फलों और सब्जियों का सेवन करने से पहले उन्हें अच्छी तरह धोना बेहद जरूरी होता है। खेती के दौरान फसल को कीड़ों, बीमारियों और खरपतवार से बचाने के लिए कई तरह के कीटनाशक (Pesticides) और रसायनों का इस्तेमाल किया जाता है। ये केमिकल फसल को सुरक्षित रखने और उत्पादन बढ़ाने में मदद करते हैं, लेकिन इनका कुछ हिस्सा फल और सब्जियों की सतह पर रह सकता है। कई बार सिर्फ पानी से धोने पर ये रसायन पूरी तरह साफ नहीं होते, इसलिए इन्हें सही तरीके से धोना जरूरी माना जाता है। विशेषज्ञों के मुताबिक फलों और सब्जियों को बहते पानी में रगड़कर धोना, जरूरत पड़ने पर प्रोड्यूस ब्रश का इस्तेमाल करना और कुछ मामलों में बेकिंग सोडा के हल्के घोल से साफ करना उनकी सतह पर मौजूद गंदगी और कीटनाशकों के अंश को कम करने में मदद कर सकता है।
Journal of Agricultural and Food Chemistry में प्रकाशित एक प्रसिद्ध अध्ययन के मुताबिक फलों और सब्जियों को बेकिंग सोडा से धोना सादे पानी से धोने की तुलना में कहीं अधिक कारगर होता है। इस तरह फलों और सब्जियों को धोने से सिर्फ केमिकल ही नहीं बल्कि धूल-मिट्टी, बैक्टीरिया और दूसरे सूक्ष्म जीव भी काफी हद तक हट जाते हैं। यही वजह है कि हेल्थ एक्सपर्ट हमेशा सलाह देते हैं कि किसी भी फल या सब्जी को खाने या पकाने से पहले उसे अच्छी तरह धोना चाहिए ताकि संक्रमण और पेट से जुड़ी समस्याओं का खतरा कम किया जा सके।
एमी जॉनस्टन (Amy Johnston), जो यूनिवर्सिटी ऑफ मिनेसोटा में फूड सेफ्टी प्रोफेसर और एक्सटेंशन एजुकेटर हैं ने बताया कुछ रिसर्च में पाया गया है कि बेकिंग सोडा और पानी के घोल में फल भिगोने से दो खास तरह के कीटनाशकों को हटाने में मदद मिल सकती है। हालांकि फल भिगोने के कुछ जोखिम भी होते हैं। आइए एक्सपर्ट से समझते है सारी सच्चाई।
फलों को बेकिंग सोडा से धोने पर कैसा होता है असर?
एमी जॉनस्टन के अनुसार फलों और सब्जियों को बेकिंग सोडा से वॉश करने से एक जोखिम थर्मल शॉक (Thermal Shock) का होता है। यह तब होता है जब जिस पानी में फल भिगोए जा रहे हैं उसका तापमान फल के तापमान से ज्यादा गर्म या ज्यादा ठंडा हो। ऐसी स्थिति में पानी में मौजूद बैक्टीरिया फल के अंदर जा सकते हैं और फिर वही बैक्टीरिया खाने के दौरान शरीर में पहुंच सकते हैं। जॉनस्टन फलों और सब्जियों को लंबे समय तक भिगोने के बजाय फल को हल्का डुबोकर तुरंत धोने की सलाह देती हैं।
फलों को बेकिंग सोडा से धोने का सही तरीका
अगर आप बेकिंग सोडा का इस्तेमाल करना चाहते हैं तो जॉनस्टन सलाह देती हैं कि बेकिंग सोडा पानी में थोड़ी मात्रा मिलाएं। एक गैलन पानी में एक चम्मच बेकिंग सोडा मिलाएं और उसमें फल और सब्जियों को भिगोएं। बेकिंग सोडा हल्के डिटर्जेंट की तरह काम कर सकता है और फल की सतह पर मौजूद गंदगी को ढीला करने में मदद करता है। एक्सपर्ट ने बताया लेकिन ये बैक्टीरिया को खत्म नहीं करता, यानी ये कोई सैनिटाइजिंग एजेंट नहीं है। फल को बेकिंग सोडा वाले पानी में हल्का डुबोकर कुछ सेकंड तक धीरे-धीरे हिलाएं या रगड़ें और फिर ठंडे बहते पानी से अच्छी तरह धो लें। फल को लंबे समय तक भिगोने से बचें, क्योंकि इससे फल की बनावट या स्वाद भी बदल सकता है।
पानी से धोने की तुलना में बेकिंग सोडा कितना बेहतर?
बेकिंग सोडा पानी में हल्का झाग बनाता है और छोटे-छोटे बुलबुले बनते हैं, जो गंदगी को ढीला करने में मदद कर सकते हैं। हालांकि जॉनस्टन के अनुसार ज्यादातर फलों के लिए ठंडे बहते पानी से अच्छी तरह धोना ही एक प्रभावी और वैज्ञानिक रूप से सही तरीका है।
अलग-अलग फलों को धोने के टिप्स
सेब और नाशपाती
इनकी चिकनी सतह होती है, इसलिए इन्हें बेकिंग सोडा वाले पानी में हल्का डुबोकर फिर धोना ठीक रहता है। जिन रिसर्च में बेकिंग सोडा से कीटनाशक हटाने की बात कही गई है, वे मुख्य रूप से सेब पर की गई थीं।
अंगूर
अंगूर गुच्छों में उगते हैं, इसलिए उन्हें छलनी में रखकर बेकिंग सोडा वाले पानी में हल्के-हल्के हिलाएं और फिर ठंडे बहते पानी से अच्छी तरह धो लें।
केले
क्योंकि केले का छिलका नहीं खाया जाता, इसलिए छीलने से पहले उन्हें पानी से धो लेना ही पर्याप्त होता है।
खरबूजा और तरबूज
इनके छिलके पर मौजूद बैक्टीरिया काटते समय अंदर जा सकते हैं। इसलिए पूरे फल को ठंडे बहते पानी से अच्छी तरह धोना चाहिए। जरूरत हो तो ब्रश का इस्तेमाल भी किया जा सकता है। बेकिंग सोडा से धोना ठीक है, लेकिन इन्हें लंबे समय तक भिगोना नहीं चाहिए।
बेरीज जैसे स्ट्रॉबेरी, ब्लूबेरी, रास्पबेरी
इन फलों की स्किन छिद्रयुक्त होती है, इसलिए इन्हें ज्यादा देर तक भिगोने से ये पानी सोख लेते हैं और जल्दी खराब हो सकते हैं। इन्हें ठंडे बहते पानी से जल्दी धोना ही बेहतर होता है, हालांकि बेकिंग सोडा का हल्का इस्तेमाल भी किया जा सकता है।
निष्कर्ष
फलों को बेकिंग सोडा से धोने से उन पर लगी गंदगी या मलबा हटाने में मदद मिल सकती है, लेकिन यह बैक्टीरिया को खत्म करने का विकल्प नहीं है। इसलिए अगर संदेह हो तो फलों को लंबे समय तक भिगोने के बजाय ठंडे बहते पानी से हल्के रगड़कर धोना सबसे आसान और प्रभावी तरीका माना जाता है।
