वैलेंटाइन वीक चल रहा है और इस हफ्ते 7 फरवरी से लेकर 14 फरवरी तक हर तरफ कपल प्यार में डूबे हुए नजर आ रहे हैं। सिर्फ इतना ही नहीं, हिंदी फिल्म इंडस्ट्री की तो कई फिल्में भी ऐसी रही हैं, जिन्हें आइकोनिक लव स्टोरी माना जाता है। उनकी कहानियां, गाने और सितारों का अभिनय इतना शानदार रहा कि वह सालों बाद भी दर्शकों को याद है।

इस खास वीक में हम आपको हर रोज बॉलीवुड की पुरानी से लेकर नई तक ऐसी मूवीज के बारे में बता रहे हैं, जिसमें ऐसा प्यार दिखाया गया अपनों के लिए सरहदों तक को पार कर गया कुर्बानी दी और सालों तक इंतजार किया। चलिए इसी लिस्ट में अब हम आपको एक ऐसी ही कहानी के बारे में बताते हैं, जिसमें शाहरुख खान, प्रीति जिंटा समेत कई सितारे नजर आए और इस मूवी का नाम है ‘वीर ज़ारा’।

यह भी पढ़ें: विंटेज कार… गार्डन में काजू का पेड़, अंदर से कुछ ऐसा है समीरा रेड्डी का गोवा वाला बंगला

फिल्म ‘वीर ज़ारा’ साल 2004 में रिलीज हुई थी। यश चोपड़ा के निर्देशन में बनी इस मूवी को लोगों ने काफी पसंद किया था। फिल्म की कहानी पाकिस्तान की एक युवा वकील सामिया सिद्दीकी (रानी मुखर्जी) से शुरू होती है, जो एक भारतीय कैदी का केस लड़ने का फैसला करती है। यह कैदी पिछले 22 सालों से पाकिस्तान की जेल में बंद है और अपना नाम तक नहीं बताता। सब उसे ‘राजी’ नाम से जानते हैं। फिर धीरे-धीरे पता चलता है कि वह कोई और नहीं, बल्कि भारत के वायुसेना अधिकारी वीर प्रताप सिंह हैं।

इसके बाद कहानी फ्लैशबैक में जाती है। जहां, ज़ारा हयात खान (प्रीति जिंटा) पाकिस्तान के एक बड़े राजनीतिक परिवार की बेटी अपनी दादी की आखिरी इच्छा उनकी अस्थियां सतलुज नदी में बहाने भारत आती हैं। वहीं, एक दुर्घटना के दौरान भारतीय वायुसेना अधिकारी वीर उसकी जान बचाते हैं और यहां से शुरू होती है एक अनकही मोहब्बत। वीर, जारा को अपने पंजाब के गांव ले जाता है। सरसों के खेत, मिट्टी की खुशबू, सादगी भरा परिवार- ज़ारा उस दुनिया से जुड़ने लगती है। धीरे-धीरे दोनों को एहसास होता है कि वे एक-दूसरे से प्यार करने लगे हैं।

हालांकि, ज़ारा की सगाई पहले से ही पाकिस्तान के एक प्रभावशाली नेता रज़ा शिराज़ी से तय होती है। ऐसे में उसे वापस पाकिस्तान लौटना पड़ता है। कुछ समय बाद वीर भी अपने प्यार को पाने के लिए पाकिस्तान तक पहुंच जाता है, लेकिन वहां सियासत और झूठे आरोपों के चलते वीर को जासूस बताकर जेल में डाल दिया जाता है। इसके बाद ज़ारा, अपने परिवार की इज्जत और हालात के कारण सच सामने नहीं ला पाती।वीर अपनी पहचान छुपा लेता है, ताकि ज़ारा की जिंदगी बर्बाद न हो।

इसके बाद वीर पाकिस्तान की जेल में 22 साल की सजा काटता है। फिर सामिया यह केस लड़ती है और वीर की सच्चाई सबके सामने लाती है। इसमें पता चलता है कि वो कोई जासूस नहीं, बल्कि बेगुनाह है। अदालत उसे रिहा कर देती है इसके बाद वीर 22 के लंबे इंतजार के बाद अपनी ज़ारा से मिलता है। यह सिर्फ एक फिल्म नहीं, बल्कि प्यार का वो कहानी है, जिसमें इश्क़ के साथ-साथ कुर्बानी और सालों का इंताजर देखने को मिलता है।

‘वीर ज़ारा’ के गाने से लेकर इसमें सितारों के अभिनय तक ने लोगों का दिल जीत लिया था। इसमें हर चीज को इतना बखूबी दिखाया गया, जैसे मानों यह असल प्रेम कहानी हो।

यह भी पढ़ें: राजपाल यादव के चेक बाउंस केस में आज होगी सुनवाई, एक्टर को मिल सकती है बेल