ताज़ा खबर
 

इम्युनिटी बूस्ट करने के अलावा डायबिटीज कंट्रोल करने में भी मददगार है गिलोय का जूस, जानें कितनी मात्रा ठीक

Giloy health benefits: गिलोय एक हाइपो ग्लाइसेमिक एजेंट है जो ब्लड शुगर कंट्रोल करने में सहायक है

diabetes, giloy juice in diabetes, high blood sugar, immunityशरीर में मौजूद एक्स्ट्रा ग्लूकोज को बर्न करने में भी गिलोय मदद करता है

Diabetes Control: डायबिटीज एक खतरनाक बीमारी है जो शरीर में ब्लड शुगर बढ़ने के कारण होती है। खराब खानपान, अस्वस्थ जीवन शैली और तनाव इस बीमारी के प्रमुख कारण हैं। WHO की एक रिपोर्ट के अनुसार साल 2030 तक दुनिया में ये बीमारी 7वीं सबसे घातक बीमारी बन जाएगी। रक्त में ग्लूकोज की मात्रा बढ़ने से शरीर पर बेहद नकारात्मक प्रभाव पड़ता है। यही नहीं, डायबिटीज से पीड़ित लोगों की इम्युनिटी कमजोर होती है जिस वजह से उन्हें अपने सेहत की ओर विशेष ध्यान देना चाहिए।

गिलोय एक आयुर्वेदिक औषधि है जिसे अमृत का दर्जा दिया जाता है। इसे गुडुची भी कहा गया है। इसके औषधीय गुणों के कारण ही आयुर्वेद में गुडुची को इतना महत्वपूर्ण माना गया है। कई बीमारियों को दूर करने में इसे कारगर बताया गया है। मधुमेह नियंत्रण में भी गिलोय का इस्तेमाल प्रभावी है। आइए जानते हैं ब्लड शुगर कंट्रोल करने में गिलोय की भूमिका –

वजन करता है कम: वजन बढ़ने से लोग मोटापा से घिर जाते हैं जो अपने आप में कई बीमारियों का घर है। बता दें कि डायबिटीज रोग का खतरा अधिक वजनदार लोगों में ज्यादा देखा गया है। शरीर में मौजूद एक्स्ट्रा ग्लूकोज को बर्न करने में भी गिलोय मदद करता है। ऐसे में गिलोय का सेवन लाभकारी हो सकता है।

कम होता है ग्लाइसेमिक इंडेक्स: शुगर पर काबू पाने में वो फूड्स ज्यादा असरदार होते हैं जिनका जीआई वैल्यू कम हो। गिलोय का ग्लाइसेमिक इंडेक्स भी बहुत लो होता है। इसके अलावा, गिलोय को गिलोय में प्रचुर मात्रा में पोषक तत्व पाए जाते हैं। इस आयुर्वेदिक जड़ी-बूटी को एंटी-डायबिटिक के तौर पर जाना जाता है।

बढ़ती है इम्युनिटी: गिलोय में प्रचुर मात्रा में एंटी-ऑक्सीडेंट्स पाए जाते हैं जो शरीर को फ्री रैडिकल्स से लड़ने की क्षमता प्रदान करते हैं। जो लोग इसका सेवन करते हैं, उनमें संक्रमण का खतरा कम हो जाता है।

कंट्रोल में रहता है ब्लड शुगर: गिलोय एक हाइपो ग्लाइसेमिक एजेंट है जो ब्लड शुगर कंट्रोल करने में सहायक है। साथ ही, इसे खाने से शरीर में प्राकृतिक तौर पर इंसुलिन का उत्पादन होता है। इसके अलावा, गिलोय के सेवन शरीर में पाया जाने वाला तत्व अतिरिक्त ग्लूकोज को बर्न करने में मदद करता है, इससे ब्लड शुगर का स्तर कम बना रहता है।

कैसे और कितना खाएं: गिलोय के जूस को दिन भर में 2 बार करीब लगभग 10-15 मिली की मात्रा में पीयें। इसे बनाने के लिए गिलोय के कुछ पत्ते लें और 400 मिली लीटर पानी में तब तक उबालें जब तक पानी आधा न रह जाए। इस पानी को छान लें। 2-3 चुटकी लंबी काली मिर्च डालकर अच्छी तरह मिलाएं।

Next Stories
1 इम्युनिटी मजबूत करने के लिए इन 3 तरीकों से करें सेब के सिरके का इस्तेमाल, जल्द होगा लाभ
2 फैटी लिवर के मरीज लाएं अपनी लाइफस्टाइल में ये आसान बदलाव, जानें कैसी होनी चाहिए डाइट
3 Corona Fact Check: क्या कोरोना की वैक्सीन से महिलाओं की माहवारी होती है प्रभावित? जानें सच्चाई
यह पढ़ा क्या?
X