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बर्थडे स्पेशल: ‘विलेन’ ही नहीं कभी ‘हीरो’ भी थे प्रेम चोपड़ा

प्रेम चोपड़ा के माता पिता चाहते थे कि वह अच्छी पढ़ाई लिखाई करें और डॉक्टर या आएएस अफसर बनेंगे।

Author नई दिल्ली | September 23, 2017 1:10 PM
अपने स्ट्रगल के दिनों में प्रेम कोलाबा के कई गेस्ट हाउस में ठहरा करते थे। हीरो बनने की चाह रखने वाले प्रेम ने सबसे पहले अपना पोर्टफोलियो बनाया और उसे लेकर दर दर भटकते थे।

हिंदी सिनेमा के दिग्गज अभिनेता प्रेम चोपड़ा का आज जन्मदिन है। प्रेम चोपड़ा ने अपने पूरे करियर में लगभग 320 फिल्मों में काम किया। प्रेम चोपड़ा ने इंडस्ट्री में काफी नाम और शौहरत कमाई। बॉलीवुड में वह जाने माने विलन के तौर पर उभरकर सामने आए। प्रेम चोपड़ा के माता पिता चाहते थे कि वह अच्छी पढ़ाई लिखाई करें और डॉक्टर या आएएस अफसर बनेंगे। लेकिन प्रेम चोपड़ा की किस्मत उन्हें सिनेमा के रास्ते पर ले आई।

भारत विभाजन के बाद प्रेम चोपड़ा के माता पिता शिमला आ बसे थे। शिमला में ही प्रेम चोपड़ा की आरंभिक पढ़ाई-लिखाई हुई। इसके बाद उन्होंने पंजाब यूनिवर्सिटी से अपने ग्रेजुएशन पूरी की। बस इसी दौरान उन्हें एक्टिंग का चस्का लग गया और उन्होंने एक कलाकरा बनने की ठान ली। पढ़ाई पूरी करते के साथ ही वह मुंबई आ गए। इस दौरान प्रेम ने एक्टर बनने के लिए खूब स्ट्रगल किया।

अपने स्ट्रगल के दिनों में प्रेम कोलाबा के कई गेस्ट हाउस में ठहरा करते थे। हीरो बनने की चाह रखने वाले प्रेम ने सबसे पहले अपना पोर्टफोलियो बनाया और उसे लेकर दर दर भटकते थे। शुरुआत में उन्होंने कई पंजाबी फिल्मों में काम किया। इसके बाद उन्हें हिंदी फिल्में भी मिलनी शुरू हो गईं। इस दौरान उन्होंने जॉब के तौर पर पेपर भी बेचा। प्रेम चोपड़ा ने टाइम्स ऑफ इंडिया के पेपर सर्कुलेशन डिपार्टमेंट में काम किया।

पंजाबी फिल्म प्रोड्यूसर जगजीत सेट्ठी ने प्रेम चोपड़ा को फिल्मों में उनकी जिंदगी का पहला ब्रएक दिया था। फिल्म का नाम था ‘चौधरी करनाल सिंह’। इस फिल्म में वह जसबीन के हीरो बने थे। वहीं उनकी डेब्यू फिल्म एक हिंदू मुस्लिम रोमांटिक लवस्टोरी थी। इस फिल्म को नेशनल अवॉर्ड से भी नवाजा गया था।इस फिल्म के लिए उन्हें 2500 रुपए फीस के तौर पर मिले थे। फिल्म वो कौन थी से उन्हें फिल्म इंडस्ट्री में एक मुकाम हासिल हुआ

ऐसा नहीं है कि प्रेम शुरू से ही फिल्मों में विलेन बने। प्रेम शुरुआत में कई फिल्मों में हीरो बने भी नजर आए। लेकिन वह फिल्में बॉक्स ऑफिस में कुछ खास कमाल न दिखा सकीं। इसके बाद महबूब ने उन्हें कहा कि वह विलेन का रोल क्यों नहीं निभाते। विलेन का रोल का सुझाव मिलने के बाद उन्होंने इस सुझाव पर अमल किया। इसके बाद उनकी किस्मत ने उनका साथ दिया और वह धीरे-धीरे बॉलीवुड के खतरनाक विलेन के रोल में पहचाने जाने लगे। इस दौरान उनकी फिल्म के कई डायलॉग मशहूर हुए। जैसे- ‘प्रेम नाम है मेरा..प्रेम चोपड़ा’,’ नंगा नहाएगा क्या निचोड़ेगा क्या’।


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