारत में पाई जाने वाली इस जड़ी बूटी को एंटी- डायबिटिक कहा जाता है।

अगर शुगर के मरीज इस जड़ी बूटी का सेवन करें तो आसानी से ब्लड में शुगर का स्तर कंट्रोल कर सकते हैं। इस आयुर्वेदिक पौधे की पत्तियों से लेकर छाल, जड़ और तना का सेवन भी शुगर को कंट्रोल करने के लिए किया जा सकता है। आइए जानते हैं कि इस पौधें में कौन-कौन से गुण मौजूद है और ये कैसे शुगर को कंट्रोल करता है।

चिरायता कैसे ब्लड शुगर को कंट्रोल करता है:

चिरायता में बायो एक्टिव कंपाउंड अमरोंगेटन मौजूद होता हैं जो डायबिटीज के मरीजों पर एंटी- डायबिटिक असर करता है। चिरायता हाइपोग्लाइसेमिक गुणों वाला होता है। डायबिटीज के मरीज अगर इसका सेवन करें तो नेचुरल तरीके से इंसुलिन का उत्पादन होता है। इसका सेवन करने से इंसुलिन का उत्पादन करने वाले सेल्स की सक्रियता बढ़ती है। इससे मेटाबॉलिज्म बूस्ट होता है। यह ब्लड शुगर लेवल घटाने में बेहद असरदार जड़ी बूटी है।

चिरायता कैसे सेहत के लिए उपयोगी है:

एंटी ऑक्सीडेंट, अल्कलोइडस और ग्लायकोसाइड्स से भरपूर इस जड़ी बूटी में कई ऐसे कंपाउंड मौजूद हैं जो इंसुलिन को बढ़ाते है और ब्लड शुगर को कंट्रोल करते हैं। इसके एंटी-इंफ्लामेटरी गुण पैंक्रियाज के सेल्स को डैमेज नहीं होने देते। इसका सेवन करने से पैंक्रियाज इंसुलिन का उत्पादन तेजी से करता है।

कैसे करें इस जड़ी-बूटी का सेवन:

डायबिटीज के मरीज इस जड़ी बूटी का सेवन सुबह खाली पेट कर सकते हैं। आप इसका इस्तेमाल उसका काढ़ा बनाकर भी कर सकते हैं।

पढें हेल्थ (Healthhindi News) खबरें, ताजा हिंदी समाचार (Latest Hindi News)के लिए डाउनलोड करें Hindi News App.

First published on: 30-09-2022 at 09:58:41 am
अपडेट